भाजपा के भ्रष्���ाचार को दिखाने पर स्ट्रीट यूट्यूबर्स फ्रीलांस इंडिपेंडेंट जर्नलिस्ट के साथ मारपीट और अभद्रता, FIR और उत्पीड़न करवा रहे हैं भाजपा के नेतागण
भाजपा अपने इसी भ्रष्टाचार, बेईमानी, लूट के ��जागर होने से डरी हुई है
जनता से सवालों और भ्रष्टाचार के खुलासों का खौफ ऐसा है कि अब मुख्यमंत्री बिष्ट आदित्यनाथ एवं भाजपा को दंगा फसाद, हिंदू मुसलमान का ही एकमात्र सहारा है
जब कोरोना की भयंकर आंधी में लोग अपने अपनों से मुंह मोड़ रहे थे, तब यही एम्बुलेंस ड्राइवर 'कोरोना वॉरियर' बनकर जिंदगियां बचा रहे थे।
आज जब संकट टल गया, तो भाजपा सरकार ने इन 9,000 योद्धाओं को तोहफे में बेरोजगारी और धक्के खाने की जिंदगी दी है। एक ड्राइवर का यह लाचार दर्द— "अब नौकरी बची नहीं, राम मंदिर में जाकर भीख मांगेंगे"—इस तथाकथित 'विकास' के चेहरे पर एक तमाचा है।
तालियां बजवाने से लेकर रोजगार छीनने तक का यह सफर ही 'अमृतकाल' का सच है!
मैंने 'जंतर-मंतर' पर एक छात्रा के पिता का सिर फाड़ा, 7 टांके लगे हुए थे
उसके बाद भी मैं जेल नहीं गया क्योंकि 'कपिल मिश्रा' और 'चिराग पासवान' मेरे बड़े भाई हैं !
- स्वतंत्र भारद्वाज, एक आरोपी का कबूलनामा
जबसे भाजपा की सरकार बनी है तबसे देश के हर कोने जहां जहां भाजपा की राज्य सरकारों में भी अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का गला घोंटा जा रहा है और पत्रकारों का अप��ान, उत्पीड़न और पिटाई भी की जा रही है एवं जान से मार डालने की घटनाएं भी हुई हैं
भाजपा सच्ची पत्रकारिता और महिला विरोधी है
दिल्ली में महिला पत्रकार के ऊपर हुआ लाठीचार्ज शर्मनाक है
पिछले 10 साल से GDP ग्रोथ 2.5% है, मोदी सरकार 7% का ढोल पीट रही है।
असंगठित क्षेत्र के आंकड़े तुक्के से जोड़े जा रहे हैं, जिसका कोई छोर-किनारा नहीं है।
अगर GDP ग्रोथ वाकई 7% से ऊपर होती, तो मोदी सरकार को 150 लाख करोड़ का कर्ज़ नहीं लेना पड़ता।
बढ़ी हुई GDP दिखाने पर बजट बड़ा बनाना मजबूरी हो जाती है।
फिर आता है बजट घाटा, उसके बाद कर्ज़ पर कर्ज़ और ब्��ाज चुकाने के लिए नया कर्ज़।
ये जो सिंह साहब की अदा है
यही यूपी के अपराध की व्यथा है
यूपी में बिष्ट ठाकुर आदित्यनाथ ने सिंहराज स्थापित किया है
ये सिंहराज ठाकुरराज क्षत्रिय राज ही यूपी में उत्पात और आतंक का पर्याय बन गया है ��र इसके जनक मुख्यमंत्री बिष्ट ठाकुर आदित्यनाथ हैं और इसी वजह से ब्राह्मण, दलितों, पिछड़ों पर कहर बनकर टूट रहा ठाकुरवादी अत्याचार है
उप्र में फ़िल्म ‘आओ तुम्हें चाँद पे ले जाएं’ की शूटिंग शुरू हो गई है।
दरअसल ये प्रयागराज है जहाँ भाजपा राज में महाकुंभ के नाम पर 1 लाख करोड़ डकारा गया है। भाजपाई कह रहे हैं “नहीं खाएंगे” ये कहा था, डकारेंगे नहीं, ये वादा नहीं किया था।
ये तो उस सबसे ख़ास काली सड़क का हाल है जो संगम की ओर जाती है, बाक़ी इधर-उधर की सड़कें कितनी बदहाल होंगी… कहने की ज़रूरत है क्या?
