यदि आप भी केदारनाथ यात्रा के लिए जाना चाहते हैं तो आपके लिए मेरी तरफ से कुछ जानकारी एवं सुझाव-
● आप जहाँ भी रहते हैं सबसे पहले आपको यदि ट्रेन से आ रहे हैं तो आप हरिद्वार आईये यदि फ्लाइट से आ रहे हैं तो आप देहरादून आईये ।
● हरिद्वार आपका सेंटर पॉइंट है ��सके बाद आप यदि केदारनाथ के लिए बस से जाना चाहते हैं तो सबसे पहले ऑनलाइन या ऑफलाइन हरिद्वार से गौरीकुंड की बस बुक कर लें क्योंकि आपको तुरंत टिकिट मिलना मुमकिन नहीं है और यदि आप कार से जाना चाहते हैं केदारनाथ तो 3 दिन के लिए कार होती है बुक और यदि केदारनाथ-बद्रीनाथ जाना चाहते हैं तो 5 दिन के लिए कार बुक होती है जो आपको हरिद्वार से केदारनाथ-बद्रीनाथ के दर्शन कराके वापिस हरिद्वार छोड़ देती है ��� (यदि आप कार को देहरादून बुलाना चाहें या ऋषिकेश तो वहाँ भी बुला सकते हैं)
● वैसे तो कार के रेट फिक्स नहीं है लेकिन फिर भी स्विफ्ट 3500 रुपये प्रतिदिन, अर्टिका और इनोवा 4500-5500 रुपये प्रति दिन के हिसाब से मिल जाती हैं (यदि भीड़ कम हो तो और भी सस्ती मिल जाती हैं)
● यदि आप Helicopter से जाना चाहते हैं तो सिर्फ इसी वेबसाइट से ही बुक करें- https://t.co/Kz9sEihD8E
● आने से पहले अपने रजिस्ट्रेशन इस वेबसाइट से बुक करें- https://t.co/GmtlrEf5Yg बगैर रजिस्ट्रेशन के न जाएं वरना दिक्कते हो सकती हैं वैसे ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन हरिद्वार में भी होते हैं लेकिन आप अपनी चीज़े पहले से करके आएं तो ज्यादा बेहतर हैं।
● हरिद्वार से केदारनाथ के लिए यदि कार से जा रहे हैं तो आपको आपका कार वाला रुद्रप्रयाग तक ले जाएगा फिर वहाँ से आपको 50 रुपये देकर गौरीकुंड के लिए कार मिलेंगी ।
● गौरीकुंड में स्नान करने एवं माता पार्वती जी के दर्शन के बाद आप अपनी पैदल यात्रा चालू कर सकते हैं यदि ��ोड़े से जाना चाहे तो 3500 रुपये के लगभग आपको देने होने जो आपको घोड़ा पड़ाव से लेकर बेसकैम्प तक छोड़ेगा ।
● पैदल यात्रा के दौरान सामान जितना कम हो सके उतना कम ले जाये (लेकिन उल्टी,दस्त, बुखार,सिर दर्द,कपूर और ठंडी का पूरा सामान रखें अपने साथ)
● गौरीकुंड से केदारनाथ लगभग 21 किलोमीटर है इसको पैदल चढ़ने में सामान्य लोगो को 5-7 घण्टे लगते हैं बस इतना याद रहे रास्ते में ज्यादा चीज़ें न खायें बस लेकिन लिक���विड चीज़ें लेते रहे जिससे चढ़ने में आपको आसानी होगी । ज्यादा रुके नहीं धीरे-धीरे चढ़ते चले ।
● शुरुवात में ज्यादा कवर करने की कोशिश करें क्योंकि छोटी लिंचौली तक थोड़े जल्दी कवर कर सकते हैं क्योंकि उसके बाद आपको हर 200 मीटर पर रुकना होगा और स्पीड कम और थकावट ज्यादा महसूस होगी ।
● बेसकैम्प में ही GMVN के टेंट होते हैं वहाँ आप अपने यात्रा की डेट के अनुसार टेंट बुक कर सकते हैं GMVN WEBSITE- https://t.co/Lam5wM1NWO
