Orkut जिस ने पहली बार दिल खोल कर दिल की बात करने का मौका दिया ......❤️
एक समय था जब इंटरनेट की दुनिया में एक अलग ही मोहब्बत बसती थी...
नाम था Orkut
2006–07 के आसपास अपने देश में लाखों लोग पहली बार इंटरनेट पर दोस्त बना रहे थे।
कॉलेज के लड़के साइबर कैफ़े में 20–30 रुपये देकर लॉग-इन करते थे, सिर्फ़ यह देखने के लिए कि किसने scrap भेजा है।
सोचिए कि स्क्रैप को भी लोग प्यार समझते थे।
किसी की प्रोफाइल पर लिखा होता था....
"Don’t forget to leave a scrap”
और किसी की प्रोफाइल पर 500+ scraps देखकर लोग सोचते थे ...वाह! कितना famous है!
कई लोगों का पहला ऑनलाइन crush भी Orkut पर ही हुआ था…
कोई DP देखकर दिल दे बैठा, कोई testimonial पढ़कर मुस्कुरा दिया।
लोग communities जॉइन करते थे।
"I love my India" "Shahrukh Khan Fans" या “Friends forever”
वहीं दोस्ती होती, बहस होती, कभी-कभी प्यार भी
लेकिन सच कहें तो आज भी जिन लोगों ने Orkut चलाया है, उनके लिए इंटरनेट की सबसे सच्ची और मासूम यादें वहीं से शुरू होती हैं।
क्योंकि वहाँ फॉलोवर्स नहीं होते थे…
बस दोस्त होते थे।
शायद यहां भी ऐसे बहुत सारे लोग हों जिनकी यादें उसी orkut से जुड़ी हों जिस ने इंटरनेट पर पहली बार दिल धड़काया था।
तो चलो कॉमेंट कर के बताओ अगर तुम्हारी भी कोई याद उसी स्क्रैप से जुड़ी है👇❤️❤️
@AshuSingh057@garvirawat Are MC तुझे क्यों मिर्ची लगी
अगर ऐसा ही होता तो 2004 में पेट्रोल की कीमत लगभग 35 थी और जब तेरे बाप नकली गांधी परिवार की पार्टी की सरकार थी तो 2013 तक पेट्रोल के दाम तब कैसे बढ़ गए 35 तक ही सीमित क्यों नहीं रहा
तू सुतिया बीएसडीके ख़ुद अनपढ़ गंवार है MC