कोई कन्फ्यूजन नहीं है। दोनों के प्रदर्शनों लोग नही थे। बीजेपी में फ़िक्स था। सरकार अपनी है तो पुलिस वालों ने बैरिकेड पर चढ़ाया और वाटर कैनन चलवाया। फ़ोटो शूट पूरा।कांग्रेस में तो सौ पचास आए, बहुत रिक्वेस्ट किए कि एक बार बैरिकेड पर चढ़ने का फाटों खिंचवाने दो। लेकिन वहाँ तक पहुँचने नहीं दिया। फिर पुलिस वालों के हाथ पैर जोड़ रहे थे कि 40 सेकेंड के लिए वाटर कैनन चला दो इज़्ज़त रह जाएगी।दोनों जगह नौटंकी थी।
मुख्यमंत्री भजनलाल जी राजस्थान में भी कोई जांच होगी।पिछले पांच साल से अजमेर के हीं रहनेवाले आईएएस अधिकारी आशुतोष गुप्ता राजस्थान लोकसेवा आय��ग में लगे हैं। मुख्य परीक्षा नियंत्रक हैं। इतने पेपरलीक हो गए मगर दोनों हीं सरकारों में इनका कुछ नहीं हुआ।
लगें हाथ राजस्थान के शिक्षा मंत्री ,चिकित्सा मंत्री ,जलदाय मंत्री का भी इस्तीफ़ा लेलो इन्होंने भी युवाओं और जनता को सिर्फ़ बेवकूफ ही बनाया है और अपने अपने विभाग को इतना गर्त में ले गए 10 साल लग जाएँगे पटरी पर लाने में ।।
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4th grade सहित तमाम भर्तियों के अभ्यर्थियों से अपील है कि दिनांक 27-07-2026 जयपुर के शहीद स्मारक पर शांतिपूर्ण #एक_साल_वेटिंग_नियम_लागू_करो मांग को लेकर धरना स्थल पहुंचे।
अगर अच्छी संख्या में एकजुट हुए तो इसी महीने 1 साल 𝐰𝐚𝐢𝐭𝐢𝐧𝐠 नियम लागू करने की खुशखबरी 🎉 मिल सकती हैं।
इस तानाशाही सरकार के ख़िलाफ़ अब राजस्थान के युवाओं को भी सड़कों पर आना होगा ।।
ढाई साल से अधिकारियों का स्वर्णकाल चल रहा है
तमाशा बना दिया प्रदेश का
श���क्षा मंत्री मदन दिलावर के इस्तीफे के खिलाफ भी अब मोर्चा खोलना पड़ेगा ।।
कैसे ट्रांसफर से लेकर व्यावसायिक शिक्षा में पलटी मारी और भ्रष्टाचार किया ।।
युवाओं को अब बोलना होगा
भर्ती कैलेंडर के 10 हज़ार पद खा गए झूठी वा वाई करके ।।
बजट घोषणा के 25 हज़ार पदों पर बिना वर्गीकरण किए ही वा वाई ले रहें है
उठो और जागो युवाओं अब 🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥🔥
चतुर्थ श्रेणी भर्ती के युवाओं ने आज उपमुख्यमंत्री @KumariDiya को 1 साल तक पद त्यागने पर वेटिंग वाला नियम चतुर्थ श्रेणी भर्ती समेत सभी प्रक्रियाधीन भर्तीयो में लागू करवाने हेतु ज्ञापन दिया लगातार ज्ञापन दिए जा रहे हैं। जल्�� ही शहीद स्मारक पर धरना प्रदर्शन करेंगे युवा बेरोजगार।
आलोक राज जी or सीएम साहब युवा 4th ग्रेड वेटिंग रूल्स को लेकर परेशान हैं। एक ट्वीट भी आपकी ओर से नहीं आया। इस रोते हुए युवा की आवाज़ सुनिए, संवेदनशीलता दिखाइए और न्याय की दिशा में पहल कीजिए। @alokrajRSSB@RajCMO#4thGradeWaitingRule
👉1 year waiting नियम वालों को खुशखबरी मुख्यमंत्री @BhajanlalBjp ने दिए अधिकारियों को दिशा निर्देश -समीक्षा के साथ जल्दी सभी प्रक्रियाधीन भर्ती पर नियम लागू कर सकती है सरकार !!
चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भर्ती 2024 में मिलेगा विशेष लाभ !!✅✅
@pantlp@BhajanlalBjp
सर। यू ट्यूब पर जो करता हूँ वो मेरे पत्रकारिता का छाछ है।आजतक पर मैंने नीट 2026 की जो लड़ाई लड़ी है वो बिना चैनल का संभव नहीं था।ये भी सच है कि इसमें राजस्थान के बड़े पुलिस अधिकारियों का बड़ा सहयोग था।रात आठ बजे मैं ख़बरदार में गांव,ग़रीब, बेरोज़गारों की आवाज़ उठाता हूँ और सत्ता से टकराता हूँ। ये बिना आजत��� के सहयोग के संभव नहीं है। आप आजतक पर प्राइम टाईम में मेरे किए कुछ स्टोरी मेरे एक्स हैंडल पर देख सकते है। मुझे गर्व है कि मैं ऐसे संस्थान में काम करता हूँ जहाँ काम करने की भरपूर आज़ादी है। त्रिभुवन सर मीडिया में सभी लोग दबाव में नहीं काम कर रहे हैं ज्यादातर लोग लगाव में भी काम कर रहे हैं।
पार्टी को वोट देने के बाद कुछ लोग ऐसे व्यवहार करने लगते हैं, मानो वह पार्टी उनकी निजी संपत्ति हो। फिर अगर कोई उस पार्टी, उसकी सरकार या उसके किसी फैसले पर सवाल उठा दे, तो उन्हें ऐसा लगता है जैसे उनकी किसी व्यक्तिगत चीज़ का अपमान कर दिया हो।
लोकतंत्र में वोट समर्थन का अधिकार देता है, अंधसमर्थन का नहीं!
अगर किसी सरकार ने अच्छे काम किए हैं तो उसकी सराहना होनी चाहिए, ��ेकिन अगर वही सरकार कोई गलती करती है, तो उस पर सवाल उठाना भी उतना ही ज़रूरी है। दिक्कत तो तब शुरू होती है जब सरकार की गलतियों का जवाब देने के बजाय लोग विपक्ष की पुरानी ग़लतियाँ गिनाने लगते हैं। अब तो हालात ऐसे होते जा रहे हैं कि सवाल सिर्फ़ सरकार से पूछने वाले पर नहीं उठते, बल्कि उन लोगों पर भी उठ जाते हैं जो सड़क पर अपने अधिकारों के लिए खड़े हों।
क्या वोट देने का मतलब सवाल पूछने का अधिकार छोड़ द��ना है? वोट दिया है, इसलिए हक़ भी माँगेंगे। साथ भी देंगे, और गलत हुआ तो सवाल भी करेंगे। लेकिन कुछ लोग हर विरोध करने वाले को देशद्रोही घोषित करने पर तुले रहते हैं।
सवाल ये है -
क्या सरकार ही देश है? क्या किसी एक पार्टी, एक नेता या सत्ता में बैठे कुछ लोग ही राष्ट्र हैं?
देश जनता से बनता है, संविधान से बनता है, संस्थाओं से बनता है, किसी एक सरकार से नहीं।
अपने अधिकारों के लिए आवाज़ उठाना, अन्याय के खिला�� खड़ा होन��� और सत्ता से जवाब माँगना लोकतंत्र का अधिकार है, देशद्रोह नहीं।
और इतिहास गवाह है कि सत्ता से सवाल पूछने वालों को अक्सर अपने समय में गलत कहा गया, लेकिन बाद में वही लोग बदलाव की आवाज़ बने।
✍🏻हर्ष छिकारा ✍🏻
राजस्थान सरकार निम्नलिखित छ: परीक्षा नियम बनाए :-
1.राजस्थान सिविल सेवा संयुक्त प्रतियोगिता सीधी भर्ती परीक्षा नियम (राज्य सेवाओं के पदों व अधीनस्थ सेवाओं के 4800 ग्रेड पे के पदों पर भर्ती हो सकेगी)
2.राजस्थान अधीनस्थ सेवा संयुक्त प्रति��ोगिता सीधी भर्ती परीक्षा नियम [अधीनस्थ सेवाओं के 4200,3600 व 2800 ग्रेड पे के पदों (नायब तहसीलदार,पुलिस उपनिरीक्षक,जेलर,प्लाटून कमांडर आदि) पर भर्ती हो सकेगी]
3.राजस्थान स्नातक स्तरीय संयुक्त प्रतियोगिता सीधी भर्ती परीक्षा नियम (ग्राम विकास अधिकारी,पटवारी,छात्रावास अधीक्षक आदि पदों पर भर्ती हो सकेगी)
4.राजस्थान स्नातक तकनीकी स्तरीय संयुक्त प्रतियोगिता सीधी भर्ती परीक्षा नियम [लिपिक ग्रेड-II/कनिष���ठ सहायक (राजस्थान उच्च न्यायालय कनिष्ठ न्यायिक सहायक सहित) के पदों पर भर्ती हो सकेगी]
