जब पति पत्नी बाहर घूमने जाते है और परिस्थिति एक दूसरे के विरोध में हो तो फिर झगड़ा होना तय है
और फिर झगड़ा किसी एक चीज पर नहीं होता बात बात पर होता है.......🤣
उस परिस्थिति में दोनों एक दूसरे से अपनी बात
मनमाने पर जोर देते है तो इस तरह की वार्तालाप होना लाजमी है ......😀
जन-सहानुभूति के मुखौटे के पीछे छिपी यह बात दिखाती है कि अखिलेश जी को जनता के दुखों से ज़्यादा सत्ता से दूर रहने की तड़प होती है।
यह विरोधाभास उजागर करता है कि राजनीति में अक्सर जनता की पीड़ा सिर्फ एक ज़रिया होती है, जबकि असली दर्द सत्ता छिन जाने का होता है।
कन्नौज में पाल समाज के नेता को सपाई गुंडों ने पीटा। उन्हें बचाने पहुंचे पुलिसकर्मियों के साथ भी धक्कामुक्की की गई हिंदुस्तान आजाद मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश पाल को अखिलेश यादव का पुतला फूंकने पहुंचे थे। पुलिस ने उसे सपाइयों के चंगुल से बचाया
कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से लड़ाई में अब उत्तर प्रदेश पीछे नहीं, आगे बढ़ रहा है।
एक समय था जब गंभीर कैंसर उपचार के लिए मरीजों को लखनऊ से बाहर दिल्ली या मुंबई जैसे बड़े शहरों का रुख करना पड़ता था। इलाज के साथ यात्रा, रहने और खर्च की चिंता परिवारों की परेशानी और बढ़ा देती थी।
योगी सरकार ने स्वास्थ्य क्षेत्र में आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार पर जोर दिया। लखनऊ में कल्याण सिंह कैंसर संस्थान को अत्याधुनिक सुविधाओं से विकसित किया गया और पूर्वांचल में भी कैंसर उपचार की सुविधाओं का विस्तार हुआ।
इसके साथ ही प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में डे-केयर कीमोथेरेपी जैसी सुविधाएं मरीजों के नजदीक पहुंचाने की दिशा में काम हुआ। आयुष्मान भारत जैसी योजनाओं ने पात्र परिवारों के लिए महंगे इलाज का आर्थिक बोझ कम करने में मदद की।
मकसद साफ है—इलाज के लिए मरीज को अपना घर-परिवार छोड़कर दूर-दराज न भटकना पड़े।
यही बदलते उत्तर प्रदेश की तस्वीर है—
आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं, बेहतर उपचार और मरीजों के लिए आसान पहुंच।
स्वस्थ उत्तर प्रदेश, सशक्त उत्तर प्रदेश।
योगी सरकार—जनस्वास्थ्य के प्रति प्रतिबद्ध सरकार।
उत्तर प्रदेश के स्थानीय कारीगरों का पारंपरिक हुनर अब ODOP योजना के माध्यम से वैश्विक पहचान की ओर बढ़ रहा है योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में यूपी की स्थानीय कला,हस्तशिल्प और पारंपरिक उत्पादों को नए बाजार, रोजगार के अवसर और सम्मान मिल रहा है जब स्थानीय हुनर को वैश्विक मंच मिलता है
अखिलेश सरकार के दौर में एंबुलेंस और स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर कई सवाल उठते थे। आज योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर किया जा रहा हैं। 108 और 102 एंबुलेंस सेवाएँ आपातकाल में मरीजों तक सहायता पहुँचाने में अहम भूमिका निभाती हैं। योगी सरकार का लक्ष्य स्पष्ट है हर जरूरतमंद को समय पर एंबुलेंस और बेहतर इलाज मिले।
कन्नौज में अखिलेश यादव का पुतला फूंकने पहुंचे हिंदुस्तान आजाद मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश पाल के साथ मारपीट की गई। उन्हें बचाने पहुंचे पुलिसकर्मियों से भी धक्कामुक्की हुई। पाल समाज के नेता के साथ हुई इस घटना को लेकर समाज में आक्रोश है, जिसका जवाब 2027 में सपा को मिल सकता है।
जहाँ जनता पीड़ित है और अपमानित हो रही है, वहाँ हम भी उनके साथ खड़े हैं। आपके दुख और पीड़ा में हम आपके सहभागी बनेंगे। लेकिन 10 साल सत्ता से बाहर रहना भी एक बड़ी पीड़ा है!
