सुभासपा के राष्ट्रीय मीडिया संयोजक और राष्ट्रीय प्रवक्ता पीयूष मिश्रा जी ने प्रज्ञा जी के ��वास पहुँचकर दिवंगत बहन ‘दिव्या मिश्रा’ जी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं @PMLUCKNOW @PragyaLive
पूर्व विधायक उदयराज यादव जी ने प्रज्ञा जी के आवास पहुँचकर दिवंगत बहन ‘दिव्या मिश्रा’ जी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं @PragyaLive
बीजेपी नेता अविचल शुक्ला जी ने प्रज्ञा जी के आवास पहुँचकर दिवंगत बहन ‘दिव्या मिश्रा’ जी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने शोकाकुल परिवार से मिलकर अपनी गहरी संवेदनाएँ व्यक्त कीं
आदि शक्ति फाउंडेशन की संस्थापक और समाजसेवी नूतन सिंह जी ने प्रज्ञा जी के आवास पहुँचकर दिवंगत बहन ‘दिव्या मिश्रा’ जी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने शोकाकुल परिवार से मिलकर अपनी गहरी संवेदनाएँ व्यक्त कीं @PragyaLive
कांग्रेस नेत्री श्र���मती पूनम पंडित जी ने प्रज्ञा जी के आवास पहुँचकर दिवंगत बहन ‘दिव्या मिश्रा’ जी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने शोकाकुल परिवार से मिलकर अपनी गहरी संवेदनाएँ व्यक्त कीं @PoonamPanditIND @PragyaLive
समाजवादी पार्टी की राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं वरिष्ठ नेत्री श्रीमती जूही सिंह जी ने ‘दिव्या मिश्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..प्रज्ञा जी के शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं.. @juhiesingh@PragyaLive
उन्नाव के हसनगंज से अमर उजाला संवाददाता संदीप मिश्रा, आनंद पंडित, पंकज शुक्ला और राघवेंद्र सिंह जी ने ‘दिव्या मिश्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..प्रज्ञा जी के शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं..
कांग्रेस प्रवक्ता अंशू अवस्थी जी ने ‘दिव्या मिश्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..प्रज्ञा जी के शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं.. @anshuINC@PragyaLive
17 लखनऊ पब्लिक स्कूल की संस्थापक और पूर्व एमएलसी कांति सिंह ने ‘दिव्या म���श्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..प्रज्ञा जी के शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं.. @PragyaLive @KantiSingh9
वरिष्ठ पत्रकार देवकी नंदन मिश्रा जी..अविनीश विद्यार्थी जी ने ‘दिव्या मिश्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..प्रज्ञा जी के शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं..@mishradeoki@awanishvidyarth
सीसामऊ से विधायक नसीम सोलंकी जी और पूर्व विधायक इरफान सोलंकी जी ने ‘दिव्या मिश्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..प्रज्ञा जी के शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं.. @solanki_naseem@IrfanSolanki@PragyaLive
पूर्व बरेली सिटी मजिस्ट्रेट, PCS अधिकारी और राष्ट्रीय अधिकार मोर्चा के अध्यक्ष अलंकार अग्निहोत्री जी ने ‘दिव्या मिश्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं.. @alankar82@PragyaLive
सिराथू विधायक डॉ पल्लवी पटेल जी ने ‘दिव्या मिश्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं.. @pallavi_apnadal@PragyaLive
The pain of loosing your sibling never goes away ,but destiny has it’s own plans @PragyaLive you are brave and never feel alone ,we are with you ,Divya will always be in our memories
रोशनी जी, कांग्रेस के नेशनल मीडिया पैनलिस्ट और वरिष्ठ कांग्रेस नेता सुरेंद्र राजपूत जी ने ‘दिव्या मिश्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं @ssrajputINC@Roshani000@PragyaLive
मोहनलालगंज से सांसद आरके चौधरी जी, राज बाला रावत जी ने प्रज्ञा जी के आवास पहुँचकर ‘दिव्या मिश्रा’ जी को श्रद्धांजलि अर्पित की..शोकाकुल परिवार से मिलकर संवेदनाएँ व्यक्त कीं @PragyaLive
झूठ प्रचारित किया जा रहा है कि दिव्या ने हत्यारे मानस से डेढ़ करोड़ की Alimony मांगी थी…Alimony और स्त्रीधन में अंतर होता है…स्त्रीधन वो होता है जो म��िला को उसकी शादी से पहले, शादी के समय या शादी के बाद प्राप्त होता है..जिसपर महिला का अपना अधिकार होता है..
