भारत पाकिस्तान मे युद्ध होगा... लेक���न भारत मे भीषण ग्रहयुद्ध होगा... भविष्यवाणी, हर हिन्दू यह लेख अवश्य पढें...
पाकिस्तान के पास सबसे बड़ा हथियार उसका परमाणु बम नहीं बल्कि भारत मे बसे तीस करोड़ मुसलमान है... यह बात मैं नहीं कह रहा हूँ, यह बात १९८० के दशक में जनरल जिया उल हक ने कही थी...
उसने कहा था कि "जब भारत में पाकिस्तान से ज्यादा मुसलमान हैं तो हमें वहाँ लड़ने के लिए अपने सैनिक भेजने की क्या जरूरत है...
तब से पाकिस्तान ने अपनी सोच स्ट्रेटजी बदल ली है, अब उसने भारत के मुसलमानों को रेडिकलाइज करने में इन्वेस्ट करना शुरू कर दिया है हर शहर हर गली में मदरसे...
जहां कि शिक्षा उसका उदाहरण है... भारत की अपनी सरकारों ओर गद्दार नेताओ ने ���ी इस आग में खूब घी डाला है... आज अगर मोटा मोटा आकलन करें तो भी कम से कम ५० प्रतिशत मुसलमान इस्लामी कट्टर हो ही चुका है... संख्या में ये कितने हुए... तीस करोड़ का ५० परसेन्ट यानी १५ करोड़... जबकि भारत के पास लगभग १५ लाख फौज है मतलब पूरे भारत की फौजों से सौ गुना ज्यादा...
अब अगर पाकिस्तान इन्हें भारत में दंगे फसाद फैलाने का सिग्नल दे दे, जबकि हर मुस्लिम के घर मे हथियार भी है तो आप कैसे संभालोगे...
और जो बाकी के १५ करोड़ हैं वो आपके साथ खड़े होकर इसका विरोध करते नहीं दिखेंगे... वे या तो मूकदर्शक बनकर हवा का रुख भांपेंगे, या शोर मचाएँगे कि मुसलमानों के साथ कितना अत्याचार हो रहा है...
इस शोर मे सेकुलर मिडिया ओर हिन्दू विरोधी वि��ारधारा वाले नेता भी इनके साथ रंडी रोना चालू कर देंगे...
अगर दो चार प्रतिशत मुसलमान सचमुच इसके विरोध में भी होंगे तो वे वैसे ही अप्रासंगिक होंगे जैसे १९४७ के पहले भारत विभाजन के समय थे...
पिछले कुछ समय से भारत के अलग अलग शहरों में किसी न किसी बहाने से पचास हजार या एक लाख मुसलमान जुटते रहे हैं, उन्होंने ह���ंसक प्रदर्शन किया हैं...
कभी किसी हिन्दू त्योहार के मौके पर या कहीं पैगम्बर से गुस्ताखी के विरोध के बहाने से... पता है यह सब क्या है... ये विरोध प्रदर्शन नहीं है...
यह सब उसी मारक हथियार के मिकेनिज्म को टेस्ट करने की पाकिस्तान की प्रक्रिया भर है...!
सबूत... भारत मे १९६५ तक मुस्लिम रेजिमेंट सेना थी जिसमे मुस्लिम समुदाय के लोग थे पाकिस्तान युद्ध मे उन्होंने पाकिस्तान युद्ध १९६५ मे पाकिस्तान पर हमला करने से मना कर दिया था तब उस रेजिमेंट को तोड़ा गया था, लेकिन सोचिए जरा इससे निपटने की हमारी तैयारी क्या है हम समझते हैं सब सरकार करेगी...?
जिस दिन युद्ध होगा उस दिन हाँ सरकार करेगी, जितना सैनिक उपलब्ध होंगे उसे बोर्डर पर भेज देगी... वो रेल की पटरी उखाड़ देगे,गद्दर मचायेगे, लूटपाट करेगे...
