मोमबत्ती तो है नहीं
फिर राहुल गांधी बुझा क्या रहे हैं 😄😄😄
सही जवाब देने वाले को हमारी तरफ से 101 रुपये का पेटीएम किया जाएगा 😄😄
#neetexam#nagpur#abudhabi
भारत में समोसा, वड़ा पाव या पकौड़े बेचने वालों के लिए एक बड़ा बदलाव हुआ है. अब अगर किसी दुकानदार ने खाने की चीज को अखबार के कागज में लपेटा, तो उस पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है.
-FSSAI ने देशभर में समाचार पत्रों के इस्तेमाल पर तत्काल रोक लगा दी है.
U.S. सेक्रेटरी ऑफ़ स्टेट मार्को रुबियो“ को जवाब देते हुए EAM डॉ. एस. जयशंकर“ को सुनिए..
कल अमेरिका कह रहा था कि भारत को जितना तेल चाहिए, उतना अमेरिका बेचने को तैयार है।
आज एस. जयशंकर ने इशारा साफ कर दिया, आपके लिए अमेरिका फर्स्ट है, तो हमारे लिए भारत फर्स्ट है।
भारत की जिम्मेदारी अमेरिका को खुश करना नहीं, बल्कि 1.4 अरब लोगों को सस्ती और सुरक्षित ऊर्जा देना है।
हम अपने लोगों के लिए किसी एक देश के सप्लाई पर या उसे देश की इकोसिस्टम पर निर्भर नहीं रह सकते हमें इसके लिए मल्टीपल सोर्स चाहिए और सस्ता सोर्स चाहिए और हम कहीं से भी तेल लेने के लिए स्वतंत्र है
तेल कहां से आएगा, यह फैसला दबाव से नहीं, भारत के हित से होगा।
अगर सस्ता तेल कहीं और मिलेगा, तो भारत वही देखेगा।
उन्होंने ये भी दोहराया की भारत के रूस के साथ मज़बूत रिश्ते हैं"🔥 एस जयशंकर ने आज दिल जीत लिया 🇮🇳🙌💪🏻
......पूरा देश जब बंगाल के चुनावों पर नजर रखे हुए था...देश के हर नेता से लेकर मीडिया और सोशल मीडिया तक कि नजर सिर्फ बंगाल पर थी....ऐसे समय मे देश का LoP बंगाल मे चुनाव प्रचार की बजाय वहां से हजारो किलोमीटर दूर .....अंडमान मे मौजूद था....क्या वजह थी....!!....वजह थी....
The Great Nicobar Island Project
....ये लगभग 90,000 करोड़ का मेगा प्रोजेक्ट है ....जिसमें शामिल हैं.....
* ग्रीनफिल्ड अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा....जो बड़े सैन्य विमानों को सम्भालने मे पूरी तरह सक्षम है.
* गलाथिया इंटरनेशनल कन्टेनर ट्रांसशिपमेंट टर्मिनल.
* सैन्य लॉजिस्टिक्स स्टाफ के लिए टाउनशिप
* सोलर और गैस पावर प्लांट
* वायुसेना और नौसेना के लिए इन्फ्रास्ट्रक्चर.
......अब चीन इस प्रोजेक्ट से परेशान है....क्यूंकि. ..
* Great Nicobar Island मलक्का Strait के बहस करीब है....और यहां से पूरी दुनिया के व्यापार और तेल का बड़ा हिस्सा गुज़रता है.....चीन के लिए तो ये बहुत ही ज्यादा महत्वपूर्ण है...क्यूंकि उसका सारा समुद्री व्यापार इसी रास्ते से होता है....अगर ये रास्ता ब्लॉक होता है....जैसे Strait Of Hormuz हुआ तो चीन के लिए 10 दिन भी survive करना मुश्किल हो जाएगा.
* यहां सैन्य बेस बनाने और फाइटर जेट की तैनाती से भारत को इस क्षेत्र मे चीन के ऊपर एक ऐसी रणनीतिक बढ़त मिलती है....जिसकी काट चीन के पास नहीं है.
* चीन इस पूरे प्रोजेक्ट को लेकर परेशान है....लेकिन वो कुछ कर नहीं सकता. ..क्यूंकि अंडमान और निकोबार द्वीप समूह भारत का हिस्सा है....लेकिन उसकी पूरी कोशिश है कि ये प्रोजेक्ट आगे ना बढ़े.
.......नतीजा....उसने भारत मे बैठे अपने एजेंट को इस काम पर लगा दिया है.....आने वाले समय मे अगर अंडमान और निकोबार द्वीप समूह मे किसी तरह के बवाल....हिंसक प्रदर्शन देखने को मिलें.....तो हैरान मत होइएगा.....
