बालोतरा जिले के भांडियावास के पास देर रात हुई भीषण सड़क दुर्घटना अत्यंत दुखद और हृदयविदारक है।
इस हादसे में आरएलपी परिवार के सदस्य, बायतू विधानसभा क्षेत्र के कानोड़ निवासी स्वरूपाराम गोदारा, भरत गोदारा, भावेश गोदारा, रेवन्ताराम थाकन और किशन लेगा का असामयिक निधन अत्यंत पीड़ादायक है। एक ही परिवार के तीन सदस्यों तथा दो पड़ोसी युवाओं का इस प्रकार असमय चले जाना अपूरणीय क्षति है।
दिवंगतों के परिजनों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हुं । ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोकाकुल परिवारों को यह असहनीय दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
यह हृदयविदारक हादसा एक गंभीर चेतावनी भी है। सड़क पर थोड़ी-सी लापरवाही भी पूरे परिवार की खुशियां छीन सकती है। आप सभी से आग्रह है कि वाहन चलाते समय गति सीमित रखें, यातायात नियमों का पालन करें, सीट बेल्ट एवं हेलमेट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें तथा थकान या नींद की स्थिति में वाहन चलाने से बचें। आपकी सावधानी ही आपके परिवार की सबसे बड़ी सुरक्षा है।
फायर NOC के बिना संचालित व्यावसायिक गतिविधियों व इस तंत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार को लेकर RLP के सुप्रीमों व नागौर सांसद श्री हनुमान बेनीवाल जी ने भी समाचार पत्र राजस्थान पत्रिका के मुद्दे को प्रमुखता उठाया |
#NewsUpdate#RLP#MPNagaur
राजस्थान में पेपर लीक माफिया पर सरकार की कथित "जीरो टॉलरेंस" नीति की सच्चाई अब एक-एक कर सामने आ रही है।
जिस व्यक्ति पर 10 पेपर लीक मामलों में वारंट जारी हैं, जो लंबे समय से फरार बताया जा रहा है, उसके परिवार को फरारी के दौरान ही 20 करोड़ रुपये का बजरी खनन ठेका मिल जाना भारतीय जनता पार्टी की सरकार पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
हम राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री @BhajanlalBjp से पूछना चाहते है कि क्या यही है भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई?
क्या फरार आरोपियों और उनके नेटवर्क को सरकारी संरक्षण मिल रहा है ?
क्या युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों पर कार्रवाई सिर्फ कागज़ों तक सीमित है?
राजस्थान के लाखों बेरोजगार युवा वर्षों से न्याय की प्रतीक्षा कर रहे हैं। सरकार को बताना चाहिए कि आखिर किन परिस्थितियों में ऐसे व्यक्ति के परिवार को करोड़ों का सरकारी ठेका दिया गया?
राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी की राज्य सरकार से मांग है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच करवाई जाए और यदि किसी भी स्तर पर मिलीभगत या संरक्षण सामने आता है तो संबंधित अधिकारियों एवं दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।
युवाओं के भविष्य से समझौता और भ्रष्टाचार पर पर्दा—दोनों किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किए जा सकते।
@RajCMO
मैं प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी से पूछना चाहता हूं कि आज आप राजस्थान के पचपदरा आए,वृक्षारोपण भी किया,क्या आपकी सरकार ने खेजड़ी की नई किस्म का आविष्कार किया है या फिर राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री @BhajanlalBjp
ने पीपल को खेजड़ी बताकर आपसे पौधारोपण करवा दिया ?
बिना पुलिस कप्तान वाले नागौर जिले के अधिकतर पुलिस थानों में हालात चिंताजनक बने हुए है | सोशल मीडिया पर यह वायरल वीडियो खींवसर पुलिस थाने का है जहां एक पुलिसकर्मी द्वारा दलित परिवादियों के साथ अभद्र व्यवहार किया जा रहा है और उनकी पीड़ा को बिना सुने धमकाकर थाने से बाहर भेजा जा रहा है।
खींवसर थाने में लंबे समय से पदस्थापित और ड्यूटी पर थाने में लाल तोलिया लपेटकर खड़े इस पुलिस कार्मिक का यह रवैया आमजन के न्याय के अधिकार और @NagaurPolice की व्यवस्था ,दोनों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
मैं राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री @BhajanlalBjp
से पूछना चाहता हूं कि जब पुलिस थाना आमजन को सुरक्षा और न्याय का भरोसा देने का स्थान है तो वहां आम जन को भय और अपमान क्यों मिल रहा है ?
