Delegate DPCC, ex General Secretary Delhi PYC.समाजसेवी by choice,राजनेता by Profession, following कांग्रेस विचारधारा is my only ambition. Tweets-Personal🙏
हम सब राष्ट्रवादी है।संविधान हमे राष्ट्रवादी बनाता है।69 गणतंत्रदिवस पर आओ हम सब सपथ ले, हम सब संविदानिक राष्ट्रवादी बनेंगे। संविधान के सिद्धान्तों पर चलेंगे और 2018 में India को एक बेहतर और खुशहाल देश बनाएंगे। जय हिन्द #HappyRepublicDay @OfficeOfRG @SheilaDikshit@INCIndia 🙏
सुप्रीम कोर्ट ने करीब 30 साल पहले कहा था कि चुनाव आयोग के जितने भी ECs हैं- "They must have a say in decision making. If the CEC is considered to be superior in the sense that his word is final, he would render the ECs non-functional or ornamental."
CEC ज्ञानेश कुमार जिन लोगों को 'डमी' मानते हैं, उन्होंने 10 महीनों में 14 बार लिखित विरोध और असहमति दर्ज कराई है।
• अगस्त 2026 में EC सुखबीर सिंह संधू ने फॉर्म 6 में बदलाव को ‘अनाधिकृत और गैरकानूनी’ बताया, इस बदलाव का विरोध EC विवेक जोशी ने भी किया था
• इससे पहले, मई 2026 में दोनों ECs ने आपत्ति दर्ज कराई थी कि हमारे EROs की पहुंच चुनाव आयोग के पोर्टल तक नहीं है
• फिर अगस्त 2026 में सुखबीर सिंह संधू ने लिखा कि पश्चिम बंगाल के ट्रिब्यूनल के सामने चुनाव आयोग की ओर से अपील करने की अनुमति किसने दी?
सवाल है: ये कैसा हाईजैक है, ये कैसी तानाश��ही है- क्या बाकी ECs डमी हैं?
: @DrAMSinghvi जी, चेयरमैन (AICC Law, RTI & HR Dept.)
📍 दिल्ली
मुख्यमंत्री @DrMohanYadav51 जी,
इंदौर में ‘छात्रों की गूँज’ कार्यक्रम में OBC वर्ग के छात्रों ने बताया कि चयन प्रक्रिया पूरी होने के बावजूद 27% OBC आ���क्षण के तहत 13% पदों पर नियुक्तियां वर्षों से रुकी हुई हैं।
सभी छात्र बहुत पीड़ा में हैं - चार साल से अधिक समय से इंतज़ार कर रहे इन युवाओं का कीमती वक्त अब और ज़ाया नहीं होना चाहिए।
उनकी बात सुनिए, सभी दलों की सर्वसम्मति से पारित 27% OBC आरक्षण लागू कीजिए और सभी चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति दीजिए।
डकैतों ने अपने सबसे काबिल चोरों को बचाने का इंतजाम पहले से ही किया हुआ था, और ये कानून पास कराने के लिए उन्होंने 141 विपक्षी सांसद संसद से बाहर किये थे।
ज्ञानेश कुमार को मोदी जी ने मोहरे की तरह इस्तेमाल किया
जितना काम लेना था ले चुके हैं अब ये बीजेपी और नरेंद्र मोदी के लिए सर दर्द दी बन चुके हैं
सारा अधिकारी वर्ग ये जान गया कि BJP अपने फायदे के लिए उनका इस्तेमाल करती है और देश को नुकसान पहुंचती है इसलिए सब अब पीछे हट रहे है
लोकतंत्र में एक -एक वोट का मतलब होता है लेकिन ज्ञ��नेश कुमार ने चुनाव आयोग के भीतर अलग से अपना गैंग बनाकर देश के लाखों वोटर को मनमाने ढंग से बाहर कर दिया .
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्टर @RitikaChopra__ की रिपोर्ट आज भी छपी है . गोवा के CEO की तरफ से सात दिन में आठ बार मेल करने के बाद भी 97 वोटर का नाम नहीं जोड़ा का सका. राज्यों के चुनाव अधिकारियों की भी नहीं सुनी गई .
चुनाव आयोग को निजी कंपनी की तरह चलाने वाले CEC ज्ञानेश कुमार को अब एक दिन भी पद पर नहीं रहना चाहिए .
BREAKING: The People’s Edition of "TIHAR TIMES" is out. 🗞️
The Citizens’ Petition demanding Traitor Gyanesh Kumar's arrest is LIVE.
Scan. Sign. Put your name on the story.
https://t.co/qTh9BLLKMN
नियत खराब है, इसलिए नीतियां भी खराब हैं।
Election Commission of India भाजपा का टूलकिट बन गया है।
जब चुनाव कराने वाली संस्था की निष्पक्षता पर ही सवाल खड़े होने लगें, तो लोकतंत्र कै��े सुरक्षित रहेगा?
Shaadi ka card nahi hai, Gyanesh ki “vidai” ka invitation hai. 💀😭
From Election Commission → TIHAR.
Apna naam add karo. Certificate download karo. Share karo... DOSTON, PADOSIYON ko bhi karne bolo..
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Vote chori is a crime against the Indian people and a direct attack on our constitution.
The BJP, RSS and EC who organised it have committed an act of treason.
Justice will be served.