#FridayThoughts
गीता अ० 17 श्लोक 23 का भावार्थ है कि पूर्ण परमात्मा को प्राप्त करने का ॐ,तत् सत् यह म���्त्र जाप स्मरण करने का निर्देश है।इस नाम को तत्वदर्शी संत से प्राप्त करो।वह तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज हैं।निःशुल्क पुस्तक प��राप्त करने के लिये संपर्क सूत्र : +917496801823
#Essence_of_bhagavadgita गीता अध्याय 15 के श्लोक 4 में कहा है कि उस तत्वदर्शीसंत के मिल जाने के पश्चात् उस परमेश्वर के परम पद की खोज करनी चाहिए अर्थात् उस तत्वदर्शीसंत के बताए अनुसार साधना करनी चाहिए जिससे पूर��ण मोक्षअनादि मोक्ष)प्राप्त होता है। गीता ज्ञान दाता भी उसी की शरण में
#भगवदगीता_के_गूढ़_रहस्य
भगवान शिव की सही भक्ति विधि क्या है?
पवित्र श्रीमद्भगवद्गीता के अध्याय 7 के श्लोक 12 से 15 में गीता ज्ञान दाता बता रहा है कि जो साधक तीन गुण (रजोगुण ब्रह्मा जी, सत्वगुण विष्णु जी, तमगुण शिवजी) की भक्ति करते है वे राक्षस स्वभाव को धार�� करने वाले है
#TrueStoryOfJagannath
"जगन्नाथ मंदिर रहस्य"
जगन्��ाथ मंदिर में मूर्ति पूजा नहीं होती है। मुर्तियां केवल दर्शनार्थ रखी गई है और हिंदूस्तान का जगन्नाथ मंदिर ही एक ऐसा मंदिर है जहां किसी भी प्रकार की छुआछात नहीं होती।
अधिक जानकारी हेतु पढ़ें पुस्तक ज्ञान गंगा और जीने की राह।
#��क्ति_से_भगवान_तक*
🌾अध्यात्म में मूल रूप से पूजा, पूज्य, साधक तथा साधना शब्द आते हैं जिनको जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज ने विस्तार से समझाया है और भक्ति से भगवान तक की राह बताई है।
#भक्ति_से_भगवान_तक*
🌾अध्यात���म में मूल रूप से पूजा, पूज्य, साधक तथा साधना शब्द आते हैं जिनको जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज ने विस्तार से समझाया है और भक्ति से भगवान तक की राह बताई है।
કબીર સાહેબે જ સૌથી પહેલાં બતાવ્યું કે બ્રહ્મા, વિષ્ણુ તથા શિવજ�� ત્રણ લોકના ભગવાન છે, અવિનાશી પરમાત્મા નથી. તેમનું પણ જન્મ મૃત્યુ થાય છે, જેનું પ્રમાણ શ્રીમદ્દેવી પુરાણ, ત્રીજો સ્કંધ, પાના નં. 123 પર છે. @Nishant00012.🌏�� https://t.co/KUZNDAJ3hg
#भक्ति_से_भगवान_तक
भक्तिहीन प्राणी को यम के दूत पकड़कर ले जाते हैं और नरक मे डाल देते हैं। नरक के बाद वे प्राणी चौरासी लाख योनियों में जाते हैं। अगर आपको इन सब दुखों से बचना है तो सतभक्ति करो। वर्तमान में सतभक्ति संत रामपाल जी महाराज जी ही दे रहे हैं। जिससे सभी प्रकार के रोग कष्ट
કબીર સાહેબે જ સૌથી પહેલાં બતાવ્યું કે બ્રહ્મા, વિષ્ણુ તથા શિવજી ત્રણ લોકના ભગવાન છે, અવિનાશી પર���ાત્મા નથી. તેમનું પણ જન્મ મૃત્યુ થાય છે, જેનું પ્રમાણ શ્રીમદ્દેવી પુરાણ, ત્રીજો સ્કંધ, પાના નં. 123 પર છે. @Nishant00012.🌏🌎🌹
देवता चरित्र के कारण देवता हैं या शक्ति के कारण
अगर शक्ति के कारण है तो रावण 33 करोड़ देवताओं से ज्यादा ताकतवर था
अगर चरित्र के कारण है
तो देवराज इंद्र का चरित्र देख लीजिए
यहां सब गोलमाल है l 🌱
#GodMorningThursday
इस तन सराय में जीव एक मुसाफिर की तरह कुछ समय बिताता है फिर उसे छोड़ कर जाना होता है।यह तन बहुत सुंदर बना है मगर जीव इस पर कर्म रूपी दाग लगा लेते हैं ।इस जग में कुछ पलो का डेरा है क्यों दूसरों की जल रहे हो।।
#SantRampalJiQuotes
#TrueStoryOfJagannath
"जगन्नाथ मंदिर रहस्य"
जगन्नाथ मंदिर में मूर्ति पूजा नहीं होती है। मुर्तियां केवल दर्शनार्थ रखी गई है और हिंदूस्तान का जगन्नाथ मंदिर ही एक ऐसा मंदिर है जहां किसी भी प्रकार की छुआछात नहीं होती।
अधिक जानकारी हेतु पढ़ें पुस्तक ज्ञान गंगा और जीने की राह।
#भगवदगीता_के_गूढ़_रहस्य
--तत्वदर्शी संत के बताए अनुसार साधना करनी चाहिए जिससे पूर्ण मोक्ष(अनादि मोक्ष) प्राप्त होता है। गीता ज्ञान दाता ने कहा है कि मैं भी उसी की शरण में हूँ।