आज दिनांक 28-09-2026 को समय सुबह 11:30 बजे, बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष, उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री एवं पूर्व सांसद माननीया बहन कु. मायावती जी, कुछ महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर ANI /PTI /IANS/ को बाइट देंगी
माननीय गृहमंत्री जी आपने अपने व्यक्तव्य में कहा उत्तर प्रदेश में बसपा सरकार में उत्तर प्रदेश अपराध की इंडस्ट्री,कट्टा और तमंचा की इंडस्ट्री लगती थी.वाहन चुराने का कुटीर उद्योग लगता था .चैन स्नेचिंग का उद्योग था. माननीय गृहमंत्री जी जिस पद को आप सुशोभित कर रहे हैं उसे पद पर बिना तथ्यों के बिना बात करना आपकी छवि को धूमिल करता है. आपकी जानकारी हेतु बताना चाहता हूँ .उत्तर प्रदेश में आदरणीय बहन जी की चार बार की सरकार में उत्तर प्रदेश में गुंडाराज माफिया राज और डाकुओं का राज खत्म किया. गुंडा टैक्स बंद कर कराया गया। कहीं कोई दंगा फसाद नहीं हुआ। हर वर्ग में अमन चैन स्थापित हुआ।गरीब और अमीर पूरी तरह खुश थे। गरीब परिवारों को जमीनों का मालिकाना हक दिया गया जहाँ पर वह रहते थे। भूमिहीनों को दो से तीन तीन एकड़ के जमीन के पट्टे दिये गये।लेकिन आपकी सरकार ने उनको बुलडोजर से बेघर कर दिया आज भी यूपी के गरीब लोग दर-दर भटकने के लिए मजबूर हो रहे हैं। और आपकी जानकारी में बताना चाहता हूँ 2017 से लेकर 2024 की यूपी में आपकी बीजेपी सरकार में पेपर लीक का उद्योग चरम पर ���हुंच गया है ।जिसके तहत नए-नए कीर्तिमान स्थापित हुए 2017 में यूपी पुलिस एसआई भर्ती परीक्षा रद्द 2018 में (uppcl) उत्तर प्रदेश में पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड परीक्षा रद्द, 2018 में यूपी पुलिस कांस्टेबल नलकूप चालक भर्ती परीक्षा रद्द ,2021 में UPTET परीक्षा पेपर वापस रद्द ,2022 में लेखपाल भर्ती परीक्षा पेपर लीक रद्द ,2024 में यूपी पुलिस कांस्टेबल पुलिस भर्ती परीक्षा पेपर लीक और रद्द जिसमें 48 लाख अभ्यर्थी प्रभावित हुए, 2024 में यूपी में RO/ARO समीक्षा अधिकारी परीक्षा पेपर लीक की वजह से रद्द, 2022 में यूपी बोर्ड के इंग्लिश पेपर 12 जिलों में परीक्षा पेपर लीक हुआ जिसकी वजह से आपको पेपर रद्द करना पड़ा था ।आपकी बीजेपी सरकार में उत्तर प्रदेश में मध्य प्रदेश के व्यापम घोटाला की तरह ही पेपर लीक उद्योग स्थापित हुआ ।जिसकी वजह से उत्तर प्रदेश में करोड़ों छात्र प्रभावित हुए हैं और तमाम छात्रों का भविष्य अंधकार मय हुआ है।उसकी पूरी की पूरी जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार की है। साथ ही मैं कुछ आंकड़ों को आप को बताना चाहता हूँ 2017 से अब तक 26000 ज्यादा उत्तर प्रदेश में सरकारी प्राथमिक और जूनियर स्कूल बंद किए गए शिक्षा का पूरा हाल हुआ। आज उत्तर प्रदेश की बीजेपी सरकार की गलत नीतियों की वजह से सात लाख से अधिक बच्चे आउट ऑफ स्कूल हैं उनको पढ़ने के अवसर ही नहीं मिल रहा है।