Alimony कानूनी तौर पर पति पत्नी के अलग हो जाने के बाद Divorce Decree के बाद Permanent Alimony धारा 25 के तहत मांगी जा सकती है..
दिव्या का केस कोर्ट में दाखिल हुए एक साल का भी समय नहीं हुआ है…तलाक के केस में मुकदमे को 8 चरणों से होकर गुजरना पड़ता है..
1- नोटिस और जवाब
2- मध्यस्थता
3- काउंसलिंग/सुलह का प्रयास
4- दोनों पक्षों की बातों को सुनना
5- समझौते का अवसर
6- समझौता न होने पर आगे प्रोसीडिंग
7- फाइनल डिवोस
8 - परमानेंट एलिमनी/भरण पोषण/ गुजारा भत्ता
दिव्या का केस लेवल 2 या 3 यानी मध्यस्तता और काउंसलिंग तक तक ही प��ुंचा था..काउंसलिंग में भी 6 राउंड होते हैं..दिव्या के केस में केवल एक राउंड हुआ था..जब पति पत्नी आमने सामने बैठते हैं...और कोर्ट ये देखता है कि जोड़ा साथ रह सकता है या नहीं…तो Permanent Alimony या जिसे इलीमनी कहा जा रहा है वो केवल एक दुष्प्रचार है…
अब आते हैं स्त्रीधन पर..स्त्रीधन शादी में दुल्हन को मिला उपहार या उसे मिले जेवरात होते हैं…स्त्रीधन ऐसे ही नहीं मिल जाता है..कोर्ट में उसके फोटो सबूत लगाने पड़ते ���ैं..साबित करना पड़ता है कि आमुक वस्तु स्त्री की है..शादी की फोटो में जो स्त्रीधन दिखाई देता है जज उसे ही कंसीडर करते हैं…या फिर अगर कोई बिल मौजूद हो तो उसे कंसीडर किया जाता है. दिव्या ने बिल लगाए थे..फोटो लगाए थे..मुझे इस बात की जानकारी नहीं है कि कितनी राशि के स्त्रीधन की मांग की गई है..अगर डेढ़ करोड़ के स्त्रीधन की डिमांड की गई है तो आप अंदाजा लगा सकते हैं कि दिव्या की शादी में कितना स्त्रीधन उसके मां बाप ने दिया होगा..
स्त्री से व���वाहिक संबंध विच्छेद की स्थिति में कोई पुरुष स्त्रीधन का भोग नहीं कर सकता…अगर पत्नी आर्थिक तौर पर सक्षम है तो इस स्थिति में पत्नी को Alimony यानी गुजारा भत्ता मांगने का अधिकार नहीं है…कोई मांगता भी है तो मिलता नहीं है..दुनिया जानती है कि दिव्या..हत्यारे मानस से ज्यादा ऊंचे ओहदे पर थी..आर्थिक तौर पर उससे ज्यादा मजबूत थी..तो एलिमनी शब्द का इस्तेमाल केवल कीचड़ उछालने के लिए किया जा रहा है…
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घर में माहौल ऐसा नहीं है कि वीडियो बना पाऊं..इसलिए समय मिलने पर अपनी बात लिखकर आपसे संवाद करती हूं..अब आती हूं असली बात पर
1- अब असली बात ये नहीं है कि हत्यारा मानस सनकी, साइको, डुअल पर्सनालिटी, घरेलू हिंसा प्रेमी था..असली बात ये है कि जिस व्यक्ति के घर पर एक बांस की मजबूत लाठी भी नहीं थी…उसके घर पर दो पिस्टल..और एक देसी तमंचा कहां से आया ?
2- कौन उसे इस हत्याकांड के लिए मोटीवेट कर रहा था ?
