प्रेम केवल साथ रहने का नाम नहीं है वह मनों का मिलन है और जहाँ मन ही टूट जाए वहाँ प्रेम का टिक पाना कठिन हो जाता है शब्दों से हुई चोटें, तिरस्कार की पीड़ा और उपेक्षा का विष धीरे-धीरे उस प्रेम को समाप्त कर देते हैं जिसे कभी बहुत स्नेह से सींचा गया था....🥀💔
इंसान ही इंसान के दर्द की दवा है कोई ज़ख्म देता है तो कोई मरहम बन जाता है कोई रुला देता हैं तो कोई मुस्कुराने की वजह बन जाता हैं किसी के साथ से दर्द बढ़ जाता है तो किसी के साथ से सुकून मिल जाता है असल में फर्क लोगों का नहीं उनके व्यवहार और इ���ादों का होता है....💯
पीठ पीछे चलती हैं जो ख़ंजर की कहानिया वो रिश्तों की ही होती हैं टूटी हुई निशानियाँ हमने तो हर किसी को अपना समझ लिया शायद थी यही हमारी स��से बड़ी नादानियाँ...💔🥀
ख़्वाबों के सफ़र में क़िस्मत की रज़ा न�� मिली, ये सज़ा तो मिली गलतियों की वज़ह ना मिली, कैसे करें बयान दर्द-ए-दिल का अपने काम काफ़ी आए मगर दिल में जग़ह ना मिली...