ये अखिलेश यादव जी का वादा है, अखिलेश जी जनता से वही वादा करते हैं, जो वो पूरा कर सकें!
2012 के घोषणा पत्र में अखिलेश जी ने जो भी वादे किये थे, वो सब पूरे किये थे... इसलिए अखिलेश यादव जी पर विश्वास न करने का कोई कारण भी नहीं है!
सियासत की भीड़ में रिश्तों का एक बेहद खूबसूरत पल…
सामने कैमरे, माइक और राजनीति की गंभीरता है, लेकिन इस तस्वीर में अखिलेश यादव और डिंपल यादव के बीच नजर आता है वर्षों के साथ से ��पजा वह अपनापन, जिसे किसी मंच या भाषण की जरूरत नहीं।
कभी आंखों की बात, कभी हल्की मुस्कान और कभी बिना कहे एक-दूसरे को समझ लेना....यही तो साथ निभाने की खूबसूरती है। राजनीति में होने के साथ-साथ दोनों एक-दूसरे के साथी और हमसफर भी हैं।
सियासत चाहे जितनी बड़ी हो जाए, रिश्तों की यह सहज गर्माहट हमेशा सबसे खूबसूरत रहती है।
#AkhileshYadav #dimpleyadav #samajwadipartyofficial
वाह भाजपा !
महिलाओं के हाथ में ₹40,000 पहुँचाने की बात हुई तो भाजपा के नेताओं के हाथ-पाँव फूल गए|
उपमुख्यमंत्री जी ,महिलाएँ आत्मनिर्भर होंगी तो आपको इतनी तकलीफ क्यों?
महिलाओं को सुरक्षा, सम्मान और आर्थिक मजबूती देने की समाजवादी सोच से घबराने के बजाय भाजपा सरकार अपने वर्षों का महिला सुरक्षा और रोजगार का हिसाब दे।
अब महिलाएँ सवाल भी पूछेंगी और जवाब भी लेंगी आप से |
महिलाओं के लिए प्रेस कॉन्फ्रेंस में विवादित बयान निकलवाने के लिए एक पत्रकार महोदय वंदे मातरम् पर स्टैंड पूछ रहे थे।
अखिलेश यादव: हमें तो गाना आता है, तुम्हें ��हीं आता है, गाओ?
पत्रकार: सर, नहीं आता है।
अखिलेश यादव: ‘सुजलाम सुफ़लाम, मलयज शीतलाम’, इसके बाद बताओ?
पत्रकार: सर, मुझे नहीं आता है।
अखिलेश यादव: हद्द हो गई, इसी लायक हो तुम!
😂🔥
2027 में सपा सरकार बनने पर हर महिला को पूरे प्रदेश में फ्री बस और मेट्रो यात्रा की सुविधा मिलेगी...
आयु प्रमाण पत्र लेकर चलने का कोई झंझट ही नहीं रहेगा!
ये जो मुख्य-मुख से निकल रहा अनर्गल-गरल है
वो दरअसल किसी ख़ास चीज़ का गहरा असर है
माननीय मुख्यमंत्री जी का सामान्य ज्ञान द���खकर लगता है कि यूपीएससी से लेकर यूपीपीसीएस तक अपनी अध्ययन सामग्री में बदलाव करेंगे और इतिहासकार बौद्धिक रूप से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले लेंगे।
होता है, होता है… हार सामने देखकर बदहवासी में ऐसा ही होता है… इनको पराये तो क्या, अपने भी हराने पर तुले हैं। अगर 7000 करोड़ के कॉस्मेटिक फ़ेशियल से समय मिलता तो कुछ अध्ययन कर पाते। लोग आज इनके ज्ञान का स्तर देखकर कह रहे हैं कि आज समझ आया कि इन्होंने ��भी ��क पत्रकार, एक प्रोफ़ेसर, कोविड में एक ज़िलाधिकारी या हाल में लखनऊ अग्निकांड के मृतक बच्चे की दुखी माँ का अपमान क्यों किया था क्योंकि “विद्या ददाति विनयम्” अर्थात विद्या मनुष्य को विनम्रता और विवेक प्रदान करती है, ये बात इनके संदर्भ में लागू नहीं होती है।
समाजवादी पार्टी सिद्धांतों की राजनीति करती है!
हमारा सिद्धांत है कि हम संविधान, आरक्षण, लोकतंत्र व सामाजिक सौहार्द की सदैव रक्षा करेंगे!
बिना इसकी परवाह किये कि कौन इससे खुश होगा और ���ौन इससे नाराज!
हम अपने सिद्धांत पर..
अडिग थे, अडिग हैं, अडिग रहेंगे
आरक्षण था, आरक्षण है, आरक्षण रहेगा
समाजवादी पार्टी के नेताओं को ख़ास सलाह है...
