राहुल गांधी के गुंडे की गुंडागर्दी देखिए 👇
JNU में यौन उत्पीड़न को लेकर राहुल गांधी के सांसद दोस्त पर 11 छत्राओं ने गम्भीर आरोप लगाए हैं और आज उस घटिया MP के खिलाफ कांग्रेस मुख्यालय पर प्रदर्शन कर रही महिलाओं को राहुल गांधी के द्वारा भेजे गए गुंडे ने मारा और उन्हे भद्दी-भद्दी गालियां दीं
राहुल गांधी जी क्या यही है आपका महिलाओं के प्रति सम्मान?
आज भारतीय जनता पार्टी की महिला सांसदों ने इनर मणिपुर के सांसद बिमोल कि बर्खास्त की मांग की जेएनयू की जांच कमेटी ने 11 स्टूडेंट की शिकायत पर उन्हें दोषी पाया और प्रशासन ने उन्हें नौकरी से बर्खास्त कर दिया लेकिन कांग्रेस नेतृत्व ने एक लाइन इस बारे में नहीं बोली उनके खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की कांग्रेस सिर्फ संवैधानिक संस्थाओं को टारगेट करके देश के विकास पर जनहित के कार्यक्रमों पर रोक लगाना चाहती है और सिर्फ सत्ता प्राप्ति ही उसका उद्देश्य है "लड़की हूं लड़ सकती हूं "का नारा देने का काम करती है उनके लिए महिला सम्मान सिर्फ नारों में है सिर्फ वक्तव्य में है वास्तव में महिलाओं के सम्मान के लिए ना उनकी नीति है ना नीयत है भाजपा महिलाओं के सम्मान के लिए सड़कों पर है और मांग करती है कि बिमोल को कांग्रेस बर्खास्त करें...
@BJP4Rajasthan@blsanthosh@BJP4India
जवाहर लाल नेहरु विश्वविद्यालय के निर्णय के बाद अब जवाहर के’ ख़ानदानी लाल’ राहुल गांधी को और लाल सलाम के झंडाबरदारों के चेहरे यदि शर्म से लाल न हुए हों तो देश की जनता ज़रूर यह सवाल पूछेगी कि कांग्रेस सांसद पर Smash Termination होगा या Smash Patriarchy कहने वालों द्वारा सिर्फ़ Cover fire protection होगा ।
- तमिलनाडु में 59 साल से
- बंगाल में 49 साल से
- सिक्किम में 42 साल से
- उत्तर प्रदेश में 37 साल से
- बिहार में 36 साल से
- गुजरात में 30 साल से
- ओडिशा में 26 साल से
- नागालैंड में 23 साल से
- महाराष्ट्र में 12 साल से
कांग्रेस का CM नहीं बना है।
कांग्रेसी बताए, क्या इन राज्यों में दशकों तक सत्ता से बाहर रहने की वजह भी 'वोट चोरी' ही है?
-माननीय केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री @AmitShah जी
हर हार को 'वोट चोरी' बताने वाले राहुल गांधी को माननीय गृहमंत्री श्री @AmitShah जी ने आंकड़ों के साथ आईना दिखाया।
• तमिलनाडु में 1967 से कोई सीएम नहीं बना।
• पश्चिम बंगाल में 49 साल से सीएम नहीं बना।
• सिक्किम में 42 साल से सीएम नहीं बना।
• उत्तर प्रदेश में 37 साल से सीएम नहीं बना।
• बिहार में 36 साल से सीएम नहीं बना।
• गुजरात में 30 साल से सीएम नहीं बना।
• ओडिशा में 26 साल से सीएम नहीं बना।
• नागालैंड में 23 साल से सीएम नहीं बना।
• महाराष्ट्र में 12 साल से सीएम नहीं बना।
Why this conspicuous silence by so called firebrand revolutionary student leaders of very famous university situated in Delhi over the sacking of a professor allegedly involved in sexual assault and harassment..? The same very student leader in her effort to bring down the central government touring different parts of the country n addressing gatherings.. Is her silence because the person is sitting Member of Parliament from the Congress Party?
