पत्रकार रोमाना ने तोते उड़ा दिए राम मंदिर चोरी के सवाल पर जब धर्म बीच में लाने की कोशिश की , दिखाओ पूरे देश को जब सवाल पूछे जाते है तो धर्म बीच में लाया जाता है सर्जरी कर दो इतना रीट्वीट होना चाहिए
इस देश की आज़ादी का इतिहास मुसलमानों की कुर्बानियों, संघर्ष और बेमिसाल सेवाओं से रोशन है। हमारे बुज़ुर्गों ने आज़ादी के लिए अपनी जानों का नज़राना पेश किया, लेकिन गुलामी और अंग्रेज़ी हुकूमत के सामने कभी सिर नह��ं झुकाया। अफसोस की बात है कि आज उन्हीं कुर्बानियां देने वालों की नस्लों की वफादारी पर सवाल उठाए जाते हैं और उन्हें आतंकवाद जैसे आरोपों से जोड़ा जाता है, जबकि वे लोग जिन्होंने आज़ादी की लड़ाई में कोई भूमिका नहीं निभाई, खुद को सबसे बड़ा देशभक्त साबित करने की कोशिश कर रहे हैं। सत्ता में बैठकर मुसलमानों को गद्दार कहना न केवल ऐतिहासिक तथ्यों के खिलाफ है बल्कि राष्ट्रीय एकता के लिए भी हानिकारक है।
#ArshadMadani
#IndianMuslimHistory
#SaveDemocracy
#StandAgainstHate
इमरान मसूद के अलावा उत्तर प्रदेश में काँग्रेस के पांच और लोकसभा सांसद हैं। लेकिन इमरान मसूद जैसा एक सूत्रीय कार्यक्रम किसी का नहीं है। इमरान मसूद समाजवादी पार्टी सुप्रीमो पर हमलावर रहते हैं। पत्रकार @singhsanjay27 हाल ही में दावा किया था कि @Imranmasood_Inc की बयानबाज़ी को लेकर काँग्रेस आलाकमान ने हाल ही में इमरान की ‘क्लास’ लगाई है! अब वो सीट बंटवारे पर चाहकर भी कुछ नहीं बोल पाएंगे, कुछ दिन शांत रहेंगे। इमरान मसूद जरूर किसी ना किसी के इशारे पर बयानबाजी कर रहे थे, और वो ‘इशारा’ काँग्रेस के बाहर से आ रहा था।
इमरान अब सीट बंटवारे पर तो नहीं बोल रहे हैं, लेकिन इसके अलावा भी बोलने के लिए उनके तरकश में बहुत तीर हैं। वो सपा सुप्रीमो पर फिर से हमलावर हो हैं। वो सपा पर सवाल उठा रहे हैं। पहली बार लोकसभा सांसद बने इमरान मसूद अखिलेश पर हमल��वर होकर क्या साबित करना चाहते हैं? यही कि वो एक मात्र मुस्लिम नेता हैं, जो मुसलमानों के लिए बोल रहे हैं। लेकिन उनके बोलने से फायदा किसे हो रहा है? वो बोल किसके खिलाफ रहे हैं? उसी दल के जो पहले से ही INDIA के साथ है? उनकी बयानबाज़ी से मुसलमानों का तो भला होने से रहा, हाँ! उनके बयान INDIA के लिए ज़रूर घातक साबित हो जाएंगे!
दरभंगा में बाइक शोरूम के मैनेजर फैज़ कि हत्या के मामले में पिता ���ा दर्द सुनिए, ये उसी सरकार के कार्यकाल में हो रहा है जो इंसाफ के लिए बुलडोज़र उठाकर चलाने को तैयारी रहती है. लेकिन मामला फैज़ का है तो ऐसा होना संभव नहीं लग रहा है।
ओवैसी साहब ने साफ कह दिया है कि जिन्हें BJP को हराना है वो उन्हें भी गठबंधन में शामिल करें वरना बाद में रोना-धोना नहीं कीजियेगा कि AIMIM कि वजह से BJP जीत गई। मुस्लिम लीडरशिप को हिस्सेदारी दीजिए, हम दरी बिछाने का काम नहीं करेंगे।
ममता बनर्जी की पार्टी TMC से बग़ावत करने वाले सांसदों की सूची में जादवपुर लोकसभा सीट से सांसद सायोनी घोष का भी नाम शामिल हो गया है और वह ममता बनर्जी से बगावत करने वाले गुट काकोली दास दस्तीदार से संपर्क कर उस गुट को समर्थन देने वाले दस्तावेजो��� पर हस्ताक्षर भी कर चुकी हैं।
सायोनी घोष बंगाल चुनाव प्रचार के दौरान "एक आंख में काबा और दूसरी आंख में मदीना" कहकर चर्चा में आई थी, ये ही नहीं उन्होंने चर्चा में आने के लिए आम आदमी पार्टी ��ोड़कर भाजपा में जाने वाले सांसद राघव चड्ढा पर तंज कसते हुए कहा था "मैं चड्ढा नहीं हूं जो 'चड्डी' बन जाऊंगी, घोष हमेशा घोष ही रहेगा।"