जिन भाजपाइयों ने धर्म-धन के रूप में चढ़ावा-चंदा-दान चुराने से नहीं छोड़ा, वो भला स्मार्ट सिटी का बजट क्या छोड़ेंगे।
‘मेन स्ट्रीट मीडिया’ का हर सच्चा और साहसी पत्रकार सराहना का पात्र है। आप सब यूँ ही ‘सत्यकारिता’ करते रहिए, हम आपके साथ ��ैं। बड़े चैनल और अख़बार इनसे प्रेरणा लें।
सुनो भाजपा वालों
ये AI का बच्चों वाला झूठा खेल खेलना बंद करो, समाजवादियों ने तो अभी सच्चा खेल खेलना अभी शुरू भी नहीं किया है,
देखो भाई, ये सोशल मीडिया है, आप शुरुआत करेंगे तो हमारे पास आपके 10 सालों का पूरा हिसाब किताब है, आप एक बनाओगे तो हमारे क्रिएटिव कार्यकर्ता और समाजवादी समर्थक आपके सारे किए धरे पर पानी फेर देंगे
फिलहाल ये पहला जवाब ले लो, अगला जवाब झेल भी नहीं पाओगे
ये दरिंदा गोरखपुर के प्राइवेट स्कूल के प्रबंधक का बेटा है
इसने चार महीने तक दसवीं की एक नाबालिक छात्रा को फेल करने का डर दिखाकर उसका रे*प किया
जब नाबालिक छात्रा ने इसके साथ संबंध बनाने से इनकार कर दिया तब इसने धमकी दी और रिकॉर्डिंग वायरल कर दी
अभी तक पुलिस ने न गिरफ्तार किया, न इसके घर पर बुलडोजर चलाया, न इसका एनकाउंटर किया
इसने उस स्कूल की कई बच्चियों को अपना शिकार बनाया होगा, इसकी उच्च स्तरीय जाँच होनी चाहिए
मुख्यमंत्री जी दावा करते रह गये कि माफ़िया-बदमाश उप्र छोड़कर चले गये हैं; यहाँ तो उल्टा हो गया दूसरे राज्यों के गैंग-बदमाश बीसों राउंड गोलियाँ चलाकर, हत्या करते हुए उप्र में आ गये हैं।
उनकी गैंग का नाम भी उप्र के किसी ���ामी-गिरामी से मिलता जुलता है। ये रिश्ता क्या कहलाता…
गोलियाँ अपने प्रदेश के एक निर्दोष युवा को ही नहीं, कोतवाली क्षेत्र में उप्र की क़ानून-व्यवस्था को भी मारी गईं हैं। बेख़ौफ़ हत्यारों के हौसले सातवें आसमान पर हैं क्योंकि उन्हें सत्ता सजातीयों को प्रश्रय देकर बचानेवाला और झूठे एनकाउंटर करवाकर पुलिस को भ्रष्ट बनानेवाला उप्र भाजपा सरकार का भ्रष्ट शासन अपना-सा लगता है।
गुनाहों में ‘कि���ी’ की साझेदारी है
इसीलिए इतनी बेशर्म पर्दादारी है!
इसीलिए तो 4000 EVM जलायी गई थी
इस हिसाब से तो पक्का है
देश के अधिकांश राज्य में चोरी से बनी है
सारी समस्या एक समाधान EVM हटाओ देश बचाओ
SIR का फर्जीवाड़ा रंगे हाथ पकड़ा! लपेटे में BJP नेता, ज्ञानेश कुमार चुप SIR Fraud
केंचुआ बताएं SIR FORM दुकानों पर कैसे पहुंचा?