● बेसकैम्प से केदारनाथ मंदिर लगभग 1.5 किलोमीटर है,मंदिर के पास भी रूम ले सकते हैं लेकिन उनका कोई रेट फिक्स नहीं होता ।
● मंदिर में दर्शन के लिए आप बाहर से घी ले लें क्योंकि यहाँ घी लगाने और केदारेश्वर को टच करने का बहुत महत्व है दर्शन के पश्चात आप जो बाहर नन्दी जी विराजमान हैं उनके दर्शन करें और लगभग 15/30 मिनट वहाँ बैठे फ़ोटो/मोबाइल से दूर थोड़ी बाबा से भी तो बातें करना हैं न अपने को क्योंकि यहाँ (केदारनाथ) और महाकालेश्वर में जो एनर्जी है वो मैंने अभी तक कहीं महसूस नहीं कि तो मेरे कहने पर यहाँ बैठिएगा जरूर शांति से आँखे बंद करके कुछ समय ।
● गर्भगृह से दर्शन सुबह से दोपहर 12 बजे तक ही होते हैं उसके बाद बाहर से ही दर्शन होते हैं पूजा और VIP दर्शन के लिये आप मंदिर के पास से ही पास ले सकते हैं एक दिन पहले या कई बार तुरन्त भी ।
● इसके बाद मंदिर के पीछे भीम सिला है और शंकरचार्य जी की समाधि वहाँ भी दर्शन कर सकते हैं फिर ��सके बाद आप लगभग मंदिर से 600 मीटर दूर भैरवनाथ जी के दर्शन भी कर सकते है ।
● यात्रा के दौरान पैसे कैश ही रखें क्योंकि कई बार नेट नहीं चलता तो चीज़ें दिक्कत करती हैं और आधारकार्ड भी साथ रखें कई बार जरूरत पड़ सकती है ।
● दर्शन के बाद शाम को सन्ध्या आरती भी देख सकते हैं वो लगभग 7 बजे होती है ।
● केदारनाथ जाने का सबसे सही समय पट खुलने से लेकर जून तक फिर सितंबर से पट बंद होने तक (बीच के समय बारिश होती है तो थोड़ा रिस्की होता है)
● यात्रा से आने के बाद आपको बार-बार लगेगा कि कब आएं दोबारा क्योंकि शिव जहाँ स्वर्ग वहाँ ।
● बाकी मर्यादाओं का ख्याल रखें ये पिकनिक स्थल नहीं है यह शिव की तपस्या की भूमि है 🙏🏻
जानकारी अच्छी लगी हो तो आप ज्यादा से ज्यादा शेयर करें बाकी कुछ लगे तो पूछ सकते हैं ।
जय केदार..कृपा अपार 🙏🏻
#Kedarnath #KedarnathTrip
भारत की मशहूर चाय कंपनी ताजमहल ने विजयवाड़ा में एक बड़ी सी होर्डिंग लगायी है, जहां लगभग पूरे साल बारिश होती है। इस होर्डिंग पर लकड़ी के बड़े-बड़े चम्मच लगे हुए हैं.
जब बारिश होती है तो इन चम्मचों में पानी जमा हो जाता है, जिसके भार से चम्मच मुड़ जाते हैं और सर्किट बोर्ड से टकराते हैं, इस प्रकार राग मेघ मल्हार अपनी मधुर धुन बजाता है। बता दें कि राग मेघ का संबंध मल्हार से है। इस अद्भुत पर्यावरण-अनुकूल प्रयास की मान्यता में, "गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स" ने कंपनी को प्रशंसा प्रमाणपत्र से सम्मानित किया है। प्रशंसा प्रमाण पत्र इस होर्डिंग को दुनिया में सर्वश्रेष्ठ "पर्यावरण-अनुकूल होर्डिंग" घोषित करता है!
हमारे लिए सिर्फ मोदी जी ही मायने रखते हैं 💪💪
हम मोदी जी के लिए बड़े से बड़ा प्रस्ताव भी ठुकरा सकते हैं।
पूरी दुनिया ने देखा है कि मोदी जी ने देश के लिए क्या किया है - पवन कल्याण, अध्यक्ष, जनसेना पार्टी
बाक़ी कांग्रेस वालों ये वीडियो देखिए 🔥🔥
अपने घुटने कभी मत बदलिये..!!
