श्री राम राम रघुनंदन राम राम।
श्री राम राम रणकर्कश राम राम।
लोकाभिरामं रणरंगधीरं राजीवनेत्रं रघुवंशनाथम्।
कारुण्यरुपं करुणाकरंतम् श्रीरामचन्द्रं शरणं प्रपध्ये।।
कभी छाॅंह मिली तो देखे
पांव में धूप के छाले
सफर का निशान कहकर
हॅंसी में दर्द उछाले..
आंखों का पानी रिस गया
जख्मों का फाहा घिस गया
जुबां पर लगा लिए थे खामोशियों के ताले..
यूं ही घिसटता रहा जिंदगी का कारवां
न उठी जमीन और न झुका आसमान... 🍂
👁👁
#शुभ__संध्या 🙏🍁🥀
नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय ओम नमः शिवाय
कर्पूरगौरं करुणावतारं संसारसारं भुजगेन्द्रहारम् । सदा बसन्तं हृदयारबिन्दे भवंभवानी सहितं नमामि ।।
कर चरणकृतं वाक्कायजं कर्मजं वा श्रवणनयनजं वा मानसंवापराधम् ।
विहितमविहितं वा सर्वमेतत्क्षमस्व जय जय करणाब्धे श्री महादेव शम्भो ..
🚩ॐ नमः शिवाय 🙏 ॐ नमः शिवाय 🙏
🚩ॐ नमः शिवाय 🙏 ॐ नमः शिवाय 🙏
🚩ॐ नमः शिवाय 🙏 ॐ नमः शिवाय 🙏
🚩ॐ नमः शिवाय 🙏 ॐ नमः शिवाय 🙏
🚩ॐ नमः शिवाय 🙏ॐ नमः शिवाय 🙏
🚩ॐ नमः शिवाय 🙏ॐ नमः शिवाय 🙏
🚩ॐ नमः शिवाय 🙏ॐ नमः शिवाय 🙏
🚩ॐ नमः शिवाय 🙏ॐ नमः शिवाय 🙏
🚩ॐ नमः शिवाय 🙏🙏