अगर जनता अपनी फरियाद लेकर थाने जाएगी और उसे न्याय की जगह धमकियां मिलेंगी, तो फिर कानून पर भरोसा कैसे कायम रहेगा ?
@RajCMO@PoliceRajasthan
#हाल_ए_नागौर_पुलिस
नागौर में सत्ता के संरक्षण में चल रहे कथित फर्जीवाड़े पर अब भाजपा प्रदेशाध्यक्ष व राज्य सभा सांसद श्री @madanrrathore की अनुशंसा ने भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। जिस जगह पर नशामुक्ति केंद्र चलने का दावा किया गया, वहां खंडहर मिला और एनजीओ संचालक तक यह कहते दिखे कि उन्हें नहीं पता केंद्र कहां चल रहा है। इसके बावजूद उसी संस्था के लिए भाजपा प्रदेशाध्यक्ष की ओर से एक लाख रुपये की अनुशंसा कर दी गई। आखिर बिना जमीनी सत्यापन के यह अनुशंसा किस आधार पर की गई?
क्या जनता के टैक्स के पैसे को ऐसे ही कागजों में बांटने की तैयारी थी ?
क्या सत्ता का संरक्षण मिलने से नियम-कानून खत्म हो जाते हैं?
नागौर की जनता जानना चाहती है कि इस कथित फर्जीवाड़े पर आखिर किसकी मेहरबानी है जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई कब होगी? और जिन अधिकारियों ने बिना जांच के फाइलें आगे बढ़ाईं, उनकी जवाबदेही कौन तय करेगा ?
मैं प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री @BhajanlalBjp को कहना चाहता हूं कि यह केवल एक संस्था का मामला नहीं, बल्कि जनता के भरोसे और सरकारी व्यवस्था पर सवाल है क्योंकि केंद्र सरकार द्वारा नशा मुक्ति केंद्र के संचालन हेतु योजना लेकर आई और भारतीय जनता पार्टी की मेहरबानी से नशा मुक्ति केंद्र के नाम पर इस तरफ फर्जीवाड़ा चल रहा है |
@PMOIndia@Drvirendrakum13@RajCMO
आज जोधपुर से बाड़मेर जाते समय बागुंडी व दुधवा देर में स्थानीय नागरिकों व RLP परिवार के सदस्यों ने पार्टी सुप्रीमों व नागौर सांसद श्री हनुमान बेनीवाल जी का भव्य स्वागत किया |
@hanumanbeniwal
आज जोधपुर से बाड़मेर जाते समय कुड़ी ग्राम में स्थानीय नागरिकों व RLP परिवार के सदस्यों ने पार्टी सुप्रीमों व नागौर सांसद श्री हनुमान बेनीवाल जी का भव्य स्वागत किया |
@hanumanbeniwal
आज जोधपुर से बाड़मेर जाते समय डोली व कल्याणपुर में स्थानीय नागरिकों व RLP परिवार के सदस्यों ने पार्टी सुप्रीमों व नागौर सांसद श्री हनुमान बेनीवाल जी का भव्य स्वागत किया |
@hanumanbeniwal
आज जोधपुर से बाड़मेर जाते समय भांडू कल्ला में स्थानीय नागरिकों व RLP परिवार के सदस्यों ने पार्टी सुप्रीमों व नागौर सांसद श्री हनुमान बेनीवाल जी का भव्य स्वागत किया |
@hanumanbeniwal
आज राजधानी जयपुर में घुमंतू एवं अर्द्ध-घुमंतू (DNT) समाज की महापंचायत के उपरांत राजस्थान की भाजपा सरकार के इशारे पर पुलिस द्वारा किया गया लाठीचार्ज निंदनीय है | लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक को अपनी बात रखने, अपनी समस्याओं को सरकार के समक्ष रखने और मुख्यमंत्री से मिलने का पूरा अधिकार है। यदि महापंचायत के बाद समाज के प्रतिनिधि मुख्यमंत्री से मिलना चाहते थे, तो सरकार को संवेदनशीलता दिखाते हुए संवाद का रास्ता अपनाना चाहिए था। लेकिन दुर्भाग्य है कि भाजपा सरकार ने बातचीत के बजाय लाठियों को अपना माध्यम बना लिया।
जो सरकार जनता की आवाज़ सुनने से डरती हो, वह संवाद नहीं, दमन का रास्ता चुनती है।
मैं राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री @BhajanlalBjp
से पूछना चाहता हूं कि क्या यही भाजपा का सुशासन है ? सत्ता के अहंकार में डूबी सरकार को याद रखना चाहिए कि लोकतंत्र लाठी के बल पर नहीं, जनता के विश्वास और संवाद से चलता है।
