भाजपा सरकार ने भर्ती परीक्षाओं की गड़बड़ी रोकने की बजाय इन्हें छिपाने का मॉडल अपनाया है।
पहले नवलगढ़ में RAS भर्ती में पेपर का लिफाफा खुला मिला, भाजपा सरकार उसे छिपा गई।
फिर, अजमेर में डिप्टी जेलर भर्ती में ��िफाफा खुला मिला, भाजपा सरकार उसे भी छिपा गई।
फिर, राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड में भाजपा सरकार के दौरान चल रहा OMR शीट का घपला सामने आया, भाजपा सरकार उसे भी छिपा गई।
फिर, नॉर्मलाइजेशन के नाम पर प्राप्तांकों में हेर-फेर का मामला आया, भाजपा सरकार उसे भी छिपा गई।
अब LDC भर्ती परीक्षा में जैसलमेर में गड़बड़ी की खबरें सामने आई हैं पर यह तय है कि अपनी इमेज बनाने में लगी भाजपा सरकार इसे भी छिपा जाएगी और ���च कभी युवाओं के सामने नहीं आएगा।
युवाओं का हित इन गड़बड़ियों को छिपाकर अपना दामन साफ रखने की कोशिशों में नहीं बल्कि कहीं गड़बड़ी सामने आने पर उसे ठीक करने में है।
कोटा के न्यू मेडिकल कॉलेज में 5 प्रसूताओं की मौत का कारण जांच रिपोर्ट में सीधे तौर पर 'इलाज में लापरवाही' सामने आना बेहद संगीन, विचलित करने वाला और अक्षम्य है। यह सामान्य मौतें नहीं, बल्कि व्यवस्था की घोर संवेदनहीनता के कारण हुई संस्थागत हत्याए�� हैं। एम्स (AIIMS) की टीम द्वारा ऑपरेशन थिएटर (OT) में इन्फेक्शन की आशंका जताया जाना अस्पताल प्रशासन के दावों की धज्जियां उड़ाता है।
हद तो यह है कि इस जानलेवा लापरवाही के बाद भी वहां 5 महिलाएं जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही हैं और किडनी फेल होने जैसी गंभीर स्थिति में हैं, जिनका अभी डायलिसिस के जरिए इलाज चल रहा है। उनके लाचार परिजनों ने मुझसे मिलकर अपना दर्द बयां किया; उन्हें यह भरोसा ही नहीं है कि अस्प���ाल से छुट्टी मिलने के बाद सरकार आगे उनका इलाज करवाएगी भी या नहीं।
सरकार को तुरंत यह घोषणा करनी चाहिए कि यदि इन पीड़ित महिलाओं की किडनी पूरी तरह डैमेज होती है, तो उनके किडनी ट्रांसप्लांट और भविष्य के पूरे इलाज का शत-प्र��िशत खर्च उठाने की जिम्मेदारी सरकार की होगी।
सिर्फ कोटा ही नहीं, बीकानेर की स्थिति भी रूह कंपाने वाली है। वहां भी प्रसूताओं की किडनी फेल होने के पीछे अस्पतालों की बदहाली, गंदगी और ओटी में इन्फेक्शन का खौफनाक सच सामने आया है। ये तमाम तथ्य चिल्ला-चिल्लाकर गवाही दे रहे हैं कि पूरे प्रदेश का स्वास्थ्य महकमा खुद वेंटिलेटर पर आ चुका है और विभाग की इस आपराधिक लापरवाही ने गरीबों की जिंदगी को खिलौन��� बना दिया है।
राज्य सरकार को अब अपनी कुंभकर्णी नींद से जागना होगा। कोटा और बीकानेर की इन दर्दनाक घटनाओं को महज 'हादसा' मानकर रफा-दफा करने की कोशिश कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कल कोटा दौरे के दौरान जब मैंने इन पीड़ित और भर्ती प्रसूताओं से मुलाकात की, तो दिल दहल गया। ये सभी अत्यंत गरीब परिवारों की बेबस महिलाएं हैं, जो सरकारी तंत्र के भरोसे अस्पताल आई थीं।
मेरी मुख्यमंत्री जी से सीधी और दोटूक मांग है कि इस अक्षम्य लापरवाही के लिए जिम्मेदार बड़े अधिकारियों और डॉक्टरों को तत्काल सस्पेंड कर उनके खिलाफ आपराधिक मुकदमा दर्ज किया जाए।
साथ ही, पीड़ित परिवारों को तुरंत मुआवजा राशि दी जाए। सरकार को यह स्वीकार करना ही होगा कि यह पूरी तरह से आपकी सरकार और सिस्टम की घोर विफलता है, जिसकी कीमत निर्दोष महिलाओं को अपनी जान देकर और अपनी किडनियां गंवाकर चुकानी पड़ रही है। @BhajanlalBjp
@ashokgehlot51@RahulGandhi श्री राहुल गांधी के आने से पहले होर्डिंग पोस्टर बैनर हटवाएं गए हैं इससे तो यही साबित होता है श्री अशोक गहलोत जी का आरोप सही है भाजपा सरकार इतना डर क्यों रही है शांतिपूर्ण तरीके से राहुल गांधी नीट विद्यार्थियों से संवाद करने आ रहे हैंl
Parenting is strongest when shared.