कल की सुबह से आप अपनी पार्टी का स्टैंड रखने निकल जाइए क्षे���्र में।
कल से अपने किये काम गिनवाईये।
आरक्षण की रक्षा मरते दम तक करेंगें ये कसम ख़ाकर कहिये। और आरक्षण कौन खा रहा है कौन बर्बाद करने वाला है सब बताइये।
मंदिर का चढ़ावा कहाँ गया इस पर बात कीजिये।
केदारेश्वर मंदिर कौन बनवाया बताइये।
सर्व समाज को जगह कौन दे रहा है पार्टी में वो बताइये।
हर एक धर्म के प्रति उदार और ज़िम्मेदार भाव कौन रखता है सब बताते जाइये।
पार्टी स्टैंड से एक भी शब्द इधर उधर फ़ालतू नहीं।
जीत जाएंगें तय है।
‘आरक्षण सुधार’ के नाम पर ‘आरक्षण समाप्ति’ का षड्यंत्र पीडीए समा��� के ख़िलाफ़ एक और गहरी साज़िश है। आरक्षण पीडीए का अधिकार है किसी की इच्छा का विषय नहीं।
भाजपा व उनके संगी-साथी समय-समय पर जिस तरह कभी ‘समीक्षा’ तो कभी ‘सुधार’ जैसे अस्पष्ट शब्दों का प्रयोग कर आरक्षण का विरोध करते हैं या कभी ‘क्रीमीलेयर’ की बात करते हैं या ‘आरक्षण त्यागने’ की सलाह देते हैं, वो सदियों से शोषित-वंचित लोगों को मिले आरक्षण के अधिकार की हक़मारी की लगातार की जा रही कोशिश के अलग-अलग मुखौटे हैं।
आरक्षण था, आरक्षण है, आरक्षण रहेगा!
मेरठ मे किसान नेतृत्व के नाम पर ‘पीडीए’ पर प्रहार किया गया है। जिस प्रकार चुन-चुनकर दलित और गुर्जर समाज को निशाना बनाया गया है, उससे पता चलता है कि भाजपा में इन समाजों के प्रति कितना अधिक विद्वेष भरा हुआ है। भाजपा ��मझ गई है कि अब न तो दलित समाज उनके साथ है और न ही गुर्जर व पीडीए के अन्य समाज, इसीलिए उन्हें डरा-धमकाकर अपनी तरफ़ लाने की कोशिश की जा रही है।
पीडीए एकजुट है और रहेगा!
मेरठ वाली घटना पर अखिलेश यादव का बेहद आक्रामक ट्वीट आया है। इस घटना ने मेरठ के राजनीतिक समीकरण बदल दिए हैं। एक किसान संगठन के नेताओ ने कहा है कि एसएसपी मेरठ ने उन्हें कॉल करके बुलाया और जूते, बेल्ट से पिटाई की। किसान नेता दिग्विजय भाटी और मोहित जाटव ने आरोप लगाया है कि उन्���ें यह सजा इसलिए दी गई क्योंकि उन्ह��ंने ललिता गौतम हत्याकांड में पीड़िता के परिवार के साथ खड़े होकर न्याय की आवाज़ उठाई थी।
@yadavakhilesh
किसान का अपमान, देश का अपमान है!
भाजपा ने किसान के मुँह पर लात मरवाकर पूरे देश के किसानों को धमकाने का जो कुकृत्य किया है वो अक्षम्य ��ै।
उप्र की भाजपा सरकार द्वारा किसान नेताओं पर थाने में थर्ड डिग्री की मार-पीट करके प्रताड़ना देना दर्शाता है कि हार के डर से वो कितनी बौखलाई है। जिन्हें भाजपा किसानों के आगे ढाल बनाकर साथ में खड़ा करना चाहती थी वो ढाल भी निम्नलिखित कारणों से, किसानों के आक्रोश की आग के कारण मोम की ढाल ही साबित हुई है।
जो भाजपा सरकार :
- कुछ लोगों के हाथ में खेती-किसानी, भंडारण, विदेशी बीज-खाद- पैदावार का व्यापार-विपणन देने के लिए विदेशियों से डील करती है।
- एमएसपी के लिए तैयार नहीं होती है।
- ख़रीद के लिए मुकर जाती है।
- खाद की अंतहीन लाइन में किसानों को लगाती है।
- भूमि अधिग्रहण व तीन काले क़ानून लाकर, किसानों का सब कुछ हड़प लेना चाहती है।
- किसान आंदोलन में 700 से भी अधिक किसानों की शहादत पर चुप रहती है।
- किसानों की आत्महत्याओं पर शोक तक प्रकट नहीं करती है।
- किसानों पर गाड़ी चढ़ाकर मारनेवाले अपने लोगों का क्लीन चिट देती है…
उस भाजपा सरकार से इससे अधिक उम्मीद क्या की जा सकती है कि वो किसानों के हित के नाम पर उनके तथाकथित हितैषियों से समझौता करके अपनी स्वार्थ सिद्धी में लगी रहकर ‘किसान नेताओं’ को थर्ड डिग्री देगी और कुछ नहीं।
देश भर के किसान देख लें कि भाजपा और उसके सहयोगी किस तरह सत्ता सुख में लीन रहकर किसानों पर अत्याचार कर रहे हैं।
इस मामले की गहरी जाँच हो और हर दोषी के ख़िलाफ़ सख़्त दंडात्मक कार्रवाई हो और बर्खास्तगी भी।
घोर निंदनीय!