राष्ट्रीय महामंत्री@HarishD_bjp जी की माताजी का निधन अत्यंत पीड़ादायी है,ईश्वत दिवगंत आत्मा को अपने श्री चरणों में स्थान दें व परिवाऱ को यह दुख सहने की शक्ति प्रदान करें! ॐ शांति!!!
📌 9.5 crore absent, shifted or other entries.
📌 2.7 crore deceased voters.
📌 1.01 crore multiple or duplicate entries.
These figures account for the 13 crore exclusions cited in the electoral roll revision debate. But exclusion from a draft list does not automatically mean genuine voters have been permanently removed.
𝐁𝐞𝐟𝐨𝐫𝐞 𝐚𝐥𝐥𝐞𝐠𝐢𝐧𝐠 ‘𝐯𝐨𝐭𝐞 𝐜𝐡𝐨𝐫𝐢’, 𝐂𝐨𝐧𝐠𝐫𝐞𝐬𝐬 𝐦𝐮𝐬𝐭 𝐮𝐧𝐝𝐞𝐫𝐬𝐭𝐚𝐧𝐝 𝐰𝐡𝐚𝐭 𝐭𝐡𝐞𝐬𝐞 𝐧𝐮𝐦𝐛𝐞𝐫𝐬 𝐫𝐞𝐩𝐫𝐞𝐬𝐞𝐧𝐭. 𝐓𝐡𝐞 𝐒𝐈𝐑 𝐩𝐫𝐨𝐜𝐞𝐬𝐬 𝐢𝐬 𝐟𝐮𝐥𝐟𝐢𝐥𝐥𝐢𝐧𝐠 𝐚 𝐝𝐞𝐦𝐚𝐧𝐝 𝐦𝐚𝐝𝐞 𝐛𝐲 𝐢𝐭𝐬 𝐨𝐰𝐧 𝐥𝐞𝐚𝐝𝐞𝐫𝐬! 🗳️
कांग्रेस की असफलता का रिकॉर्ड
- तमिलनाडु में 1967 से कोई सीएम नहीं बना।
- पश्चिम बंगाल में 49 साल से सीएम नहीं बना।
- सिक्किम में 42 साल से सीएम नहीं बना।
- उत्तर प्रदेश में 37 साल से सीएम नहीं बना।
- बिहार में 36 साल से सीएम नहीं बना।
- गुजरात में 30 साल से सीएम नहीं बना।
- ओडिशा में 26 साल से सीएम नहीं बना।
- नागालैंड में 23 साल से सीएम नहीं बना।
- महाराष्ट्र में 12 साल से सीएम नहीं बना।
हार का बहाना ना ढूंढ़ो... कांग्रेस को अपनी हार के लिए आत्मचिंतन करने की जरूरत है।
आज उपचुनाव हुए हैं। मैं कांग्रेस से पूछना चाहता हूं, इन उपचुनाव में जो इलेक्टोरल रोल बने थे, आपके BLA ने उसे चेक किया था या नहीं? कोई शिकायत दर्ज की थी या नहीं?
जब चुनाव हुआ तो आपके इलेक्शन एजेंट वहां थे या नहीं? इलेक्शन एजेंट ने एक-एक चीज चेक की या नहीं? जब काउंटिंग हुई, तो आपके काउंटिंग एजेंट वहां थे या नहीं? एक-एक चीज CCTV के अंदर थी या नहीं? और फिर भी आप चुनाव हारे हैं। आपको शर्म आनी चाहिए। अभी 45 दिन का समय है, आप अभी CCTV फुटेज मांगेंगे या नहीं? या बाद में कहेंगे कि 45 दिन का समय निकल गया था?
