ग्राम रोजगार सहायक संघ, मध्यप्रदेश में काम कर रहे अल्पवेतन भोगी है, जो मात्र 5000 रुपए मासिक के मानदेय पर सरकार की सारी योजनाओ का क्रियान्वयन कर रहे हैं।
अखिलेश यादव की सरकार में 2012 से 2017 तक कोई भी यादव मुख्य सचिव नहीं था।
और मात्र 6 महीने के लिए यादव अधिकारी को डीजीपी पद मिला था
लेकिन तब मीडिया चिल्लाती थी यूपी में यादव अधिकारियों के ही जलवे हैं
पर योगी आदित्यनाथ की अब तक की 90 महीने की सरकार में 81 महीनों तक डीजीपी के पद पर सिर्फ सवर्ण और 90 महीनों से मुख्य सचिव के पद पर सवर्ण अधिकारी ही काबिज है
पर बिकी हुई मीडिया इस पर चर्चा नहीं करेगी
@yadavakhilesh@RahulGandhi
@maanarmade01@minprdd@humanrightindia@ChouhanShivraj सरकार, सुप्तावस्था में है,
कोई बात नहीं, 2023 आने दें, 2018 में दिखाया था, 2023 में और ज्यादा दिखाएंगे, तब कुंभकर्णी नींद खुलेगी।
अभी ध��यान मत दो, हम 23000 हैं बस इतना ध्यान रखना।
@maanarmade01 @Iamsisodia1 @ChouhanShivraj हमारी होली तो बेरंग ही रहती है।
लानत है ऐसी सरकार पे , जिसका एक कर्मचारी 1 लाख तो उसी विभाग का कर्मचारी 9000 पाता है। 2017 के बाद से एक रुपए कि तनख्वाह नहीं बढ़ी, सिर्फ काम बढ़ा है, और बढ़ता ही जा रहा है
@VIKASKU89351668 @CMMadhyaPradesh @Iamsisodia1 मध्प्रदेश में ग्राम रोजगार सहायक क�� बराबर ना कोई काम करता है, ना करेगा।
आज की महगांई में मात्र 9000 में कैसे जीवन यापन होगा।
माननीय सांसद एवम् विधायकों को 2 लाख का वेतन मिल रहा है वर्तमान में, लेकिन जब उनको लगेगा की कम है तो तुरंत बढ़ा लेंगे, लेकिन हमारे लिए बजट नहीं है सरकार
@DM_GRSPatondi@PMOIndia@nstomar@aajtak@JansamparkMP@GRSUnionMP @GRSChhattisgarh @AwdheshPdGarg सभी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने वाले ग्राम रोजगार सहायकों पर ध्यान दो। एक तरफ हिमाचल प्रदेश में उनका वेतन 38000 है और हमारा मध्यप्रदेश में मात्र 9000 है। आज की महगांई में 5000 का तो पेट्रोल हो जाता है महीने का।
प्रधानमंत्��ी जी, या तो महगाई कम करो या फिर हमारा वेतन बढ़ाओ
@ChouhanShivraj प्रिय मामा जी।
स्वामी विवेकानंद जी की जयंती के अवसर पर अपने संविदा कर्मचारियों का भी ध्यान दे लो,
जो एक दम निचले स्तर पे आज कि महगांई में 9 हजार रुपए के मानदेय पर काम कर रहे है।
आपकी सारी योजनाओं का बढ़ चढ़ कर क्रियान्वयन कर रहे है
@OfficeofSSC@ChouhanShivraj@narendramodi 9000 के मासिक वेतन में ग्राम पंचायत में रोजगार सहायक जीवन यापन कर रहे है, शासन की योजनाओं का क्रियान्वयन कर रहे हैं। 9000 रुपए में जीवन यापन कैसे होता है, और आप कैसे कह सकते है कि मध्य प्रदेश बीमारू राज्य नहीं है ?
@JM_Scindia लगातार-
माननीय जी का ध्यान आकर्षित करते हुए बताना चाहूंगा कि आज वही पंचायत के सचिवऔर रोजगार सहायक विकट परिस्थितियों से गुजर रहे है उनकी बातों को सुनने वाला कोई नही है अपनी मांगों को लेकर 15 दिन से आमरण अनसन में बैठा है कि कब आपके आशीर्वाद का प्रतिफल मिले और हम धन्य हो जाये।