3- वो बाजार से पकाने के लिए एक बार में सारी जरूरी सब्जियां नहीं ला सकता था…उसे रेयर पिस्टल कैसे मिले? कौन से हथियार किसकी हत्या में इस्तेमाल हुए ?
4- किसने उसे इस जघन्य अपराध के लिए तैयार किया ?
5- कौन था हत्यारे मानस का कोच ?
6- व्यक्ति इतना ट्रिगर तभी होता है जब उसे कोई रोज भड़काए ? डिवोस केस तो लंबे समय से चल रहा था..अंतिम स्टेटस में हत्यारे ने चीट शब्द लिखा..अगर मानस को मालूम था कि दिव्या उसे चीट कर रह�� है.. तो तलाक के केस में उसे अपनी पत्नी को चरित्रहीन साबित करके अपरहैंड मिल जाता…क्या ‘चीट’ शब्द पुलिस को भटकाने के लिए लिखा गया ?
7- क्या हत्यारे मानस की मानसिक स्थिति का किसी ने इस्तेमाल किया है?
8- क्या किसी की नजर मानस के घर में मौजूद कथित ‘डेढ़ करोड़’ के स्त्रीधन पर थी ?
9- मानस साइको था..घरेलू हिंसा का आदी था..लेकिन समाज में सभ्यता दर्शाता था..वो चींटी नहीं मार सकता था..
10- हत्यारा घर में पिस्टल और तमंचे नहीं उगाया होगा कहीं से तो ल��या होगा..?
11- अगर बैंक के सामान्य बाबू की पहुंच पिस्टल गिरोह तक है तो फिर लखनऊ को सतर्क रहने की जरूरत है
12- मानस ने तीन में से किसी को दूर से शूट नहीं किया सबको सटाकर सिर में गोली मारी..क्या ये प्लान था…या फिर दिव्या को मानस ने मारा
मानस और शीबा को किसी और ने मार दिया ?
14- ये ओपन शट केस नहीं है…बहुत ज्यादा मिस्टीरियस केस है ?
15- बैंक और घर की दूरी 10-15 मिनट की थी..दिव्या की हत्या के बाद 35-45 मिनट मानस कहां था ?
16- क्या मानस के फोन में स्टेटस किसी और ने अपडेट किया..क्योंकि मानस हिंग्लिश में लिखता था..स्टेटस अपडेट इंग्लिश में था ?
17- क्या हत्याकांड और घर के रास्ते के बीच हत्यारा मानस कहीं और भी रुका था ?
18 - अगर रुका था तो किसके पास..क्या अपने कोच के पास ?
19- क्या मानस के घर के भीतर कोई तीसरा भी मौजूद था जिसने मानस और उसकी बहन को मारा ?
20- क्या मानस के घर के भीतर घुसने और निकलने का कोई और रास्ता भी था ?
21- पुलिस को इन पहल���ओं पर जांच करनी चाहिए…अगर इन सब सवालों के जवाब नहीं मिलते हैं..
22- पिस्टल कहां से आईं नहीं मालूम चलता है तो केस किसी और एजेंसी को दिया जाना चाहिए..
23- सच्चाई का बाहर आना बहुत जरूरी है..ये ओपन एंड शट केस नहीं है, मेरी बहन और उस मानसिक बीमार लड़की शीबा को न्याय मिलना चाहिए
24- लखनऊ में तीन हथियारों के साथ बैंक कर्मचारी मर्डर प्लान कर रहा है..असलहे ला रहे है
25- ऐसी पुलिसिंग से बेहतर माफिया काल था..कम से कम लोगों को मालूम तो होता था किससे साव���ान रहना है..
लखनऊ में मशहूर एंकर और पत्रकार श्रीमती प्रज्ञा मिश्रा जी की बहन की हत्या के दुखद मामले में आज उनके आवास पर पहुंच श्रद्धांजलि अर्पित की।।
शोकाकुल परिवार से मुलाकात कर अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त की।।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष श्री अजय राय जी ने प्रज्ञा जी के आवास पहुँचकर दिवंगत बहन ‘दिव्या मिश्रा’ जी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की और शोकाकुल परिवार से मिलकर अपनी गहरी संवेदनाएँ व्यक्त कीं.. @kashikirai