★ 50 साल के बाद धीरे-धीरे शरीर के जोडों मे से लुब्रीकेन्ट्स एवं केल्शियम बनना कम हो जाता है।
★ जिसके कारण जोडों का दर्द ,गैप, केल्शियम की कमी, वगैरा प्रोब्लेम्स सामने आते है,
★ जिसके चलते आधुनिक चिकित्सा आपको जोइन्ट्स रिप्लेस करने की सलाह देते हैं।
★ तो कई आर्थिक रुप से सधन लोग यह मानते है कि हमारे ��ास तो बहुत पैसे हैं।
★ तो घुटनां चेंज करवा लेते है।
★ किंतु क्या आपको पता है जो चीज कुदरत ने हमे दी है,
★ वो आधुनिक विज्ञान या तो कोई भी साइंस नही बनां सकती।
★ आप कृत्रिम जॉइन्ट फिट करवा कर थोडे समय २-४ साल तक ठीक हो सकते हैं।
★ लेकिन बाद मे आपको बहुत ही तकलीफ होगी।
★ जॉइन्ट रिप्लेसमेंट का सटीक इलाज आज में आपको बता रहा हूँ ।
★ वो आप नोट कर लीजिये और हां ऐसे हजारों जरुरतमंद लोगो तक पहुचाये ज��� रिप्लेसमेंट के लाखो रुपये खर्च करने मे असमर्थ हैं।
★ बबूल नामके वृक्ष को आपने जरुर देखा होगा।
★ यह भारत मे हर जगह बिना लगाये ही अपने आप खडा़ हो जाता है,
★ अगर यह बबूल नाम का वृक्ष अमेरिका या तो विदेशाें मे इतनी मात्रा मे होता तो आज वही लोग इनकी दवाई बनाकर हमसे हजारों रुपये लूटते ।
★ लेकिन भारत के लोगों को जो चीज मुफ्त मे मिलती है उनकी ��ोइ कदर नही है।
👉 प्रयोग इस प्रकार करना है
★ *बबूल* के पेड़ पर जो फली ( फल) आती है उसको तोड़कर लाये,
★ अथवा तो आपको शहर मे नही मिल रहे तो किसी गांव जाये वहा जितने चाहिये उतने मिल जायेगें, उसको सुखाकर पाउडर बना लें।
★ और *सुबह १ चम्मच* की मात्रा में गुनगुने पानी से खाने के बाद, केवल 2-3 महिने सेवन करने से आपके घुटने का दर्द बिल्कुल ठीक हो जायेगा।
★ आपको घुटने बदलने की जरुरत नही पड़ेगी।
इस संदेश को हर एक भारतीय एवं हर एक घुटने के दर्द से पीड़ित व्यक्ति तक पहुचाएं ताकि किसी गरीब के लाखों रुपये बच जाएं।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस संदेश को पढ़ने वाला प्रत्येक व्यक्ति इस संदेश को 1 व्यक्ति को भेज दे, तो वह कम से कम एक व्यक्ति का जीवन रोगमुक्त कर सके।
रिपोस्ट करके इस महत्वपूर्ण संदेश आगे प्रेषित करें।
इन लक्षणों और बचाव को समझिए हार्ट अटैक से जान जाने का
खतरा 80% तक कम हो जाएगा
🔴हार्ट डिसीज/हार्ट अटैक के आरंभिक लक्षण
अगर आपको ये 7 समस्याएं हैं तो नजरअंदाज ना करें
1. सीने में दर्द : सीने में दर्द (एनजाइना) हार्ट अटैक का सबसे बड़ा संकेत है। सीने में बाएं तरफ दर्द ��ो तो यह हार्ट अटैक की शुरुआत का संकेत हो सकता है। यह धीरे-धीरे शुरू होता है और फिर जकड़न-सी महसूस होती है।
2 पसीना आनाः बिना वर्कआउट, कसरत किए ही काफी पसीना आने लगे, घबराहट और बेचैनी महसूस हो तो सावधान हो जाइए। ऐसा तब होता है, जब हार्ट खून को ठीक से पंप करने में असमर्थ होता है।