अब घोष ममता से बगावत कर चुकी हैं जिसके बाद मुझे लिखने के लिए मजबूर होना पड़ा और इस पोस्ट में AIMIM अध्यक्ष @asadowaisi की तस्वीरों को भी पोस्ट करना पड़ रहा है ।
असदुद्दीन ओवैसी का ज़िक्र मैं इसलिए कर रहा हूं क्योंकि जब भी किसी भी विपक्षी दल का कोई भी नेता पार्टी से बगावत या पार्टी को छोड़ता है तो भाजपा जॉइन कर लेता है, भाजपा से संपर्क साध विपक्षी दल का दामन छोड़ भाजपा का दामन थाम लेता है लेकिन भाजपा की B टीम असदुद्दीन ओवैसी और AIMIM को उल्लेखित किया जाता हैं। यकीन से कह सकता हूं कि आज सभी दलों में भाजपाई और संघी घुसे और हैं और वह दलों का संघीकरण कर चुके हैं, या यूं कहे की हर विपक्षी दल आज भाजपा नेताओं और उनकी विचारध��रा से जुड़े हुए नेताओं से भरा हुआ है, जो नेता मंचों से भाजपा को कोसते हैं और अपनी विचारधारा को गांधी वाली विचारधारा कहते हैं वह मात्र अगले ही घंटे उस भाजपा में चले जाते हैं जिसने मुल्क की आब और हवा को ज़हरीला कर दिया है।
आज विचारधारा और ज़बान की कोई क़ीमत नहीं रह गई है, अब सवाल हैं कि भाजपा की B टीम कौन? वो दल जिनके नेता पार्टी छोड़ते ही भाजपा जॉइन करते हैं और पार्टी न भी छोड़े तो भाजपा के संपर्क म���ं रहते हैं? या वो ओवैसी भाजपा की B टीम हैं जिसके किसी भी नेता ने पार्टी छोड़ने के बावजूद भी आज तक भाजपा जॉइन नहीं की? भाजपा की B टीम कौन?
पहले पुलिस और एजेंसियां मस्जिदों और मदरसों पर रेड मारती थीं, तो दावा किया जाता था कि वहां से हथियार, बारूद और पटाखे मिले हैं। बाद में जांच होती थी और ये दावे झूठे साबित होते थे। लेकिन अब संभल में एक मस्जिद ��ें रखा “आई लव मोहम्मद ﷺ” का पोस्टर और एक इस्लामी झंडा पुलिस ने जब्त कर लिया और कहा कि इसकी जांच होगी।
अगर मस्जिद में “आई लव मोहम्मद ﷺ” का पोस्टर नहीं होगा, इस्लामी झंडा नहीं होगा, कुरान मजीद नहीं होगी, तो मस्जिद में और क्या रहेगा?
मिल्लत टाइम्स के बहादुर पत्रकार मोहम्मद सिराज को गाज़ियाबाद में रिपोर्टिंग के दौरान एक ऐसे तथाकथित पत्रकार का सामना करना पड़ा, जो अक्सर मुसलमानों के सामने माइक लगाकर भड़काऊ और एकतरफा सवाल पूछता रहता है।
उसने मोहम्मद सिराज के साथ भी बदतमीज़ी करने और दबाव बनाने की कोशिश की, लेकिन सिराज ने पूरे आत्मविश्वास और साहस के साथ अपनी बात लोगों के सामने रखी। तथ्यों और दमदार तर्कों के सामने उसकी कोशिशें नाकाम रहीं और आखिरकार उसे वहां से वापस जाना पड़ा।
हम अपनी टीम के बहादुर पत्रकार मोहम्मद सिराज को सलाम करते हैं।
कोचिंग ��ोड़- ताड़ दिया, गार्ड को लहूलुहान कर दिया... '
Patna में Khan Sir के कोचिंग सेंटर के बाहर फायरिंग हुई
ज़िंदा हो तो RT ठोको, ख़ान सर का Support करो 🔥✊
🚨ब्रेकिंग : याद है जब शाहरुख खान ने अंजना ओम कश्यप और गोदी मीडिया को उनके चेहरे पर उड़ा दिया था
अंजना लगभग रोने ही वाली थीं। ���ंजना ओम कश्यप को आईना दिखा गए किंग खान ने🗿🔥
अभी-अभी खान सर ने अंजना ओम कश्यप को तगड़ा जवाब दिया है
अंजना ओम कश्यप और ऑनलाइन कोचिं�� पढ़ाने वाले टीचरों के बीच काफी तगड़ा विवाद हो गया है
अंजना ओम कश्यप का तो ऐसा हिसाब हो गया है एक तो चोरी ऊपर से सीनाजोरी।
देश कि राजधानी में BJP के विधायक करनैल सिंह हाथों में हथोड़ा लिए एक निर्माणाधीन मदरसे को तोड़ने के लिए एक पूरी भीड़ के साथ इकट्ठा होते हैं। दीवार गिरा दी जाती है, भीड़ धार्मिक नारे लगा रही होती है, BJP विधायक मदरसे को सरकारी ज़मीन पर अवैध रूप से बना हुआ बताते हैं, वहाँ एक दाढ़ी टोपी वाले से कहते दिखते हैं कि यहाँ अब नमाज़ नहीं होगी, अब सवाल ये है कि क्या विधायक जी को ये अधिकार प्राप्त है कि वो ऐसा कर सकें?