तोलोलिंग की वो रात... 🌉
एक आखिरी खत..
एक आखिरी लड़ाई...
और भारत ने देखा वो दृश्य जिसे भूलना नामुमकिन है। जब शहीद मेजर विवेक गुप्ता साहब को उनकी आर्मी ऑफिसर पत्नी कैप्टन राजश्री मैडम ने आखिरी सलामी दी... 🇮🇳💔
सैल्यूट Maj विवेक गुप्ता साहब। 🫡
कारगिल की बर्फीली चोटियों पर जब मौत हर कदम पर खड़ी थी, तब मेजर विवेक गुप्ता (महावीर चक्र) ने अपने साथियों से सिर्फ एक बात कही..
"पीछे मत हटना... आगे बढ़ो!"
गोलियां उनके शरीर को छलनी करती रहीं, लेकिन उनका हौसला नहीं टूटा। उन्होंने दुश्मन के बंकर तबाह किए और तोलोलिंग की जीत की नींव अपने रक्त से लिख दी।
युद्ध पर जाने से पहले उन्होंने अपनी पत्नी के नाम एक खत लिखा था...
"मैं एक बहुत ही महत्वपूर्ण मिशन पर जा रहा हूँ... अपना ख्याल रखना... मैं जल्द लौटूंगा।"
वह लौटे...
लेकिन तिरंगे में लिपटकर। 🇮🇳
फिर आया वह दृश्य, जिसे भारत कभी नहीं भूल सकता।
उनकी पत्नी कैप्टन डॉ. राजश्री बिष्ट, जो स्वयं सेना की अधिकारी थीं, रोती हुई पत्नी बनकर नहीं, बल्कि वर्दी में एक सैनिक बनकर आईं।
कांपते दिल, भीगी आंखों और अडिग हिम्मत के साथ उन्होंने अपने शहीद पति को अंतिम सैन्य सलामी दी।
मेजर विवेक गुप्ता और कैप्टन डॉ. राजश्री बिष्ट के साहस, प्रेम और त्याग को शत-शत नमन।
जय हिंद! 🇮🇳
❤️ यदि आप भी इन अमर वीरों को सलाम करते हैं, तो इस पोस्ट को अधिक से अधिक साझा करें ताकि देश की नई पीढ़ी जान सके कि आज़ादी सिर्फ शब्द नहीं, अनगिनत बलिदानों की विरासत है।
#KargilWar #MajorVivekGupta
तोलोलिंग की वो रात... 🌉
एक आखिरी खत..
एक आखिरी लड़ाई...
और भारत ने देखा वो दृश्य जिसे भूलना नामुमकिन है। जब शहीद मेजर विवेक गुप्ता साहब को उनकी आर्मी ऑफिसर पत्नी कैप्टन राजश्री मैडम ने आखिरी सलामी दी... 🇮🇳💔
सैल्यूट Maj विवेक गुप्ता साहब। 🫡
कारगिल की बर्फीली चोटियों पर जब मौत हर कदम पर खड़ी थी, तब मेजर विवेक गुप्ता (महावीर चक्र) ने अपने साथियों से सिर्फ एक बात कही..
"पीछे मत हटना... आगे बढ़ो!"
गोलियां उनके शरीर को छलनी करती रहीं, लेकिन उनका हौसला नहीं टूटा। उन्होंने दुश्मन के बंकर तबाह किए और तोलोलिंग की जीत की नींव अपने रक्त से लिख दी।
युद्ध पर जाने से पहले उन्होंने अपनी पत्नी के नाम एक खत लिखा था...
"मैं एक बहुत ही महत्वपूर्ण मिशन पर जा रहा हूँ... अपना ख्याल रखना... मैं जल्द लौटूंगा।"
वह लौटे...
लेकिन तिरंगे में लिपटकर। 🇮🇳
फिर आया वह दृश्य, जिसे भारत कभी नहीं भूल सकता।
उनकी पत्नी कैप्टन डॉ. राजश्री बिष्ट, जो स्वयं सेना की अधिकारी थीं, रोती हुई पत्नी बनकर नहीं, बल्कि वर्दी में एक सैनिक बनकर आईं।
कांपते दिल, भीगी आंखों और अडिग हिम्मत के साथ उन्होंने अपने शहीद पति को अंतिम सैन्य सलामी दी।
मेजर विवेक गुप्ता और कैप्टन डॉ. राजश्री बिष्ट के साहस, प्रेम और त्याग को शत-शत नमन।
जय हिंद! 🇮🇳
❤️ यदि आप भी इन अमर वीरों को सलाम करते हैं, तो इस पोस्ट को अधिक से अधिक साझा करें ताकि देश की नई पीढ़ी जान सके कि आज़ादी सिर्फ शब्द नहीं, अनगिनत बलिदानों की विरासत है।
#KargilWar #MajorVivekGupta
तोलोलिंग की बर्फीली चोटियों पर देश के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले अमर शहीद मेजर विवेक गुप्ता और उनकी पत्नी कैप्टन डॉ. राजश्री बिष्ट के अदम्य साहस, प्रेम और बलिदान को शत-शत नमन! 🇮🇳 ऐसे वीरों की गाथा हर भारतीय के दिल में हमेशा अमर रहेगी। जय हिंद! 🫡 #KargilWar #MajorVivekGupta
••ज़िंदगी जीना आसान नहीं होता
ज़िंदगी को
आसान बनाना पड़ता है
थोड़ा सब्र करके, थोड़ा बर्दाश्त करके
और
बहुत कुछ नज़रअंदाज़ करके
याद रखिए
हर बात का जवाब देना ज़रूरी नहीं
होता
कई बार खामोशी और मुस्कान ही
सबसे बड़ा जवाब होती है