🚨 दुखद : फिर एक कुर्मी समाज की हत्या अब टोटल हत्या 18 हो गया हैं।
BJP सरकार में उत्तर प्रदेश में हुई #कुर्मी_समाज की हत्याएं व अत्याचार के मामले:
1 बनारस: हेमंत पटेल की हत्या
2 बदायूँ: कर्तव्य पटेल की हत्या
3 प्रतापगढ़: धर्मपाल पटेल की हत्या
4 सुलतानपुर: अंकिता वर्मा की हत्या
5 प्रयागराज (कोरांव): अरुण पटेल की हत्या
6 मिर्जापुर: प्रदीप पटेल की हत्या
7 प्रयागराज (मऊआइमा): विजय बहादुर पटेल की हत्या
8 फतेहपुर: काली शंकर उत्तम पटेल की हत्या
9 बस्ती (कप्तानगंज): राम सूरत चौधरी पटेल की हत्या
10 बस्ती जनपद: रामचंद्र चौधरी की हत्या
11 बस्ती जनपद: सोभा राम वर्मा की हत्या
12 अयोध्या (गोसाईंगंज): प्रदीप वर्मा की हत्या
13 अयोध्या: शिक्षिका सुप्रिया वर्मा की हत्या
क्रूर हिंसा (जिंदा जलाने का मामला):
14 ललितपुर: पटेल को पेट्रोल डालकर जिंदा जला देना
अपहरण एवं अन्य मामले:
15 अयोध्या: अंशिका वर्मा का अपहरण और फिर हत्या
16 महराजगंज (फरेंदा): सुधीर पटेल का अपहरण
17 बनारस - जितेंद्र ��टेल
18 जौनपुर - अमित पटेल
अमित पटेल पुत्र दयाराम की निर्मम हत्या कर शव को दुकान के छत से कपड़े से बांध कर लटकाया ।
📍~हिरावनपुर, थाना पवांरा , जौनपुर यूपी !
परिवार का आरोप है कि पहले अमित पटेल की हत्या की गई उसके हत्या को आत्महत्या दिखाने के लिए शव को दुकान में ही कपड़े से बांध कर लटकाया गया ।
आखिर कुर्मी समाज कब आंखे खोलेगा।🤦🚨
भरत तिवारी का एनकाउंटर कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए बहुत जरूरी था। इसको देखकर हमारे नवयुवक सब ऐसा करना सीख रहे थे।
क्योंकि
यह प्रशासन को चैलेंज करते हुए पुलिस टीम पर फायरिंग करता, वीडियो बनाता था, सोशल मीडिया पर पोस्ट करता था और कहता था कि पुलिस मेरी फायरिंग के डर से भाग गई।
अगर भारत तिवारी की जगह किसी मुसलमान का एनकाउंटर हुआ होता, तो न आपको सफाई देनी पड़ती, न कोई बयान जारी करना पड़ता। आज वही लोग आपकी तुलना योगी और हिमंत बिस्वा से कर रहे होते।
खैर, उम्मीद है कि यह आपके और आपकी पुलिस के लिए एक नई सीख साबित होगी।
@VoidCommentaryX मुझे तो यह समझ नहीं आ रहा इसको देख कौन रहा होगा हजारों वीडियो पड़े हैं जहां टीचरों ने सही से समझाया है , रंग उड़ाकर किसी भी चीज की असली या नकली होने का दावा नहीं किया जा सकता, इन एंकरों को कुछ भी आता जाता है नहीं इनके लिए ये भी बहुत बड़ी बात होगी, वैसे चैनल इत���ा खाली है
@VoidCommentaryX सोडियम हाइपोक्लोराइट तो प्राकृतिक रंगों को भी हल्का कर सकता है बदल सकता है सकता है इसका ये मतलब नहीं उनमें वो जूस में नकली रंग ही हो, यही काम हाइड्रोजन पेरॉक्साइड भी करता है पर सोडियम हाइपोक्लोराइट ज्यादा अच्छा काम ��रता है और जल्दी भी।
@VoidCommentaryX इस एक्सपेरिमेंट को करने के लिए पहले इनको इसकी प्रेक्टिस कराई गई होगी , चैनल वालों में भी मान लिया है इनसे पत्रकारिता नहीं होगी इनसे यूट्यूब टाइप वीडियो बनबाओ,इन्हों जो किया है वो आज बच्चे बच्चे को पता है मुझे समझ नहीं आया इतना घिसा पीटा एक्सपेरिमेंट करने की इनको क्या जरूरत पड़ गई
@khuchrep राजनीति बुरी चीज नहीं है देश का प्रधानमंत्री भी राजनीति करके ही बनता है तुम करो तो समाज सेवा दूसरा करे तो राजनीति? अगर ये राजनीति है तो ऐसी राजनीति हो���ी चाहिए, हिन्दू मुस्लिम की राजनीति करने वालों से 1000% अच्छी यह राजनीति है।
@khuchrep यही अगर कोई सर्वण होता त�� खुरपेंज क्या सभी मीडिया वाले इसके कसीदे पढ़ रहे होते , ये बंदा उसी दिन जातिवादीयों के निशाने पर आ गया था जब इसने बाबा साहब अम्बेडकर की किताब एयरपोर्ट पर दिखाई थी। देखना मिडिया का सपोर्ट इसको नहीं मिलेगा।
@Sachingupta लोग भक्ति के चक्कर में पता नहीं क्यों अपनी जान गवाते है
एक खबर ऐसे ही उछल कर आया है महाराष्ट से जहां पर हनुमान मंदिर का छत गिरने से 7 लोगों की जान चली जाती है,
और करीबन 28 से अधिक लोग घायल हो जाते है ,
लोगो के अंदर इतना अंधभक्ति सवार है कि वह अपने जान के परवाह तक नहीं कर रहे है
दरभंगा में यामाहा एजेंसी के मैनेजर मोहम्मद फैज को इंसाफ दिलाने में मदद कीजिए, आपकी एक एक ट्वीट बहुत मान्य रखता है, जब तक आवाज नहीं उठाएंगे ये अंधा कानून चुड़िया पहने बैठा रहेगा!
