ये चश्मा 1 लाख 60 हजार का है। ये सिर्फ देश का ��़रीब-फकीर लोग पहन सकते हैं। मोदी की सैलरी इतनी नहीं है कि वो ये चश्मा ख़रीद सकें। मुझे बस चिंता है कि कहीं प्रधानमंत्री पद पर भी ऊपर की कमाई होती है क्या?
तीन साल पहले नोट बंद किए थे और अब तीन साल बाद बैंक बंद कर रहे हैं. जनता को मोह माया से मुक्त करने के लिए एक फ़क़ीर इससे ज़्यादा और कर ही क्या सकता है.
अब तो नोटबंदी की लाइन में पैदा हुआ खजांची भ��� पूछ रहा है कि बड़े लोगों के पचास दिन का मतलब पचास महीने होता है या फिर पचास साल...
पूरी दिल्ली के 2 करोड़ लोग एक बड़ा परिवार है। मैं दिल्ली के हर परिवार का हिस्सा हूँ। परिवार का बड़ा बेटा होने के नाते हर परिवार की ज़रूरतों का ख्याल रखना और सुरक्षा करना मेरी ज़िम्मेदारी है।
मंगलवार को दिल्ली-पटना सम्पूर्ण क्रांति एक्सप्रेस में नई दिल्ली स्टेशन पर डिब्बे में इतने यात्री चढ़ गए कि डिब्बा बैठ गया!
डिब्बा खाली करवाया तब जाकर ट्रेन चल पाई।
क्या आपने ऐसा पहले कभी सुना🤔
भारतीय रेल के इतिहास में शायद ये पहली बार हुआ है।
हँसिये नहीं!चिंता कीजिये!
प्रदेश में आँधी-तूफ़ान से 64 लोगों की मृत्यु अत्यंत दुखद है! मैं हर प्रदेशवासी और अपने कार्यकर्ताओं से अपील करता हूँ कि वो ज़रूरतमंदों की हर संभव मदद करने के लिए आगे आएँ. ये हमारे प्रदेश के लिए संकट का समय है, हम सबको मिलकर खड़ा होना होगा.
CM को कर्नाटक का चुनाव प्रचार छोड़कर तुरंत यूपी वापस आना चाहिए था. जनता ने उन्हें अपने प्रदेश की समस्याओं के समाधान के लिए चुना है, नाकि कर्नाटक की राजनीति के लिए. इन हालातों में भी अगर वो वापस नहीं आते हैं, तो फिर वो हमेशा के लिए अपना मठ वहीं बना लें. @CMOfficeUP
जिनके लिए चुनाव प्रचार लोगों की ज़िदंगी से ज़्यादा ज़रूरी है और जो जनता के भारी आक्रोश और दबाव के बाद ही दूसरे राज्य से व���पस आने के लिए बेमन से मजबूर हुए, वो औरों को संवेदनहीन कह रहे हैं. ये विडम्बनाकारी विरोधाभास है क्योंकि हमने ही सबसे पहले पीड़ितों की मदद की अपील व पहल की थी.
यूपी बोर्ड में उत्तीर्ण हुए सभी छात्र-छात्राओं और उनके अभिभावकों को बहुत-बहुत बधाई! हाईस्कूल और इंटर दोनों परीक्षाओं में मेरिट लिस्ट में जो सर्वप्रथम 11-11 छात्र-छात्राएं आये हैं, हम उन्हें अपनी तरफ़ से लैपटॉप देकर उनका उत्साहवर्धन करेंगे।
मेधावी छात्रों को बाँटे जाने वाले लैपटॉप कम्पनी को वापस करना प्रदेश को पीछे ले जाने वाला क़दम है। सरकार इन लैपटॉप का जो भी दाम तय करेगी हम उस दर पर उन्हें ख़रीदकर ख़ुद मेधावी छात्रों में वितरित करने के लिए तैयार हैं। सरकार को राजनीति छोड़कर छात्रों को प्रोत्साहित ���रना चाहिए।
प्रधानमंत्री @narendramodi@myogiadityanath के साथ फ़ोटो खिंचवाने वाले खुलेआम ऐलान करते हैं कि हाँ हमने दिल्ली में रोहिंग्या की झुग्गियाँ जलवाईं ..हाँ हमने मुस्लिम ड्राइवर के साथ #Ola में सफ़र करने से इंकार कर दिया और इसके बाद भी आप सात समंदर पार जा कर #NewIndia का झूठ फैलाते हैं
आज भारत की पत्रकारिता के इतिहास में शायद पहली बार अख़बार में ‘महिलाओं के ख़िलाफ़ अपराध’ के लिए केवल एक स्थान विशेष या स्तंभ नहीं बल्कि एक पूरा पृष्ठ-खण्ड समर्पित किया जाने लगा है. केंद्र व अधिकांश ��ाज्यों में अपने सुशासन का दावा करने वाली सरकार की ये कैसी विडंबनाकारी उपलब्धि है.
दिल्ली हाईकोर्ट के पूर्व मुख्य न्यायाधीश राजिंदर सच्चर जी के निधन पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि। न्यायपालिका, सामाजिक न्याय एवं शैक्षणिक विकास के लिए उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा। परिवार के प्रति संवेदना।
यूपी में वर्तमान सरकार द्वारा घोषित ‘डिफ़ेन्स कॉरीडोर’ की बात अब भी हवा-हवाई है और उधर हमारी बनायी सैफई की हवाई-पट्टी लड़ाकू विमानों के अभ्यास के काम आई है. सरकार को समझना होगा कि हवा में की गयी बातों को सच्चाई की ज़मीन पर उतारना होता है, नहीं तो बात को जुमला बनते देर नहीं लगती.
@ArvindKejriwal sir, DCP, ACP & doctor r harrassing me. My ketone level is 2. As u may appreciate, this is nothing. Even yesterday, dey fabricated reports. Am at Rajghat & entire police force is forcibly trying to take me away. Sir, I request you 2 ensure my protection from them.
She is fighting for safety of our girls. We all need to support her. I wud urge Hon’ble LG and Sh Rajnath Singh ji to direct Del police not to harass her. Rather Hon’ble LG and Rajnath ji shud take steps to ensure safety of women https://t.co/v1mES3JXSW
8 साल की नन्ही अशिफा को कई दिनों तक मंदिर में ड्रग्स दे देकर कई लोगों ने गैंग रेप किया
फिर उसकी बेरहमी से हत्या कर दी।
मरने के बाद उसे दफनाने को दो गज जमीन तक नही दिया और तुम इसे हिन्दुत्व और हिन्दु धर्म कहते हो
कब तक हिनदुत्व के बहाने अपनी वहसीपन और नपुसंकता को छिपाते रहोगे?