3. सांस लेने में दिक्कत : हार्ट अटैक आने से पहले सांस लेने में भी दिक्कत होने लगती है। छाती पर दबाव, भारीपन या बेचैनी भी महसूस होती है, जिसे बेल्ट अराउंड चेस्ट या वेट ऑन चेस्ट भी कहा जाता है।
4. उल्टी व चक्कर आना : चक्कर आना और आंखों के सामने अंधेरा
छा जाना लो ब्लड प्रेशर का संकेत भी हो सकता है। इसे
नजरअंदाज न करें।
5. पैरों में सूजन : पैरों, टखनों व तलवों में सूजन का कारण हार्ट का
ठीक से पंप न करना हो सकता है I
6. गले और जबड़े का दर्द : जबड़े में दर्द महिलाओं में हार्ट अटैक का
प्रमुख लक्षण हो सकता I
7.दिल की धड़कन का बढ़ना या ��म होना
🟢अगर हार्ट अटैक हो जाए ये करेंः
👉हार्ट अटैक हो तो सबसे पहले डॉक्टर को फोन करें और मदद
मांगें।
👉खुद गाड़ी चलाकर अस्पताल पहुंचने से बचें।
👉डॉक्टर की सलाह पर एस्पिरिन ,क्लोपिडोग्रिल और
एटोरवास्टेटिन लें,
👉अस्पताल पहुंचकर Trop T और ECG की जांच कराये,इससे
हार्ट अटैक का पता चल जाता है I
ऐसे ही साइंटिफिक स्वास्थ्य संबंधित जानकारी के लिए हमसे जुड़े @drvikas1111
NOTE-यह पोस्ट जागरूकता मात्र के लिए है यह कार्डियोलॉजिस्ट डॉ निशु के परामर्श से बनाया गया है ,किसी भी बीमारी में डॉक्टर से जरूर सलाह लें I
अगले पोस्ट में नौजवानों में हो रहे हार्ट अटैक से बचाव के तरीके और सावधानियां को देखेंगे I #HealthTips #HeartAttack
जज - आप दोनो तलाक क्यों लेना चाहते हो
पति - हम दोनो के विचार बिलकुल नही मिलते
जज - अच्छा मै तुम दोनो से एक सवाल
करुँ��ा - ठीक है
अगर दोनो का जवाब अलग ��हा तो तलाक
मिल जायेगा वर्ना तलाक कैंसल
जज - अच्छा अबकी बार. . ?
पति-पत्नि --- 400 पार
😂😂
"पानी पीते रहो दोस्तों, खून तो दुनिया पीती रहेगी" 😜
Water's Journey Through The Body and Benifits ;
मैंने बहुत लोगों को देखा है कि वह पानी क�� पीते हैं और अनगिनत बीमारियों के शिकार हो जाते हैं I
देखिए हमारे बॉडी में पानी कैसे ट्रैवल कर��ा है,और इसके कितने फायदे हैं I
1.शरीर हाइड्रेटेड रहता है I
2.वजन कम करने में मदद मिलती है I
3.स्किन के लिए अच्छा और डी-टॉक्सीकेशन करता है I
4.इनडाइजेशन में गुनगुना पानी अच्छा, मेटाबॉलिज्म मजबूत I
5.सिर दर्द दूर करेगा, बालों को हेल्दी रखेगा I
6.इम्युनिटी बूस्टर और भूख लगने में मदद मिलती हैI
7.यह बॉडी टेंपरेचर को रेगुलेट करता है I
8.ब्रेन के प्रॉपर फंक्शन के लिए जरूरी I
9.हमारे बॉडी से वेस्ट /टॉक्सिंस को रिम��व करता है I
10जॉइंट्स के लिए महत्वपूर्ण I
हेल्थ टिप्स के लिए हमसे जुड़े रहे - @drvikas1111
