@abanish_Bihar@ManojBhartiJSP बूथ मैनेजमेंट तो सही है लेकिन दिक्कत ये है की सामने भी प्रशांत किशोर है। बूथ मैनेजमेंट वह भी करेगा। फिर भी दो दिन में क्लियर हो ही जाएगा।
Leftist पत्रकार है सिर्फ एक साइड का सच दिखायेंगे इमोशनल कार्ड खेल��ंगे और views के लिए तो मेला लगा देंगे. सुना है आजकल तो रो भी देते है views के लिए. @Pamphlet_in
सवाल यह है कि तुम आरक्षण किस आधार पर मांगते हो?
आखिर तुम्हारे बच्चे का फीस हमलोग क्यों भरे?
तूने ऐसा क्या कर दिया देश के लिए कि हम लोन लेकर तुम्हारे बच्चे का फीस भरे?
रही बात भेद भाव की तो भेद भाव तुम्हारे बच्चे से ज्यादा मेरा साथ होता है भेद भाव!
कॉकरोच नौटंकी और उसके उपरांत सरकार का झुकना, कथित CIA-चीनी एजेंट से मिलना, डीप स्टेट वालों से हाथ मिलाने को विवश होना ऐसा तमाचा है जो भाजपा के चेहरे पर लगना अत्यावश्यक था।
अभी इन चरणचुंबक चिरकुटों को बंगाल का 208 और गुजरात के निकाय चुनाव पर ‘क्या हुआ तुम्हारे UGC का, जनता मोदी के साथ है’ करना स्मरण में है या विस्मृत हो गया?
कैसा लग रहा है हाथ मिलाने वाला फोटो? अब याद करो फरवरी, मार्च, अप्रैल और मई, जब तक न तो कॉकरोच थे, न राहुल गाँधी। कुछ लोग थे जिन्हें तुम सबने अपने निशाने पर लिया हुआ था।
��राहे के सूअर और पूरी हरामी आइटी सेल, थूक का स्वाद कैसा है? अच्छा लग रहा है? तुम लोग साले दो कौड़ी के, कॉपी-पेस्ट करने वाले और व्हाट्सएप पर आए मैसेज को AI से रीहैश करा कर पोस्ट करने वाले कोल्हू के बैल हो।
तुम्हें किसने झुकाया? तीन नल्लों ने, जो न तो लिखाना जानते हैं, न बोलना, न पढ़ना… तुम्हारे कर्म ऐसे ही थे कि तुम्हें वह करना ही पड़ा और अब तुम्हारा भय यह है कि क्या एक ऐसी सरकार, जिसके पीएम रिकॉर्ड बना��े के हैशटैग चलवा कर विदेशी राष्ट्राध्यक्षों से पोस्ट करा लेते हैं, वह अब चलते सत्र में कहीं कैबिनेट मिनिस्टर तो नहीं बदलेगा?
मैं तुम्हारा शत्रु तब भी नहीं था, न आज हूँ। मैं केवल तुम्हें तुम्हारा स्थान बता रहा हूँ कि आज तुम अपना कमेंट सेक्शन पढ़ो और मेरा भी। बाकी, वो मी�� तो याद ही होगा न? तुम अपनी सामूहिकता में भी मेरी अधोजटाओं के बाल बराबर भी नहीं हो।