पूर्वांचल और आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में यह एक बड़ा कदम है। असली विकास वही है, जिसका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे और किसी परिवार को इलाज के लिए अपनी सारी जमा-पूंजी खर्च करने की मजबूरी न हो।
उत्तर प्रदेश में विकास की चर्चा केवल सड़कों और इमारतों तक सीमित नहीं होनी चाहिए। असली विकास तब दिखाई देता है, जब आम आदमी को बेहतर अस्पताल, आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं और समय पर इलाज मिल सके।
जनता का दुख तो बस एक जरिया और बहाना है,
सहानुभूति के मुखौटे में असली मकसद सत्ता पाना है।
इन्हें जनता की पीड़ा से ज़्यादा, सत्ता से दूर रहने का मलाल है।
गोरखपुर और रायबरेली के AIIMS इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इन संस्थानों से पूर्वांचल सहित आसपास के क्षेत्रों के लोगों को विशेषज्ञ डॉक्टरों और बेहतर चिकित्सा सेवाओं तक पहुंच बनाने में मदद मिलती है। स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किसी एक क्षेत्र की नहीं, बल्कि पूरे समाज की जरूरत है। जनता को राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप से आगे बढ़कर उन प्रयासों पर भी ध्यान देना चाहिए, जो लोगों के जीवन को बेहतर बनाने में योगदान देते हैं।
मुखौटा जन-सहानुभूति का, पर मन में सत्ता पाने की चाह है,
यहाँ जनता की पीड़ा नहीं, कुर्सी छिन जाने की ही असली आह है।
राजनीति का कड़वा सच यही है कि दुख सिर्फ एक ज़रिया बनकर रह जाता है।
अखिलेश सरकार के दौर में महंगे इलाज का खर्च परिवारों पर बोझ बनता था और योगी जी के नेतृत्व में पात्र गरीब परिवारों को आयुष्मान भारत योजना के तहत ₹5 लाख तक के इलाज की सुविधा मिल रही है। गरीब के लिए बेहतर इलाज और परिवार के लिए आर्थिक सुरक्षा यही है जनकल्याणकारी शासन की पहचान!
बीमारी किसी को बताकर नहीं आती, लेकिन महंगा इलाज पूरे परिवार की आर्थिक स्थिति बिगाड़ सकता है। अखिलेश यादव जी के शासनकाल की तुलना में आज योगी आदित्यनाथ जी की सरकार में पात्र गरीब परिवारों को आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से ₹5 लाख तक के इलाज की सुविधा मिल रही है।
यह केवल एक योजना नहीं, बल्कि जरूरतमंद परिवारों को आर्थिक सुरक्षा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। जनकल्याण ही सुशासन की असली कसौटी है।
कन्नौज में पाल समाज के नेता को सपाई गुंडों ने पीटा। उन्हें बचाने पहुंचे पुलिसकर्मियों के साथ भी धक्कामुक्की की गई। हिंदुस्तान आजाद मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश पाल को अखिलेश यादव का पुतला फूंकने पहुंचे थे। पुलिस ने उसे सपाइयों के चंगुल से बचाया। अखिलेश यादव के संसदीय क्षेत्र में सपाइयों की गुंडागर्दी का जवाब पाल समाज 2027 के चुनाव में सपा को देगा।
उत्तर प्रदेश के स्थानीय कारीगरों का पारंपरिक हुनर ODOP योजना के माध्यम से वैश्विक पहचान बना रहा है। योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में स्थानीय कला, हस्तशिल्प और उत्पादों को नए बाजार, रोजगार के अवसर और सम्मान मिल रहा है।
💙
हे प्राण कादंबरी ,प्रिये वैदेही ❣️
सुनो ~:) 🌹
तुम दिखती हो तो ,
सुबह ना
कुछ अधिक
सुनहरी हो जाती ,
दृष्टि जी लेती
है अमरत्व ,ये
धडकने भी
तो जीवंत हो
हो जाती हैं प्रेम गीत :)🌹
हाय ~:)🔥
तुम्हारा दिखना जैसे
प्राण वायु है
प्रिये ~:)🌹,
कुछ ऐसा हो के
तुम दिखती रहो
यूँ ही ,और
मैं काल
का ठिठका हुआ
क्षण हो जाऊँ ,
मेरी प्राण प्रिये वैदेही ~:)🌹 ~💙
~छुअन
❣️🌹❣️
शुभ प्रभात 🌹
#सिर्फ_तुम ❣️