इम्पैक्ट प्लेयर होता है, बीच मैच में आता है चौके-छक्के मारता है। चार गेंद में 32 रन बनाता है , न फ़ील्डिंग करता है न रनिंग। विपक्षी खेमे में अफरा-तफ़री का माहौल पैदा करता है और वापिस पवेलियन लौट जाता है।
पहले दौर की इनिंग के बाद लग रहा था कांग्रेस बढ़िया गेंदबाजी कर रही है फिर उतारा भाजपा ने अपना इम्पैक्ट प्लेयर - सत्यनारायण गंगूराम पित्रोदा। सामान्यतः ये रोल मणिसंकर और दिग्विजय सिंघ का होता था पर इस बार की auction में भाजपा ने अमेरिका का बंदा उतार दिया।
उसने न पैड पहने, न दस्ताने, न हेलीमेंट, न L गार्ड। उठाई गेंद और मुहँ से ही 1 गेंद पर 32 रन बना डाले।
बोल दिया कि inheritance tax लगाओ इंडिया में। आदमी का जमा किया हुआ आधा पैसा आदमी के बच्चे रख लें और बाक़ी आधा सरकार रख ले। इतना पैसा लेकर जाएगा कहां इंसान। और राहुल जी ने तो मैनिफेस्टो में भी लिखा है तो अब तो हम कर के दिखाएँगे
अब शाम को मोदी जी रैली में जब पुरस्कार वितरण समारोह में ट्रॉफ़ी लेने आएँगे तो कांग्रेसी कहेंगे इसके बल्ले में स्प्रिंग है।
Ladies and Gentleman, Satyanarayn Ganguram Pitroda has won the match already
खट्टी डकार को दूर करने में मददगार हैं ये 5 घरेलू उपाय...
1. हींगः
हींग को पाचन के लिए अच्छा माना जाता है. गैस या खट्टी डकार की समस्या में हींग का इस्तेमाल करना चाहिए. हींग को पानी में घोलकर पीने से पेट का भारीपन और खट्टी डकार को कम किया जा सकता है.
2. मेथीः
अगर आपको कई दिनों से खट्टी डकारे आ रही हैं और आराम नहीं मिल रहा तो आप मेथी का इस्तेमाल कर सकते हैं. मेथी को रात भर पानी में भिगोना है उसके बाद सुबह इस मेथी वाले पानी को खाली पेट पीना है. इसके सेवन से खट्टी डकार की समस्या से छुटकारा मिल सकता है.
3. जीराः
जीरे को हेल्थ के लिए काफी फायदेमंद माना जाता है. जीरा पेट की समस्यायों के लिए बेहद असरकारी होता है. खट्टी डकार आने पर जीरे को भून कर खाने से आराम मिलता है. जीरे का डेली इस्तेमाल करने से गैस और डकार की समस्या से बचा जा सकता है.
4. इलायचीः
खट्टी डकार की समस्या में इलायची का सेवन करना फायदेमंद माना जाता है. इलायची खाने से गैस और खट्टी डकार की समस्या में आराम मिल सकता है.
5. लौंगः
लौंग का इस्तेमाल भी पाचन तंत्र को आराम पहुंचाने का काम करता है. खट्टी डकार आने पर लौंग का पानी या लौंग का सेवन करना फायदेमंद हो सकता है.
हार्ट अटैक की बुनियादी जानकारी
प्राथमिक लक्षण है
सीने में दर्द होना।
यह एक pressure, heaviness या tightness जैसे भी महसूस हो सकता है।
यह दर्द पेट के ऊपर की तरफ जाता है कभी बायें ह���थ या कंधे की तरफ जाता है कई बार जबड़े में या दांत में भी दर्द हो सकता है।
सांस लेने में तकलीफ और पसीना आना।
कुछ लोगो को गैस होने की फीलिंग आती है।
हार्ट अटैक आने पर क्या करें?
