श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन के समय समाजवादी पार्टी का रुख पूरे देश ने देखा था। आज वही लोग रामभक्ति का दिखावा कर रहे हैं। जिन्होंने निहत्थे कार सेवकों पर गोली चलवाई थी जनता पूछ रही है कि जब मंदिर निर्माण का संघर्ष चल रहा था तब आस्था के साथ कौन खड़ा था और कौन विरोध में?
जनता देख रही है इतिहास बदला नहीं जा सकता।
“हिंदू जिनको रामलला कहता है, वो अवैध क़ब्ज़ाधारी हैं
हिंदू हमें वोट दें या न दे, हमें फ़र्क़ नहीं पड़ता”
~ समाजवादी पार्टी के प्रधान महासचिव रामगोपाल यादव
रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू यादव के अखिलेश यादव में के संपर्क में होने से चंदा चोरी का पूरा मामला बेहद सनसनीखेज बनता जा रहा है
पुलिस जांच में मोबाइल कॉल CDR की जांच में खुलासा हुआ कि टीनू यादव अखिलेश यादव के संपर्क में थे और प्रतिदिन एक से दो बार अखिलेश यादव से बात हो रही थी
यहां तक की गिरफ्तारी के एक दिन पहले टीनू यादव ने अखिलेश यादव स��� तीन बार फोन पर बात किया था
अब टीनू यादव जो टेंपो ड्राइवर था जो राम मंदिर में विश्व हिंदू परिषद का कार्यकर्ता बनकर भरोसा जीत कर चढ़ावा गिनने के काम में लगा वह अखिलेश यादव के संपर्क में क्यों था यह बेहद सनसनीखेज और जांच का विषय है
वर्ष 2011-12 में मुरादाबाद में डीआईजी पर हमला हो जाता है...
समाजवादी पार्टी की सरकार उन उपद्रवियों के केस को वापस लेने का प्रयास कर रही थी,
हमारी सरकार आई, हम लोगों ने उन सभी उपद्रवियों को सजा भी करवा दी...
मैं और मेरे पिता श्री हरि शंकर जैन जी लंबे समय से राम मंदिर आंदोलन से जुड़े हैं। हाल की अनियमितता की खबरों से हम आहत हैं, क्योंकि यह ट्रस्ट सुप्रीम कोर्ट और केंद्र सरकार के निर्देशों पर बना था।
कहाँ है वो बिहार के DGP
जो बोले थे बिहार पुलिस तिलक नहीं लगाएगी..
क्या ये भी आदेश दिया था कि मुहरर्म पे
बिहार पुलिस तलवार बाज़ी का प्रदर्शन करेगी ?
या फिर ये भरत तिवारी की मौत पर
ख़ुशी में बिहार पुलिस की तलवार बाज़ी है ?
बेशर्म प्रशाशन.... ✍️
इतने छोटे बच्चे ने इतनी बड़ी बात बोली @samrat4bjp सम्राट चौधरी को आडवाणी जी की तरह नैतिकता के आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए
अब तो बिहार ही नही देश का बच्चा-बच्चा कह रहा है भारत भूषण तिवारी चंद्रशेखर आजाद था उसकी हत्या करा कर सम्राट चौधरी ने नैतिक पतन ���र लिया
#भरत_भूषण_अमर_रहे
यूपी की राजधानी लखनऊ के एक कोचिंग सेन्टर में आज दोपहर बाद हुई अग्निकाण्ड में अनेक लोगों की मौत तथा और भी कई लोगों के घायल हो ���ाने की घटना अति-दुखद। इस प्रकार की जानलेवा घटनायें दिल को दहलाने वाली होती हैं तथा कितने ही परिवार की उम्मीदों को बिखेर देती हैं। ऐसी दुखद घटनाओं की रोकथाम के लिये सबको मिलकर सही से काम करने की ज़रूरत है। सिर्फ आरोप-प्रत्यारोप से काम नहीं चलेगा।
लखनऊ अग्निकांड में जिन परिवारों ने अपनों को खोया, उनके घरों में आज भी मातम पसरा है। ऐसे समय श्रद्धांजलि के दौरान अखिलेश यादव और उनके साथियों की मुस्कुराती तस्वीरें लोगों को विचलित कर रही हैं।
दुःख की घड़ी में पीड़ित परिवार��ं के प्रति गंभीरता और संवेदनशीलता अपेक्षित होती है। जनता पूछ रही है—जब घरों में आंसू हों, तब यह मुस्कान किस बात की थी? क्या शोक के क्षण भी राजनीतिक औपचारिकता बनकर रह गए हैं?
अखिलेश यादव पर जोरदार बरसे राजभर-🔥
कभी गये हैं? अयोध्या राम मंदिर का दरवाजा किधर है? ऊ देखे हैं? उनके पास कौन सा सुबूत आ गया? कि राम मंदिर के चढ़ावे में चोरी हो गयी, सिर्फ झूठ बोलते रहते हैं?
खाता न बही... जौन अखिलेश जी कहें वो सही-
सूर्य की माँ ने “मोदी-योगी” और मीडिया वालों को धन्यवाद कहा है-
असद के एनकाउंटर से बेटे सूर्य को इन्साफ मिला, बाकी के घरों पर बुलडोजर चलने की इच्छा जाहिर किया है?
आवाज @myogiadityanath जी तक पहुँचे।
अभिषेक बनर्जी पर हुए कथित हमले के मामले में पुलिस ने सोनारपुर से पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। हैरानी की बात यह है कि गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी, आकाश गायेन, काजल दास, देबाशीष दत्ता, निर्मल्या सेनगुप्ता और तपन मैती, टीएमसी के ही कार्यकर्ता बताए जा रहे हैं।