और वही 2007 से 2012 के बीच में आदरणीय बहन ��ी के शासनकाल में 5000 प्राथमिक और जूनियर स्कूल खोले गए। 2007 से 12 के बीच में आदरणीय बहन जी की सरकार में 572 राजकीय हाई स्कूल माध्यमिक विद्यालय खोले गए, साथी 100 से अधिक डिग्री कॉलेज और 6 विश्व स्तरीय विश्वविद्यालय,5 इंजीनियरिंग कॉलेज, 7 मेडिकल कॉलेज भी खोले गए ,विशेष रूप से दलित और पिछड़े बहुल ग्रामीण क्षेत्र में माध्यमिक शिक्षा की पहुंच बढ़ाने के लिए इन विद्यालयों का निर्माण कराया गया। और इस कार्य में आपकी बीजेपी सरकार ने 10 सालों में जीरो का कीर्तिमान स्थापित किया है। गरीब परिवारों के बच्चों को डॉक्टर, इंजीनियर, बैंकर्स बनाने के लिए छह कोचिंग इंस्टीट्यूट खोलने का काम किया उदाहरण स्वरूप लखनऊ के गोमतीनगर स्थापित भागीदारी भवन है आप यहाँ जाकर विजिट कर सकते हैं।उसके साथ ही में आपको या भी बताना चाहता हूं 2007 से पहले उद्योग प्रदेश डाकुओं के नाम से जाना जाता था चारों तरफ दहशत का माहौल था उस माहौल को खत्म करके उत्तर प्रदेश को भय मुक्त प्रदेश बनाया। आज यूपी में जातिवाद ऊँच नीच की भावना चरम पर हेयर बहन जी के शासनकाल में इस तरह ��ा कोई माहौल नहीं था। सभी लोग भाई चारे के साथ अमन और चैन से रहते थे। पिछले 10 सालों में हत्या बलात्कार जबरन कब्जा आदि घटनाएं चरम पर हैं। उत्तर प्रदेश में नकली दवाइयां का उद्योग भी चरम पर है जिसकी वजह से कई बच्चों की जान चली गई लेकिन दोषियों और नकली दवाई उद्योग को बुलडोजर चला कर ध्वस्त करने की बजाय उनको भी संरक्षण प्राप्त है।इसलिए आप इस तरह की बातें करना कहीं ना कहीं से आपका और आपके पद को शोभा नहीं देता है।धन्यवाद
जय भीम जय भारत
इस समय अनुसुचित जातिया/जनजाति सबसे मुश्किल दौर में है क्योंकि एक systematic तरीके से उसपर चारो तरफ से हमले हो रहे है।। प्रत्यक्ष, अप्रत्यक्ष व साइलेंट तौर पर।।इसका मुख्य कारण यह है कि;
1.एससी एसटी को नया कुछ न मिले।
2.जो मिल रहा है, सरकार उसमे कटौती कर दे।
कुल मिलाकर एससी/एसटी को पुनः वंही ले जाने की योजना है, जँहा से बाबा साहब उठ��कर लाये थे।।
ऐसे में इस Systematic अटैक का जवाब देने के लिए अनुसुचित जातीयो में से बुद्धिजीवी व्यक्तिओ को आगे आना चाहिए जो "क्यो, कब, कैसे" के आधार पर नैरेटिव को कॉउंटर कर सके।
इस सम्बंध में हम इस पर विचार कर रहे है की;
1.एक बकायदा टीम बनाई जाए।
2.वेबिनार के माध्यम से आपस मे कनेक्ट होकर कॉउंटर करने पर चर्चा करनी चाहिए।
3.व्हाट्सएप्प ग्रुप्स के माध्यम से।
3.वीडीओ/क्लिप्स बनाई जाए।।
कौन सा विचार सही ���ै। या इससे अलग अन्य कोई विचार, जिसमे खर्च भी न हो। क्योंकि सहायता करने वाले 100 में से 2 ही मिलते है, फिर ऐसी कई योजनाओं में मेरी जेब से ही पैसा जाता है।।
बाकी एससी अपने ऊपर रहे कॉउंटर का जवाब नही दे रहा। जिसके कारण सरकार अंदर खाने उंसके लिए कोई योजना पर सीरियस नही है।। नई बनने की बात दूर की है, जो चल रही है, उसका क्रियान्वयन भी नही हो रहा।
कम से कम एससी समाज को इसकी जानकारी होनी चाहिए।।
विकास कुमार जाटव