सबसे पहले मदद के लिए एम्बुलेंस को कॉल करें या आपके पास अपना साधन है जिससे आप अस्पताल पहुँच सकते हैं तो उसे तैयार करने को कहें।
नज़दीक में जो भी व्यक्ति या मित्र है उसे भी तुरंत आने को कहें।
जब तक गाड़ी तैयार होगी या एम्��ुलेंस आएगा तब तक प्राथमिक तौर पर Aspirin की गोली मरीज़ को दें और चबाने को कहें।
Aspirin रक्त की धमनियों में Clotting को रोकती है।
मरीज़ को तब तक उचित जगह बैठने या लेटने को कहें जहाँ उन्हें आराम हो।
अगर घर में sorbitrate की 5mg की टेबलेट हो तो उसे जीभ के नीचे रखनी है।
अगर मरीज़ होश में नहीं है तो कुछ भी पिलाने की कोशिश ना करें। मरीज़ अगर साँस नहीं ले रहा, पल्स नहीं मिल रहा वैसी परिस्तिथि में तुरंत CPR शुरू ��रें।
एम्बुलेंस आते ही या गाड़ी तैयार होते ही अस्पताल के लिए निकल जायें।
अगर नज़दीकी अस्पताल का नंबर है तो उन्हें रास्ते से ही सूचित कर दें कि आप ऐसे किसी मरीज़ को ले कर अस्पताल पहुँच रहे हैं ताकि वो भी तैयार रहें।
#heart
#health
#healthcare
कोई पूछे कि 10 साल में नरेंद्र मोदी जी ने क्या किया है, तो उसको यह लिस्ट मुँह पर मारना
1. राम मंदिर
2. CAA
3. नई शिक्षा नीति
4. धारा 370
5. तीन तलाक़
6. GST
7. Demonetization
8. महिलाओं को खुले में शौच से मुक्ति
9. महिलाओं को जहरीले धुएं से मुक्ति
10. संसद में 33% महिलाओं को आरक्षण
11. गरीबों के सिर पर छत
12. करोड़ों को नल से पानी
13. आयुष्मान भारत
14. स्वच्छ भारत मिशन
15. दुनियां की 5वीं आर्थिक शक्ति
16. भ्रष्ट्राचार मुक्त स��कार
17. MSP पर फसलों की खरीद
18. पहले दलित राष्ट्रपति,अब आदिवासी राष्ट्रपति
19. केंद्र सरकार की वैकेंसी में ओबीसी को आरक्षण
20. गुलामी से मुक्ति
21. एक देश,एक चुनाव पर कारगर कदम
22. फ्री राशन
23. सशक्त सेना
24. आधुनिक हथियारों का स्वदेश निर्माण
25. विदेशी एनजीओ पर नकेल
26. FCRA मजबूत, देश विरोधी एनजीओ गायब
27. नक्सलियों पर नकेल
28. विदेशी मिशनरियों पर नकेल
29. स्वदेशी टिके से फार्मा लॉबी को झटका
30. अंतरिक्ष पर कब्जा, चन्द्रमा पर चंद्रयान
31. एक करोड़ को शौर्य ऊर्जा का वादा
32. आईआईटी की भरमार
33. हर राज्य में एआईआईएमएस
34. फिर विश्व गुरु बनने की ओर
35. भ्रष्टाचार मुक्त मिनिस्ट्री
36. जीरो बम धमाके
37. दुनियां में दूसरे नंबर पर मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग
38. 100% रेलवे विद्युतीकरण की तरफ़ अग्रसर
39. मानव रहित रेल गेटों का खात्मा
40. 12.1 km प्रतिदिन से 28.6 km प्रतिदिन सड़कों का निर्माण
41. सेमी हाई स्पीड वंदे भारत ट्रेनों की संख्या 40 पहुंची,जल्द ही 75 करने का इरादा
42. ट्रेन की पुरानी बोगियों को वंदे भारत जैसी बदलना।
43. हर जिले में मेडिकल कालेज
44. सभी धामों को हाईवे से जोड़ना
45. सीमा पर स्थित सभी गांवों को देश का पहले गांव में बदल उन्नत करना।
46. बुलेट ट्रेन
47. बड़े शहरों को मेट्रो से जोड़ना
48. UPI
49. कोविड हैंडलिंग और मुक्त टीकाकरण
50. सरदार पटेल,भगत सिंह को सम्मान
51. भारत जन धन,आधार,मोबाइल (JAM)
52. ... Continue....
अगर थकान और कमजोरी लगे तो कृपया शुगर टेस्ट करवाए....
अगर स्वाद और गंध न पता चल रहे है तो कोविड टेस्ट करवाए..