किसान कहे आज का , नहीं चाहिए भाजपा!
चौधरी चरण सिंह जी के सम्मान को नेताजी ने सिर्फ शब्दों में नहीं, संस्थाओं और फैसलों में भी उतारा है - मेरठ विश्वविद्यालय को उनके नाम पर कर किसान-नेता की स्मृति को स्थायी बनाया और लखनऊ एयरपोर्ट को उ��के नाम पर करने का प्रस्ताव रखा।
अपने पहले मुख्यमंत्रित्व काल में विधान भवन के सामने चौधरी जी की आदमकद प्रतिमा की स्थापना की।
चौधरी चरण सिंह जी का सपना था-किसान समृद्ध हो, गांव मजबूत हों और देश की तरक्की का आधार खेत-खलिहान बने। नेताजी ने इस विचारधारा को केवल सम्मान नहीं दिया, बल्कि उसे अपनी राजनीति का आधार बनाया और चौधरी साहब के नाम पर संस्थाओं को पहचान दी।
आज भाजपा चौधरी साहब का नाम तो लेती है, पर उनके किसान-केंद्रित ��िचारों पर चलने से क्यों बचती है?
समाजवादी पार्टी का संकल्प है-किसान सम्मान, गांव की खुशहाली और सामाजिक न्याय के रास्ते पर आगे बढ़ना।
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने आज सहारनपुर से पूर्व केंद्रीय मंत्री रसीद मसूद के पोते सायान मसूद को अपनी पार्टी में एंट्री दे दी है। सायान मसूद ,कांग्रेस के सांसद इमरान मसूद के दामाद है ! पिछले कुछ समय से यह एंट्री लटकी हुई थी मगर आशु मलिक और इमरान मसूद के डिबेट शो के बाद ,यह नतीजा तत्काल सामने आया है। सायान मसूद की जॉइनिंग के समय बेहट विधायक उमर अली खान की भी उपस्थिति रही है ! पूर्व विधायक माविया अली भी तस्वीर में है , जो इमरान मसूद के विरुद्ध काफी मुखर रहे हैं।
इमरान मसूद के लिए यह कदम निजी तौर उन्हें आहत करेगा।
@yadavakhilesh@samajwadiparty
शिक्षा, शिक्षक व शिक्षार्थी विरोधी, स्कूलबंद करवानेवाले भाजपाई और उनके संगी-साथी यूनिवर्सिटी बनानेवालों के ख़िलाफ़ ED की छापेमारी कर रहे हैं जिससे कि उनके 1-2% बचे हुए साम्प्रदायिक संकीर्ण सोच के कुतर्की समर्थकों को संतुष्ट कर पाएं, जबकि उन भ्रष्टाचारियों पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही, जो निम्नांकित आपराधिक कांडों में संलिप्त हैं :
- राम मंदिर के चोर
- सत्ता सजातीय अपराधी
- कोडीन कांडी
- भाजपाकाल निर्मित बदहाल बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे
- भाजपाकाल निर्मित हिचकोले पूर्वांचल एक्सप्रेसवे
- भाजपाकाल निर्मित गड्ढायुक्त कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे
- भाजपाकाल निर्मित दरारी ग्रीन कॉरीडोर
- भाजपाकाल निर्मित खटपट सड़कें
- भाजपाकाल निर्मित गिरते पुल
- भाजपाकाल निर्मित ढहती टंकियाँ
- भाजपाकाल निर्मित टपकती छतें
- भाजपाकाल निर्मित स्टेशन की दीवार
- भाजपा की सत्तावाले, दूसरे राज्यों तक में पकड़े जानेवाले भ्रष्ट पुलिसकर्मी
- महाकुंभ में 1 ला�� डकार गये भाजपाई ठेकेदार
- स्मार्ट सिटी के नाम पर खरबों का खेल करनेवाले भाजपाई
- अस्वीकृत भूमि पर अवैध निर्माण करनेवाले भाजपाई जन प्रतिनिधि
- दुर्व्यवहार और दुर्वचनों पर प्रचार की पुताई करके 7000 करोड़ रुपए में हिस्सा बाँट करनेवाले अधिकारी…