ऐसा ही कुछ १९४७ मे कलकत्ता मे देश विभाजन के समय हुआ था जो एक कङवी सच्चाई है...
लेकिन क्या आप इन पन्द्रह करोड़ को �����क पायेंगे...
युद्ध जिस स्तर पर लड़ा जाता है उसका मुकाबला भी उसी स्तर पर किया जा सकता है...
दुश्मन सामाजिक स्तर पर लड़ाई लड़ने को अपनी तैयारी लगभग पूरी कर चुका है...
लेकिन क्या हम इस दिशा में एक भी कदम आगे बढ़े हैं... नहीं, बस सारे दिन मोदी मोदी...?
वो पंचर बना लेंगे, मुर्गा मुर्गी बेच लेंगे, हजामत बना लेंगे, नहीं तो फेरी लगा कर कबाड़ खरीदेंगे बेचेंगे लेकिन वो इन चीजों में अपनी शक्ति जाया नहीं करेंगे...
क्योंकि उन्होंने अपना लक्ष्य तय कर रखा है, वो जो भी करेंगे अपने उसी लक्ष्य की प्राप्ति के लिए ही करेंगे... हाँ उनके कुछ लोग जो प्रशिक्षित हैं वो इन मुद्दों पर सार्वजनिक रूप से सीमित मात्रा में बोलते देखे जा सकते हैं, जो सिर्फ आपको व्यवस्था के प्रति आक्रोशित करने के लिए... वो सिर्फ मुद्दे को लोगों के बीच उकसाते हैं और फिर अलग हो जाते हैं और वहाँ मौजूद हम आप उस मुद्दे के पक्ष विपक्ष में व��क्युद्ध में संलग्न होकर अपने आपसी रिश्ते बिगाड़ते हैं और वह तमाशा देखते हैं...
ये भी उनकी रणनीति का हिस्सा है जिसे हम हिन्दू भाँप नहीं पाते...?
ऐसी विषम परिस्थिति में अब भी समय हैं कि हम समय रहते अपने छोटे छोटे आपस में वैमनस्य पैदा करने वाले मुद्दों को पीछे छोड़ अपने अस्तित्व के संकट के प्रति एकजुट हों... इससे निपटने का कोई एक्शन प्लान बनाये और उस पर अमल करें... अन्यथा वह समय अब आ गया लगता है कि हम ���िश्वगुरु के सपने देखते हुए अपना वर्तमान भी खो देंगे...!
(१/२)
कमरा नंबर 118, रॉयल होटल,बैंकॉक , जी हाँ ये कमरा बहुत ख़ास है और वो इस लिए कि नेताजी सुभाष चन्द्र बोस इस कमरे में कई दिन तक रहे हैं . होटल के मालिक इस कमरे को तब से लेकर अब तक वही चादर , वहीं तौलिया, सभी चीजों को ��ैसा का तैसा रखते हैं .
Places of worship act 1991
This is Anti-Hindu Law which was introduced by CONGRESS Govt to shut HINDUS & Grave their voices,
This is high time we demand the removal of it.
#RemoveAct1991@narendramodi@myogioffice@indiatv
#RemoveAct1991
सरकार तुरंत प्रभाव से 1991 के कानून को निरस्त करे
इसके अलावा मंदिरो को भी सरकार अपनी जंजीरों से मुक्त करे
लीपा पोती नही चलेगी मंदिरों को स्वतंत्र करे सरकार
#जय_सियाराम
We do not need such laws that oppress us Hindus from reclaiming our own Temples!
सैनिक बॉर्डर पर तैनात हो या राष्ट्र के किसी भी कोने में राष्ट्र और राष्ट्र के लोगों के प्रति अपना फ़र्ज़ और कर्तव्य नहीं भूलता। अफ़सोस है कि आए दिन तथाकथित मानवाधिकार के ठेकेदार ही सैनिकों को मा��वता का पाठ पढ़ाता है । जय जवान 🙏🙏