5.राजस्थान उच्च माध्यमिक स्तरीय संयुक्त प्रतियोगिता सीधी भर्ती परीक्षा नियम (कॉन्स्टेबल,वनरक्षक,जेल-प्रहरी आदि पदों पर भर्ती हो सकेगी)
6.राजस्थान माध्यमिक स्तरीय संयुक्त प्रतियोगिता सीधी भर्ती परीक्षा नियम (चपरासी,पशु परिचर आदि पदों पर भर्ती हो सकेगी)
नोट:उक्त नियमों का निर्माण राजस्थान ��ाज्य एवं अधीनस्थ सेवाएं (संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा द्वारा सीधी भर्ती) नियम,1999 (वह नियम जिसके द्वारा RAS परीक्षा आयोजित होती है) की तर्ज पर किया जा सकेगा। उक्त नियमों के बनने से न केवल प्रारम्भिक परीक्षाएं एकीकृत होगी,बल्कि मुख्य परीक्षाएं भी एकीकृत हो जाएगी, जबकि समान पात्रता परीक्षा (CET) से केवल प्रारम्भिक परीक्षाएं ही एकीकृत हो सकी है।@alokrajRSSB
जनता जंतर मंतर जा सकती है मगर आगे के रास्ते में जो कुआँ है उसमें भाँग पड़ी है।ये उनके राज के कारनामे हैं जो पेपरलीक पर पानी पी पी कर ज्ञान दे रहे है।इनसे तंग होकर उनको लाओ और उनसे तंग होकर इनको लाओ।
त्रिभुवन सर। जब पत्रकारिता के नाम पर नीट पेपरलीक की खबर पर दलाली हो रही थी तो नीट पेपरलीक की एक एक खबर लाकर न्यूज़ चैनल ने हीं परीक्षा रद्द करवाई है। राजस्थान में अख़बारों ने कोचिंग संस्थानों के ऐड के लिए दलाली कर न्यूज़ छापना बंद कर दिए तब भी न्यूज़ चैनल सवाल पूछता रहा कि नीट पेपरलीक में पकड़े गए राजस्थान के 42 लोग और कोचिंग संस्थान वाले कहां गए।पेपरलीक के नाम पर एक दलित परिवार के ���ार लोगों को जेल में बंद कर दिया और राजस्थान के अख़बार वाले कोचिंगों के आठ आठ पेज के ऐड छाप कर करोड़ों लेकर न्यूज़ खा गए।आपलोग न्यूज़ चैनल पर ज्ञान न दें तो ठीक रहेगा।
आज बीजेपी ने दिल्ली जंतर मंतर में छात्रों पर लाठी चार्ज करके ये साबित कर दिया है की वोटो के लिए मोदी सरकार को सैकड़ों हजा��ों क्या लाखो आदमियों का खून भी बहाना पड़े तो बहा देंगे ,जनता की जान से प्यारी इन्हें कुर्सी 🪑 है !!!
��तुर्थ श्रेणी कर्मचारी भर्ती में 1 साल 𝐰𝐚𝐢𝐭𝐢𝐧𝐠 नियम लागू होना चाहिए।
इससे 20,000 पद रिक्त होने की प्रबल संभावना है।
15 से 20 हजार रैंक नीचे वाले अभ्यर्थियों को मौका मिलेगा।
सभी साथी एकजुट होकर प्रयास करें।
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#चतुर्थ_श्रेणी_भर्ती_में_वेटिंग_नियम_लागू_करो
माननीय @alokrajRSSB सर बोर्ड के पास सभी भर्तियों का पूरा डेटा उपलब्ध है। सरकार से चर्चा कर प्रक्रियाधीन भर्तियों में नया वेटिंग नियम लागू करवाने की पहल करें, ताकि अभ्यर्थियों द्वारा पद छोड���ने के बाद रिक्त पद वेटिंग सूची से भरे जा सकें और एक भी पद खाली न रहे ✅
सोचो- कोई भी भर्ती हो कितने भी पद हो पेपर जैसा भी चाहे आउट ऑफ़ सिलेबस हो चाहे कि��ने भी सवाल डिलीट हो कोई भी बड़ी विसंगति हो
लेकिन CUT ऑफ़ FIX ही जाती है अनुमानित 80%%%%%%%।
क्या कारण है
क्योकि NEET का इस बार पेपर सही हुआ तो CUt ऑफ और आस पास पास होने वाले उदाहरण आपके सामने है वरना पूरे में से पूरे अंक वाले दुनिया भर के मिलते और पैसे वालों के लड़के लड़की पास होते
RSSB का CUT OFF सिस्टम समझ से बाहर है और ये सवाल सभी के दिमाग में धीरे धीरे जगह बना रहा है
अभी तक पिछले OMR घोटाले के आरोपी भी बाहर ही घूम रहें है साहब और जी सब बाहर ही मजे कर रहे है ।।
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