एक बार फ़िर हुई मानवता शर्मसार,,,👇👇
मध्यप्रदेश ,,,🥲
रीवा के मॉडल साइंस कॉलेज के एक शिक्षक ने बीए फर्स्ट ईयर की छात्रा को व्हाट्सएप पर अश्लील और आपत्तिजनक मैसेज भेजे,,क्या अब इस तरह छात्राओं को शोषण किया जायेगा,,,?
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ये post उन सभी साथियों के लिये है, जिनकी ग्रोथ स्लो हो रही है। आइये step by step काम करिये और आगे बढ़िये।
इसे repost कर दीजिए या कमेंट या दोनों आपकी मर्ज़ी पर है। फिर कमेंट या repost में आये हुए अन्य साथियों को चेक करके फॉलो कर लीजिए तुरन्त ही।
Note- एक बार में 10 लोगों को ही जोड़िए, और आधे घण्टे बाद फिर से ऐसे ही अन्य को फॉलो करिये। बुकमार्क कर लीजिए ताकि बार बार पोस्ट न खोजना पड़े। आप इस तरह से एक दो दिन में सबको जोड़ते रहिये।
एक लगातार मत जोड़िए, fb आने दीजिये कुछ लोगों का, नहीं तो अकाउंट स्पैम में चला जायेगा आपका।
ऐसे ही तेजी से और सावधानी के साथ आप आगे बढ़ते जाएंगें।
शुक्रिया 🤗
जिनके शबनम के चुन्नी पर रंग का एक बूँद पड़ जाए तो, पुरा मोहल्ला हिन्दुओ के बच्चों को काटने दौड़ पड़ता है, जिनके पाले कुत्तों बिल्लीयों तक को भी रंग छू जाए तो हत्याएँ होने लगती है.. जिनके कानों में भजन पहुँचता है तो उनके भौहें तन जाती हो . जिनके मस्जिद के आगे से शांति पुर्वक यात्रा निकलता है तो, उनका धर्म खतरे में आ जाता है और मस्जिद से हथियार गोला बारूद निकलने लगता हो .
अब उन्हीं समुदाय के 10-12 उपद्रवी लौंडे,बेहद गलत मंशा लिए हिन्दू धर्म की सबसे बड़ी आस्था, देवी, मोक्षदायिनी, माँ गंगा के आँचल में, हिन्दू के सबसे बड़े धर्मस्थली, जहां माँ गंगा के सानिध्य में स्वयं त्रिपुरारी ध्यानमग्न हैं, जिस पवित्र माँ गंगा और नगरी वाराणसी के गाथाओं के बिना कोई पुराण, ग्रन्थ पुरा ना हुआ हो, उस नगरी में माँ भागीरथी के गोद में बैठकर इफ्तार कर रहें हैं, मांस भक्षण कर रहें हैं, बचे अवशेष माँ गंगा में फेंक रहें हैं.
ये अनजाने में हुआ कृत्य नहीं है। ये पुरी प्लानिंग के साथ किया गया है। जगह सबसे पवित्र स्थान को चुना गया, नदी सबसे पवित्र चुना गया, बाकायदा रील बनाया गया, अपलोड किया गया, ये सब यूँ हीं अचानक नहीं, बल्कि पुरे सनातन धर्म को चिढ़ाने के लिए किया गया, चुनौती देने के लिए किया गया।
यहीं इनके मस्जिदों से जब राम नवमी की शुभ यात्राएँ निकलती हैं तो इसी देश के उनके रहनुमा नेता लोग चैनल पर गला फाड़ फाड़ चिल्लाते हैं कि हिन्दुओँ को जरूरत क्या है उनके इलाके में यात्रा निकालने की,, याद कीजियेगा नूह वाली घटना को.. हम उनके मस्जिद के आगे से गुजरे भी नहीं और वो माँ गंगा में इफ्तार करें, मांस फेंके, जिस गंगा में करोड़ों हिन्दू श्रद्धालु स्नान कर पूजन कर ईश्वर उपासना करते हैं।
आखिर इनको इतनी शक्ति मिल कहां से रही है? कौन प्रश्रय दे रहा है? इसमें वास्तव में बहुत बड़ा खेल रचा जा रहा है मौजूदा उत्तरप्रदेश सरकार के खिलाफ.. माहौल बिगड़े और इल्जाम थोप किनारे किया जाए..
पापा और मम्मी दोनों जीवित नहीं है, दादा जी का पेंशन का पैसा आएगा तब नया स्कूल ड्रेस आएगा। फिर गुरुजी ने एक शर्ट पैंट दिया।
राजस्थान के हिंडौन सिटी के बमनपुरा के राजकीय महात्मा गांधी विद्यालय के इस बच्चे की कहानी आपको भावुक कर देगा ।
@premkumarcbn01 जब लोग जानबूझकर इस तरह की हरकत करते हैं तभी कंपनियां इंश्योरेंस का क्लेम भी नहीं देती
अगर किसी का वास्तव में नुकसान होता है तो भी उसे हर्जाना नहीं मिल पाता ऐसे लोगों की हरकतों की वजह से