#justiceforfaiz
सामाजिक उत्पीड़न के खिलाफ लड़ाई लड़ने वाली "फूलन देवी" जातिवादियों द्वारा नक्सली अपराधी घोषित कर दी गई....
लेकिन सरकारी ठेकेदारों, राहगीरों से लूटपाट करने वाला "भरत मिश्रा" अपराधी से देश भक्त बन गया !
वाह रे देश के लुटेरों अंधविश्वासी, पाखंडी, जातिवादियों ,
भार��� भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में बिहार पुलिस का कहना है,
लाइव रिकॉर्डिंग बंद होने बाद तिवारी ने दुबारा हथियार उठा लिया, इसी कारण पैर पर फायरिंग की गयी. ज्यादा खून बहने से PCMH में मौत हो गयी.
भारत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में सोशल मीडिया पर और यूट्यूब चैनल चलाने सवर्ण भारत भूषण तिवारी एनकाउंटर पर हंगामा खड़ा कर रहे हैं.
��गर पुलिस ने आत्मसमर्पण करने के बाद गोली चलाई है तो पुलिस को सज़ा मिलनी चाहिए. लेकिन सवाल है जब किसी अब्दुल या दलित या पिछड़े समाज के यादव कुर्मी का एनकाउंटर होता है तब न्याय की मांग क्यों नही उठती ?
लगता है OBC समाज के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बिहार से अपराध मुक्त करने की कसम खाई है.
कड़वा है ��गर सच है। दुख के साथ लिखना पड़ रहा है कि भारत भूषण तिवारी की जगह अगर
⚠️ भरत भूषण दलित होता
⚠️भरत भूषण यादव होता
⚠️भरत भूषण आदिवासी होता
⚠️ या बिलाल ख़ान होता तो
अब तक -
▫️गोदीमीडिया में बैठे जातिवादी गिद्ध आतंकी, नक्सली, माओवादी या हिस्ट्रीशीटर बताते।
▫️रुबिका चीन पाकिस्तान से कनेक्शन निकाल लाती
▫️विषवास कुमार उसे देश विरोधी बताता
▫️नेता एनकाउंटर की शान में कसीदे पढ़ते
▫️चित्रा इसे अ��राध पर ज़ीरो टॉलरेंस बताती
लेकिन अब उसी अवैध पिस्टल वाले अपराधी को समाजसेवी राष्ट्रभक्त बताकर एनकाउंटर का विरोध किया जा रहा है।।
ऐसे पेश किया जा रहा किअवैध पिस्टल तो जैसे उसने पीठ खुजाने को रखी थी।
उल्टा पुलिस को ही विलेन बताया जा रहा है।
याद रहे पुलिस गोली खाने के लिए नहीं होती।
#cjp #bharatbhushantiwari
@RubikaLiyaquat पहली बात इससे असली नकली की पहचान नहीं की जा सकती सोडिय�� हाइपोक्लोराइट तो प्रकृति रंगों को भी उठा देता है, ये किसको नहीं पता आपको ये अब पता चला यूट्यूब पर हजारों वीडियो पड़े है जिसमें केमिस्ट्री के असली टीचर आपसे अच्छी तरह समझाते हैं।
ये जनहित @chitraaum ने पुष्पेंद्र यादव मंगेश यादव जितेंद्र यादव जैसे कई दर्जन निर्दोष यादवों का एनकाउंटर हुआ
मुस्लिम भाइयों का एनकाउंटर हुआ तब ये शो क्यों नहीं की सवाल क्यों नहीं की
#पिछड़े_दलित भाईयों आंख खोल लो साथियों