.@ugc_india में बैठे कायर दक्षिणपंथियो�� से आग्रह है कि फट्टुओ! अपनी विवशता का रोना बंद करो। तुम सबने या तो पैसे खाए हैं या तुम्हें कोई चिंता नहीं है विचारधारा की। @PMOIndia ये सब कैसे होने दे रहा है। चार दिन बीत चुके हैं, कोई नेता बोल नहीं रहा। @dpradhanbjp इस प्रतीक्षा में हैं कि बात धीरे-धीरे समाप्त हो जाएगी।
फिर ठीक है। हम ऐसी हर बात को लाइब्रेरी में सेव कर के रखेंगे। पाँच चुनाव हर वर्ष होते हैं, हम इस पर उसी समय चर्चा करेंगे। देखते हैं कि सामान्य वर्ग की हत्यारी @BJP4India आगे क्या योजना ले कर आती है।
लोकसभा में 24 मुस्लिम सांसद है ओर 208 हिंदु कहलाने वाले सांसदों ने इस मुस्लिम सांसदों के साथ वक्फ बोर्ड के समर्थन में वोट किया
अब ये 208 सांसद कहां हिंदु रह गये ? ये तो अब सर्टिफाइड हिंजड़े हुए न जो न मुसलमान रहे न हिंदू रहे।
चित्रा त्रिपाठी जी के इंटरव्यू में श्रीकांत शिंदे जी ने जिस तरह से शाइना एनसी पर की गई टिप्पणी की निंदा की और एक मजबूत पक्ष रखा, वो दिखाता है कि वे जिम्मेदार नेतृत्व के प्रतीक हैं। आदित्य ठाकरे इस मामले में काफी पीछे हैं।
फिल्मी पर्दे पर हिन्दू- मुस्लिम !
फ़िल्म चक दे इंडिया तो आप सबको याद है न !
आईये इस फ़िल्म की एक सच्चाई आपको बताते हैं।
2007 में ��क फिल्म आई थी 'चक दे इण्डिया' जिसके हीरो थे 'शाहरुख खान'।
फिल्म में उनका नाम था 'कबीर खान' और इस फिल्म में वे हॉकी कोच बने थे।
यह एक सच्ची घटना पर आधारित फिल्म थी, पूर�� फिल्म में हीरो को "मुसलमान" होने के कारण 'प्रताड़ित होते तथा देशभक्त बनते हुए' दिखाया गया था।
जिस वास्तविक पात्र पर यह फिल्म बनी है, वह हॉकी के खिलाड़ी मीर रंजन नेगी हैं जो हिन्दू हैं।
अब प्रश्न सिर्फ यह है कि इस पात्र को फिल्म में हिन्दू ही क्यों नहीं रहने दिया गया?
वर्षों से, एक सोचे समझे षड्यंत्र के अंतर्गत, नैरेटिव का खेल, इतिहास तथा फिल्मों के माध्यम से वामपंथी खेल रहे हैं।
सनातन धर्म को हिसंक बोलने के लिए ये बंदा
राहुल गाँधी को चप्पलों से मारने की बात कर रहा है...
"राहुल गांधी मुझे मिल जायें तो चप्पल चप्पल मारूँगा"
: एक भारतीय आम नागरिक