लोकप्रिय युवा गायक स्व. अंकित बालियान के दुखी पिता से बात करके हमने उन्हें ये आश्वासन दिया कि इंसाफ़ की इस लड़ाई में हम हर क़दम पर उनके साथ हैं।
रक्षाबंधन के ठीक पहले जिन बहनों ने अपना भाई खोया है और माता-पिता ने पुत्र उनका दुख अपार है। बालियान समाज भी अपने उभरते हुए सितारे को खोकर जितना व्यथित है, उसका वर्णन नहीं किया जा सकता है।
इस हत्याकांड में उप्र की भाजपा सरकार और उनके ठंडे पड़े सहयोगियों की निष्क्रियता और पक्षपातपूर्ण रवैये से पूरी तरह हताश संपूर्ण बालियान समाज के लोगों को हम विश्वास दिलाते हैं कि उनके साथ अन्याय नहीं होने देंगे। हमारे जन-प्रतिनिधि लगातार शोक-संतप्त परिजनों के संपर्क में रहकर उन्हें हर तरह की मदद करने के लिए हमेशा उपलब्ध रहेंगे।
आज नहीं तो कल इंसाफ़ होगा, जब बदलाव होगा।
🔥 BIG BREAKING NEWS 🔥
ZEE टीवी के मालिक सुभाष चंद्रा का 22 हजार करोड़ का लोन केवल 6.5 करोड़ में माफ कर दिया गया है।
13 हजार करोड़ LIC के भी डूबे हैं, यानी 99.9% लोन माफ हो गए हैं।
विजय माल्या ने भी तंज कसा है कि मेरा कुल 9 हजार करोड़ था, ���ुझे भी कुछ ऐसी ही स्कीम दे देते।
पूरे मामले में जज नीलेश शर्मा की भूमिका पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
बैंक कभी ये चार्ज तो कभी वो चार्ज लगाकर नागरिकों को लूटते रहते हैं, जबकि सुभाष चंद्रा का 22 हजार करोड़ का लोन एक झटके में खत्म हो गया है।
NCLT जैसे कानून और संस्था मोदी सरकार 2016 में किसके लिए लाई थी? अपने चहेते कॉर्पोरेट के लिए, जो देश को 20 ला�� करोड़ से ज्यादा का चूना लगा चुके हैं।
LIC से लोन कैसे मिला यह बेहद संदिग्ध मामला है। देश में लोन घोटालों का युग है, आप भी कॉर्पोरेट कंपनी खोलिए; मोदी सरकार आपको करोड़पति से अरबपति एक झटके में बनवा देगी।
भाजपा सरकार में अतिरिक्त बसों का सिर्फ ढिंढोरा पीटा गया जबकि अतिरिक्त बसों का कोई इंतजाम नहीं किया गया है और महिलाओं, बहनों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है
यहां तक कि भाजपा सरकार के मंत्री ओमप्रकाश राजभर को भी खड़े होकर यात्रा करनी पड़ी, बस में बैठने की जगह तक नहीं मिली, यह दृश्य उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बिष्ट आदित्यनाथ के बसों की प्रचुरता के दावों की पोल खोल रहा है
भागवत जी का इतना ज़ोरदार स्वागत तो कहीं नहीं हुआ होगा!
RSS को “India’s Nazis” की उपाधि से नवाज़ा गया है! Title पसंद तो आया होगा!
मुंजे हो या गोलवलकर इनके प्रेरणाश्रोत तो Nazi ही थे!
योगी जी की फ्री बस योजना का लाभ उत्तर प्रदेश की सभी महिलाएं ले रही हैं
ऐसा एक जगह का हल नहीं है सोशल मीडिया पर इस तरह की वीडियो हजारों की संख्या में घूम रही है
सीएम योगी आदित्यनाथ क्या इतने कमजोर मुख्यमंत्री हो गए हैं कि एक बस ड्राइवर भी उनके आदेश का पालन नहीं कर रह��?