घुमंतू एवं अर्द्ध-घुमंतू समाज पर हुआ यह लाठीचार्ज केवल एक समुदाय पर हमला नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन है।
@RajCMO
जोधपुर शहर के एक निजी अस्पताल में
फलोदी जिले के कलाऊ गांव के निवासी श्री संतोष पूरी की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मृत्यु अत्यंत पीड़ादायक एवं चिंताजनक है।
यदि अस्पताल प्रशासन दिवंगत के परिजनों को मृत्यु के कारणों के संबंध में स्पष्ट जानकारी देने से बच रहा है, तो यह गंभीर विषय है।
मैं @RajGovOfficial एवं जिला प्रशासन से मांग करता हूँ कि इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, सभी तथ्यों को सार्वजनिक किया जाए तथा यदि किसी स्तर पर लापरवाही या दोष सामने आता है तो जिम्मेदारों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए तथा मौके पर आंदोलित परिजनों के साथ वार्ता की जाए |
इस दुःख की घड़ी में मेरी गहरी संवेदनाएँ शोकाकुल परिवार के साथ हैं।
@RajCMO
कल दिनांक 02 जुलाई 2026 (गुरुवार) का कार्यक्रम -
सुबह 08:15 बजे जोधपुर सर्किट हाउस से प्रस्थान करके पचपदरा व बायतु होते हुए सुबह 11:30 बजे बाड़मेर सर्किट हाउस पहुंचने का कार्यक्रम रहेगा,तत्पश्चात दोपहर 12:15 बजे बाड़मेर सर्किट हाउस से प्रस्थान करके देरासर स्टेशन, शिव मंदिर रामसर, सियाई रामसर , गागरिया, सेहलाउ में दरगाह शरीफ दर्शन, बींजराड , इटादा, धनाउ, कुंदनपुरा होते हुए शाम 06:15 बजे सेड़वा में उपखंड कार्यालय के सामने आयोजित “सर्व धर्म शांति प्रार्थना सभा”में भाग लेने का कार्यक्रम रहेगा |
थार की पावन धरा से सर्व धर्म शांति का संदेश केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि भाईचारे, सद्भाव और एकता का संकल्प है।
आओ हम सब मिलकर इस आयोजन के उद्देश्य को सफल बनाएं |
#RLP #Barmer
@RLPINDIAorg
पिछले वर्ष झालावाड़ की स्कूल त्रासदी ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया था ,उम्मीद थी कि राजस्थान की भाजपा सरकार उससे सबक लेकर प्रदेश के हर जर्जर स्कूल भवन की तत्काल जांच और मरम्मत सुनिश्चित करेगी, लेकिन आज भी राजस्थान के कई सरकारी स्कूलों में बच्चों की जान जोखिम में है।
मानसून शुरू होने से पहले ही स्कूलों की छतें टूट रही हैं और मलबा कक्षाओं में गिर रहा है। यह केवल प्रशासनिक लापरवाही नहीं, बल्कि प्रदेश के भविष्य के साथ गंभीर खिलवाड़ है।
मैं प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री @BhajanlalBjp
को कहना चाहता हूं कि सरकार को यह समझना होगा कि शिक्षण व्यवस्था केवल विज्ञापनों से मजबूत नहीं होती, बल्कि सुरक्षित विद्यालयों से होती है।
जिन कक्षाओं में बच्चों के सपने आकार लेते हैं, यदि वहीं उनकी सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं है, तो यह शासन की सबसे बड़ी विफलता है।
मैं राज्य सरकार से मांग करता हूँ कि प्रदेश के सभी जर्जर स्कूल भवनों का तत्काल विशेष सुरक्षा ऑडिट कराया जाए, मरम्मत के लिए समयबद्ध कार्ययोजना बनाई जाए और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए।
बच्चों का भविष्य किसी भी सरकार की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है, इसे लापरवाही की भेंट नहीं चढ़ने दिया जा सकता।
@dpradhanbjp@EduMinOfIndia@RajCMO@RajGovOfficial
जयपुर जिले के आमेर क्षेत्र में निर्माणाधीन एक होटल की दीवार गिरने से हुए हादसे में 3 श्रमिकों की दुःखद मृत्यु हो गई वहीं एक दर्जन से अधिक मजदूर घायल हो गए |
सरकार को त्वरित प्रभाव से इस मामले में आपराधिक मुकदमा दर्ज करना चाहिए |
ईश्वर दिवंगत जनों की आत्मा को शांति प्रदान करें व घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें |