@BJP4India गूँज उठा बिलौटी का कोना, यह कलयुग की हुँकार थी, सिस्टम की छाती पर बरसी, वो बागी सी तलवार थी !
हक की खातिर अड़ा रहा वो, मिटा नही वो स्वाभिमानी था, जुल्म के आगे झुका नहीं जो, वो मरद भरत तिवारी था
@BJP4India गूँज उठा बिलौटी का कोना, यह कलयुग की हुँकार थी, सिस्टम की छाती पर बरसी, वो बागी सी तलवार थी !
हक की खातिर अड़ा रहा वो, मिटा नही वो स्वाभिमानी था, जुल्म के आगे झुका नहीं जो, वो मरद भरत तिवारी था
@BJP4India गूँज उठा बिलौटी का कोना, यह कलयुग की हुँकार थी, सिस्टम की छाती पर बरसी, वो बागी सी तलवार थी !
हक की खातिर अड़ा रहा वो, मिटा नही वो स्वाभिमानी था, जुल्म के आगे झुका नहीं जो, वो मरद भरत तिवारी था
@AmitShah गूँज उठा बिलौटी का कोना, यह कलयुग की हुँकार थी, सिस्टम की छाती पर बरसी, वो बागी सी तलवार थी !
हक की खातिर अड़ा रहा वो, मिटा नही वो स्वाभिमानी था, जुल्म के आगे झुका नहीं जो, वो मरद भरत तिवारी था
@AmitShah गूँज उठा बिलौटी का कोना, यह कलयुग की हुँकार थी, सिस्टम की छाती पर बरसी, वो बागी सी तलवार थी !
हक की खातिर अड़ा रहा वो, मिटा नही वो स्वाभिमानी था, जुल्म के आगे झुका नहीं जो, वो मरद भरत तिवारी था
@narendramodi गूँज उठा बिलौटी का कोना, यह कलयुग की हुँकार थी, सिस्टम की छाती पर बरसी, वो बागी सी तलवार थी !
हक की खातिर अड़ा रहा वो, मिटा नही वो स्वाभिमानी था, जुल्म के आगे झुका नहीं जो, वो मरद भरत तिवारी था
@narendramodi गूँज उठा बिलौटी का कोना, यह कलयुग की हुँकार थी, सिस्टम की छाती पर बरसी, वो बागी सी तलवार थी !
हक की खातिर अड़ा रहा वो, मिटा नही वो स्वाभिमानी था, जुल्म के आगे झुका नहीं जो, वो मरद भरत तिवारी था !
देख हौसला उस बागी का, खाकी का भी दल डो��� गया, लहू में उसके आज दोबारा,