आज जो उपचुनाव परिणाम आए हैं, मतगणना से पहले, नामांकन से पहले तक मतदाता सूची में संशोधन किया जा सकता है। आपके BLA ने क्या कोई गलती पाई और अगर पाई, तो क्या किसी संशोधन के लिए एप्लीकेशन दी या नहीं दी? मतदान और मतगणना के दौरान आपके इलेक्शन एजेंट ने क्या सारी चीजों को देखा या नहीं? अगर कोई चीज आपत्तिजनक लगी, तो आपने आपत्ति जताई या नहीं?
असम के सिलचर नगर निगम में बैलेट से भी चुनाव हुए, लेकिन उसमें भी आपका बाजा बज गया। 42 में से 34 सीटें भाजपा-एनडीए को मिलीं। इसके बाद भी क्या कुछ कहने लायक बचता है?
मैं राहुल गांधी से पूछना चाहता हूं कि आप 2 साल पहले हल्ला मचाते थे कि EVM हैक है, अब हल्ला मचा रहे हैं कि SIR गलत है। आप तब सच बोल रहे थे या आज सच बोल रहे हैं? हकीकत ये है कि आप तब भी झूठ बोल रहे थे और आज भी झूठ बोल रहे हैं।
- डॉ. @SudhanshuTrived
हर हार को 'वोट चोरी' बताने वाले राहुल गांधी को केंद्रीय गृह मंत्री श्री @AmitShah जी ने आंकड़ों के साथ आईना दिखाया!
तमिलनाडु से बंगाल और गुजरात से बिहार, ओडिशा से महाराष्ट्र तक... कांग्रेस की सरकार नहीं बनी है, और इसका कारण स्वयं राहुल गांधी हैं!
देखिए, कैसे आंकड़े राहुल गांधी के एक-एक झूठ और उनके भ्रम को धराशायी कर रहे हैं। ⬇️
आज महामहिम राष्ट्रपति महोदया ने INDI गठबंधन के नेताओं को मिलने का समय दिया था। राहुल गांधी और उनके नेतृत्व में INDI गठबंधन के नेता पिछले कई दिनों से अनर्गल आरोप और निराधार प्रदर्शन कर रहे हैं।
महामहिम राष्ट्रपति महोदया के बारे में यह कहना कि उन्होंने राहुल गांधी के आरोपों को स्वीकार कर लिया है, विचित्र है और इसमें सच से अधिक सियासत की गंध आती है।
राहुल गांधी लगातार देश की संवैधानिक संस्थाओं को अपनी राजनीति का शिकार बनाने का प्रयास कर रहे हैं। आज ऐसा प्रतीत होता है कि उन्होंने सारी सीमाएँ पार कर दी हैं। जब उन्होंने देश के सर्वोच्च राजनीतिक संस्था राष्ट्रपति, राष्ट्रपति कोई व्यक्ति नहीं बल्कि देश की सर्वोच्च राजनीतिक संस्था है उनसे मुलाक़ात को भी अपनी राजनीति एक उपकरण बनाने के प्रयास किया।
वास्तव में मुलाकात के दौरान क्या बात हुई, यह तो वहाँ मौजूद व्यक्ति ही बता सकता है। लेकिन जिस समय राहुल गांधी यह बयान दे रहे थे, उनके साथ खड़े नेताओं की भाव-भंगिमाएँ और चेहरे के भाव स्पष्ट संकेत दे रहे थे कि कही जा रही बातों का संभवतः सच्चाई से कोई सरोकार नहीं था।
इससे पूर्व भी राहुल गांधी सर्वोच्च न्यायालय के वक्तव्य तो अपने हिसाब से तोड़ मरोड़ कर चौकीदार चोर है का प्रमाण बता कर माफ़ी माँग चुके हैं।
अतः सर्वोच्च न्यायालय, चुनाव आयोग और अब राष्ट्रपति जैसे पद को भी अपनी राजनीति का शिकार बना रहे हैं।
पूरा वीडियो देखें: https://t.co/XQpMMRsMax…