और अगर हिंदू होकर भी हिंदूत्व विरोध करने की इच्छा हो तो DNA टेस्ट करवाए....
By @ChandanSharmaG
कौन सी धातु के बर्तन में भोजन करने से क्या क्या लाभ और हानि होती है?
सोना :-
सोना एक गर्म धातु है। सोने से बने पात्र में भोजन ���नाने और करने से शरीर के आन्तरिक और बाहरी दोनों हिस्से कठोर, बलवान, ताकतवर और मजबूत बनते है और साथ साथ सोना आँखों की रौशनी बढ़ता है।
चाँदी :-
चाँदी एक ठंडी धातु है, जो शरीर को आंतरिक ��ंडक पहुंचाती है। शरीर को शांत रखती है इसके पात्र में भोजन बनाने और करने से दिमाग तेज होता है, आँखों स्वस्थ रहती है, आँखों की रौशनी बढती है और इसके अलावा पित्तदोष, कफ और वायुदोष को नियंत्रित रहता है।
कांसा :-
काँसे के बर्तन में खाना खाने से बुद्धि तेज होती है, रक्त में शुद्धता आती है, रक्तपित शांत रहता है और भूख बढ़ाती है। लेकिन काँसे के बर्तन में खट्टी चीजे नहीं परोसनी चाहिए खट्टी चीजे इस धातु ��े क्रिया करके विषैली हो जाती है जो नुकसान देती है। कांसे के बर्तन में खाना बनाने से केवल ३ प्रतिशत ही पोषक तत्व नष्ट होते हैं।
तांबा :-
तांबे के बर्तन में रखा पानी पीने से व्यक्ति रोग मुक्त बनता है, रक्त शुद्ध होता है, स्मरण-शक्ति अच्छी होती है, लीवर संबंधी समस्या दूर होती है, तांबे का पानी शरीर के विषैले तत्वों को खत्म कर देता है इसलिए इस पात्र में रखा पानी स्वास्थ्य के लिए उत्तम होता है. तांबे के बर्तन में दूध नहीं पीना चाहिए इससे शरीर को नुकसान होता है।
पीतल :-
पीतल के बर्तन में भोजन पकाने और करने से कृमि रोग, कफ और वायुदोष की बीमारी नहीं होती। पीतल के बर्तन में खाना बनाने से केवल ७ प्रतिशत ��ोषक तत्व नष्ट होते हैं।
लोहा :-
लोहे के बर्तन में बने भोजन खाने से शरीर की शक्ति बढती है, लोह्तत्व शरीर में जरूरी पोषक तत्वों को बढ़ता है। लोहा कई रोग को खत्म करता है, पांडू रोग मिटाता है, शरीर में सूजन और पीलापन नहीं आने देता, कामला रोग को खत्म करता है, और पीलिया रोग को दूर रखता है. लेकिन लोहे के बर्तन में खाना नहीं खाना चाहिए क्योंकि इसमें खाना खाने से बुद्धि कम होती है और दिमाग का नाश होता है। ल��हे के पात्र में दूध पीना अच्छा होता है।
स्टील :-
स्टील के बर्तन नुक्सान दायक नहीं होते क्योंकि ये ना ही गर्म से क्रिया करते है और ना ही अम्ल से. इसलिए नुक्सान नहीं होता है. इसमें खाना बनाने और खाने से शरीर को कोई फायदा नहीं पहुँचता तो नुक्सान भी नहीं पहुँचता।
एलुमिनियम :-
एल्युमिनिय बोक्साईट का बना होता है। इसमें बने खाने से शरीर को सिर्फ नुक्सान होता है। यह आयरन और कैल्शियम को सोखता है इसलिए इससे बने पात्र का उपयोग नहीं करना चाहिए। इससे हड्डियां कमजोर होती है. मानसिक बीमारियाँ होती है, लीवर और नर्वस सिस्टम को क्षति पहुंचती है। उसके साथ साथ किडनी फेल होना, टी बी, अस्थमा, दमा, बात रोग, शुगर जैसी गंभीर बीमारियाँ होती है। एलुमिनियम के प��रेशर कूकर से खाना बनाने से 87 प्रतिशत पोषक तत्व खत्म हो जाते हैं।
मिट्टी :-
मिट्टी के बर्तनों में खाना पकाने से ऐसे पोषक तत्व मिलते हैं, जो हर बीमारी को शरीर से दूर रखते थे। इस बात को अब आधुनिक विज्ञान भी साबित कर चुका है कि मिट्टी के बर्तनों में खाना बनाने से शरीर के कई तरह के रोग ठीक होते हैं। आयुर्वेद के अनुसार, अगर भोजन को पौष्टिक और स्वादिष्ट बनाना है तो उसे धीरे-धीरे ही पकना चाहिए। भले ही मि���्टी के बर्तनों में खाना बनने में वक़्त थोड़ा ज्यादा लगता है, लेकिन इससे सेहत को पूरा लाभ मिलता है। दूध और दूध से बने उत्पादों के लिए सबसे उपयुक्त हैमिट्टी के बर्तन। मिट्टी के बर्तन में खाना बनाने से पूरे १०० प्रतिशत पोषक तत्व मिलते हैं। और यदि मिट्टी के बर्तन में खाना खाया जाए तो उसका अलग से स्वाद भी आता है।
पानी पीने के पात्र के विषय में 'भावप्रकाश ग्रंथ' में लिखा है....
जलपात्रं तु ताम्रस्य तदभावे मृदो हितम्।
पवित्रं शीतलं पात्रं रचितं स्फटिकेन यत्।
काचेन रचितं तद्वत् वैङूर्यसम्भवम्।
(भावप्रकाश, पूर्वखंडः4)
अर्थात् - पानी पीने के लिए ताँबा, स्फटिक अथवा काँच-पात्र का उपयोग करना चाहिए। सम्भव हो तो वैङूर्यरत्नजड़ित पात्र का उपयोग करें। इनके अभाव में मिट्टी के जलपात्र पवित्र व शीतल होते हैं। टूटे-फूटे बर्तन से अथवा अंजलि से पानी नहीं पीना चाहिए।
अगर आप वाहन चालक हैं तो सुरक्षित ड्राइविंग एवं सुखद अनुभव के लिए अपने टायरों की शेल्फ लाइफ़ और अधिकतम गति (स्पीड) का प्रेशर झेलनें की छमता जानना आपके लिए बहुत ज़रूरी है।
क्या आप जानते हैं कि प्रत्येक टायर की गति रेटिंग टायर की बाहरी सतह पर L से Y तक के अक्षर द्वारा दर्शाई जाती है?
आप भलीभाँति जानते हैं कि तेज गति में टायर का फटना मतलब सीधा मौत के आगोश में जाना। कई बार टायर विस्फोट बढ़ी हुई गति के कारण होते हैं, और इसे आप अपने टायरों पर दर्शाए गए अक्षर की जाँच करके रोक सकते है। इसलिए, दुर्घटनाओं से बचने के लिए यह सुनिश्चित करना बहुत ज़रूरी है कि आपके टायर तेज़ गति के दबाव को झेल सकें।
प्रत्येक पहिये या टायर की एक निश्चित गति रेटिंग होती है, जिसमें अक्षर L का अर्थ है अधिकतम गति 120 किमी/घंटा और अक्षर Y का अर्थ है अधिकतम गति 300 किमी/घंटा।
टायर पर अंकित शब्द एवं अधिकतम गति :~
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• अक्षर L - अधिकतम गति 120 किमी।
• अक्षर M - अधिकतम गति 130 किमी।
• अक्षर N - अधिकतम गति 140 किमी।
• अक्षर P - अधिकतम गति 150 किमी।
• अक्षर Q - अधिकतम गति 160 किमी।
• अक्षर R - अधिकतम गति 170 किमी।
• अक्षर H - अधिकतम गति 210 किमी।
• अक्षर V - अधिकतम गति 240 किमी।
• अक्षर W - अधिकतम गति 270 किमी।
• अक्षर Y - अधिकतम गति 300 किमी।
आज ही अपने टायर की अधिकतम डिज़ाइन की गई गति क्षमता के बारे में जागरूक होकर सड़क पर सुरक्षित रहें।
सौजन्य से : @NCIBHQ