@aditiyadav000 परिवार मानते तो सैकडो योजना के ऊपर 5 साल में दिया विश्व की न . 1. सेवा योजना 108 ' 102 ' 100 न . लैपटाप 18 साल से गरीब महिला को पेशन मैटो २ साल में स्टेडियम कृषिक बीमा राशि डेढ लाख से5 लाख किया आवास आदि ना देकर अबकी सरकार की तरह भजन पूजा पाठ उत्सव मनाते जाति प्रजाति वगैरा करते /
जमुई की घटना के बाद कल यादव जी लोग का गाना पोस्ट करने वाले विधायक जी आजमगढ़ में दो पंडितों की हत्या के बाद आज क्या ठाकुरों वाला गाना भी पोस्ट करेंगे क्या,
यह क्या चल रहा है बिहार में ???
बीच सड़क लड़की से अभद्रता और रेप का प्रयास होता दिखाई दे रहा है ।
लड़का लड़की जान बचाने के लिए भागते नज़र आ रहे हैं ।
गुंडों की सरकार में सड़क पर खुल कर गुंडाराज चल रहा है ।
भाजपा राज में सड़कों पर बेटियों के साथ दरिंदगी करने की छूट मिल चुकी है ?
शर्मनाक !!
आज बीजेपी के नेताओं को बाबर से उनकी क्या रिश्तेदारी है उनको ढंग से बता दिया।
मुझे लगता है कि अब बाबर बाबर नहीं बोलेंगे।
और अगर बोले भी तो हमें क्या? रिश्तेदारों को याद करना कौन सी बुरी बात है।
BHU की छात्रा से गैंगरेप करने वाले इन दरिंदों का एनकाउंटर क्यों नहीं हुआ ?
गैंगरेप करने के बाद ये दरिंदे मध्य प्रदेश में बीजेपी का चुनाव प्रचार करने गए थे🤣
क्या जाति की वजह से इनका एनकाउंटर नहीं हुआ?
मुलायम सिंह यादव जी का एक किस्सा जिसे सुनकर आपको पता चलेगा आखिर CM कैसे होते हैं।
अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र नाथ त्रिपाठी बताते है कि जब मुलायम सिंह जी मुख्यमंत्री थे तब उन्होंने उन्हें कॉल किया और कहा -
बिटियां को "कन्या विद्या धन" का पैसा नहीं मिला तो मुझसे स्कूल का नाम पूछे बिटिया का नाम पूछे और फोन रख दिए।
अचानक से फोन काटा तो मुझे लगा नेता जी तो मुझे बहुत मानते थे अचानक से बिना कुछ बोले फोन दिया मुझे बड़ा बुरा लगा रात भर बेइज्जती महसूस हुई न���ंद नहीं आई।
सुबह उठा तो साढ़े 8 बजे जिसका स्कूल था बड़हलगंज गोरखपुर में वो स्कूल मालिक और सपा का जिलाध्यक्ष घर आए और मेरे पांव छुए और एक लिफाफा दिया। मैने पूछा क्या है इसमें तो बोले बाबा कोई चीज है मुख्यमंत्री जी का आदेश आया था।
खोलकर देखा तो बिटिया का "कन्या विद्या धन" का चेक था।
ऐसा मुख्यमंत्री किसी को कभी नहीं मिलेगा।
फर्जी PR चलाकर झूठ फैलाकर किसी को कुछ समय के लिए बदनाम तो किया जा सकता ��ै लेकिन झूठ की उम्र लंबी नहीं होती धीरे धीरे सच जरूर बाहर आता है।
क्या आप कल्पना कर सकते हैं कि कोई मुख्यमंत्री एक बच्ची के लिए मिलने वाली किसी एक योजना का पैसा दिलाने के लिए इतना काम खुद आदेश दे कर करा सकता है।
जो लोग मुलायम सिंह जी को जानते है उन्हें पता है ऐसे हजारों किस्से हैं उनके जिनकी वजह से उन्हें धरतीपुत्र कहा जाता है।
@yadavakhilesh
ये एक बेहद गंभीर समाचार है कि पिछले 10 महीनों में 2 चुनाव आयुक्तों ने निर्वाचन आयोग के गलत निर्णयों पर 14 बार अपनी आपत्ति दर्ज़ कराई है।
इसका सीधा मतलब ये है कि सभी चुनाव आयुक्त अपना सही काम नहीं कर पा रहे हैं। एक स्वतंत्र निकाय के सदस्यों को अगर न्यायपूर्ण कार्य करने की स्वतंत्रता नहीं है या उनकी कोई सुनव��ई नहीं है तो ये लोकतंत्र के लिए बेहद घातक और ख़तरनाक हालात हैं। कुछ लोगों द्वारा सत्ता की कठपुतली बनकर लोकतंत्र को धोखा देना घोर सांविधानिक अपराध है। ये लोकतंत्र को मिटाने के किसी षड्यंत्र से कम नहीं है।
माननीय सर्वोच्च न्यायालय स्वत: संज्ञान ले!