आज माननीय मंत्री श्री @govinds_R जी ने सागर स्थित निज निवास मातेश्वरी पर जनसुनवाई में क्षेत्र से पधारे देवतुल्य कार��यकताओं एवं क्षेत्रवासियों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याओं को गंभीरता पूर्वक सुनकर उनका त्वरित समाधान किया।
जो संबंध स्वतंत्र इच्छा से जन्म लेता है, वही ���िकता है।जो संबंध आग्रह से बचाया जाए, वह केवल कुछ समय तक जीवित रहता है।अपनापन माँगा नहीं जाता,वह या तो होता है या नहीं होता और जो नहीं होता, उसे माँगकर बना लेना शायद रिश्ते को बचाना नहीं, उसके भीतर की सच्चाई को खो देना है !!
विचारणीय बात
चील की ऊँची उड़ान देखकर चिड़िया कभी उदास नही होती, अपने आस्तित्व में मस्त रहती है मगर इंसान, इंसान की ऊँची उड़ान देखकर बहुत जल्दी चिंत��� में आ जाते हैं, तुलना से बचें और खुश रहें...