From feeding and bathing to playing and caregiving, fathers have an important role in a child’s healthy growth and development.
Meet Kusum and Suresh from Udaipur, Rajasthan, who are showing how shared parenting can help children thrive.
#TogetherForParents #ProtectPlayProtectChildhood
यह हम सभी के लिए बेहद गर्व और खुशी की बात है कि सिरोही के डोडूआ गांव के विश्वजीत सिंह देवड़ा लंदन की क्वीन मैरी युनिवर्सिटी के छात्र संघ के अध्यक्ष चुने गए हैं। उन्होंने यह प्रेस्टीजियस चुनाव जीत कर राजस्थान का मान सम्मान बढ़ाया है।
विडंबना है कि जिस प्र���ेश से विश्वजीत सिंह आते हैं, वहीं पर राज्य सरकार छात्रसंघ चुनाव नहीं करवा रही है जबकि सभी छात्र संगठन चुनाव करवाने की मांग लगातार करते आ रहे हैं। छात्रसंघ युवा नेताओं के लिए राजनीति की नर्सरी की तरह होते हैं, राजस्थान के राजनीतिक इतिहास में अनेक नेता हुए हैं जिन्होंने छात्रसंघ चुनाव लड़कर अपनी राजनीतिक पारी शुरू की है लेकिन भाजपा सरकार की छात्रसंघ चुनाव करवाने में कोई रुचि नहीं है, बार बा��� सभी की मांग के बावजूद सरकार द्वारा इसे टर्न डाउन करना दुर्भाग्यपूर्ण है।
उपरोक्त रेलवे कॉलोनी कोटा थाना पुलिसकर्मी फरियादी को ही धमका रहा था घर आकर और आरोपी रोशन भील का पक्ष ले रहा था और बोल रहा उसकी सुनी जाएगी और तुम्हारे साथ कुछ गल��� भी कर सकता है इस तरह से डरा रहा था, @DainikBhaskar @JagranNews @Rajsthanikaka @zeerajasthan_ @RajatSharmaLive
उपरोक्त रेलवे कॉलोनी कोटा थाना पुलिसकर्मी फरियादी को ही धमका रहा ���ा घर आकर और आरोपी रोशन भील का पक्ष ले रहा था और बोल रहा उसकी सुनी जाएगी और तुम्हारे साथ कुछ गलत भी कर सकता है इस तरह से डरा रहा था, @DainikBhaskar @JagranNews @Rajsthanikaka @zeerajasthan_ @RajatSharmaLive
Respected Collector Sir I humbly request you to kindly take cognizance of this entire matter, ensure the safety of the petitioner and take the strictest possible action against such miscreants, criminals, and individuals involved in the illicit drug trade @Dcdmkota@BhajanlalBjp
उक्त प्रकरण में आरोपी और अन्य साथी शाम को पीड़ित परिवार के इर्द-गिर्द घूमता हुआ पाया ���या है पीड़ित परिवार के किसी भी सदस्य के साथ कोई भी अप्रिय घटना होती है तो उसकी जिम्मेवारी कौन लेगा?? sir
@KotaPolice
यूनिसेफ भारत सरकार के साथ मिलकर बिहार के ग्रामीण इलाक़ों में खेलकूद के जरिए बच्चों का समग्र विकास कर रहा है।
यह एक तरह का शान्त बदलाव है, जिसमें यूनिसेफ़ स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को यह सिखा रहा है कि वे खेल के ज़रिए, ���िस तरह बच्चों की देखभाल और सीखने में परिवारों की मदद करें।
#ForEveryChild, play
राज्य विधानसभा में मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में, प्रस्तुत राजस्थान बजट 2026-27 में, युवाओं को सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में, महत्वपूर्ण घोषणाएं की गई हैं। विद्यार्थियों को रोजगार परक कौशल, करियर गाइडेंस तथा डिजिटल मेंटरिंग के लिए, DREAM प्रो��्राम एवं युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए, Institute of Skill Development and Vocational Training प्रारंभ करने की घोषणा की।
#बजट_समृद्ध_राजस्थान_का
#आपणो_अग्रणी_राजस्थान