Manish Kesari
Nation First 🇮🇳🚩
@Firozakpathan हमे नही लगता तरबूज खाने से ये धटना हुई है
हमारे जहाज मे हर हफ्ते बिरयानी बनता है और हजारो बार बिरयानी खाने के बाद तरबूज खाया गया है
लेकिन कभी कोई घटना नही हुई
जरुर कोई दुसरी वजह है ईस मौत के पिछे
ये वही कुत्ता है जो बीमारी के कारण मंदिर का चक्कर लगा रहा था — अब गांव के लोग उसकी पूजा कर रहे हैं और दान में पैसे भी चढ़ा रहे हैं।
अब समझ आया कि नेता लोग जनता को आसानी से कैसे धर्म के नाम पर बेवकूफ बना लेते हैं?
वैसे ये चढ़ाया हुआ पैसा कौन रखेगा, कुत्ता या पुजारी?
नमस्ते मैं खुरपेंच staff,
शर्मिंदगी की बात है कि देश की मीडिया ने TRP और मुठ्ठी भर पैसे के आगे घुटने टेक दिए , उसका विवेक खत्म हो चुका है।
खुरपेंच @khurpenchh और हमारी खुरपेंची टीम MPLADS पोर्टल में हुए भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार अभियान चला रहे हैं।
लेकिन देश की मीडिया सिर्फ TRP बढ़ाने वाली खबरों पर ध्यान देती है , भ्रष्टाचार और जनता के मुद्दों से उसका कोई वास्ता नहीं है ।
हमारी खुरपेंची टीम ने भ्रष्ट व्यवस्था और रिश्वतखोरों
नेताओ, अधिकारयों के खिलाफ अभियान चलाया हुआ है।
देशवासियों से अपील है , हमारा खुलकर साथ दें ।
🙏🇮🇳
क्योंकि जिस संस्था की जिम्मेदारी है कि देश में बिकने वाले खाद्य पदार्थों पर नजर बनाए ,
वो @fssaiindia कुंभकरण की नींद सो रहा है ,देश में कैंसर कारक , डायबिटीज और हार्ट अटैक को बढ़ावा देने वाली मिलावटी चीजें धड़ल्ले से बिक रहीं हैं।
नेस्ले मैगी-
1-FSSAI ने 5 जून 2015 को Maggi noodles के manufacture और sale पर रोक लगा दी, यह कहते हुए कि कुछ टेस्ट में उसके नमूनों में सीसा (lead) मानक से ज्यादा मिला।
2- नेस्ले ने इस फैसले के खिलाफ बॉम्बे हाई कोर्ट में चैलेंज दायर किया।
बस फिर क्या था, कोर्ट के माननीय की दया और fssai की मिलीभगत पर फैसला नेस्ले की तरफ गया।
3-13 अगस्त 2015 को हाईकोर्ट ने बैन को हटाकर उसे खारिज कर दिया।
अब खुरपेची सवाल-
1-जो मैगी CFTRI जैसी FSSAI- अप्रूव्ड लैब्स में पहले फेल हो गई थी,
वो बाद में कैसे पास हुई?
2-मैगी में टोटल फैट 15% के करीब होता है, और टोटल फैट का 80% तो पॉम ऑयल होता है,
ये ऑयल खाने के सबसे खराब आइल्स में गिना जाता है, जिससे कि हार्ट अटैक की समस्या का सबसे ज्यादा खतरा होता है।
आखिर fssai इस रोक क्यों नहीं लगाती है?
3-FSSAI के मानक के अनुसार नूडल्स में
सीसा की मात्रा ≤ 2.5 mg/kg (ppm) होनी चाहिए।
लेकिन,
उत्तर प्रदेश के FDA ने लगभग 17.2 (ppm) सीसा पाया, जो कि FSSAI के नियम 2.5 ppm से लगभग 7 गुना ज़्यादा था।
उसके बावजूद इन लोगों को मार्केट में मैगी बेचने के लिए क्यों एलाऊ किया गया?
कल्पना कीजिए कि आपके घर में किसी को अचानक रात में पेट दर्द हो जाये। आप इमरजेंसी में ज़िला सदर अस्पताल में ले कर मरीज़ को जाते हैं जहाँ पे डॉक्टर उसे तुरंत किसी बड़े मेडिकल कॉलेज में रेफेर कर देते हैं।
एंबुलेंस से तुरंत आप वहाँ से निकलते हैं। चूँकि आपको पता है कि मेडिकल कॉलेज में पता नहीं कितनी भीड़ होगी इसलिए आप एंबुलेंस से किसी निजी अस्पताल में उतरते हैं।
और अस्पताल में मरीज़ जैसे ही बेड पर लेटा, अभी कुछ इलाज शुरू भी नहीं हुआ है, डॉ ने देखा भी नहीं और आपका बिल हो गया 20,000 रुपए।
मार्केटिंग के नाम पर कमीशन के खेल ने तथा सरकारी अस्पताल के कर्मियों / डॉक्टरों , एंबुलेंस और निजी अस्पताल के गठजोड़ ने यही स्तिथि बना कर रखी है।
और ये प्राइवेट एम्बुलेंस ही नहीं बल्कि 108 एम्बुलेंस की हालत है ।
और इतनी भयावह स्थिति के बावजूद कोई इसके विरोध में कुछ लिखना तो छोड़िए, बात नहीं करना चाहता।
@JharkhandCMO@IrfanAnsariMLA