शिक्षा में उत्कृष्ट कार्य करने वालों को सम्मान मिलना चाहिए, दंड नहीं।
जिन शिक्षकों और प्राचार्यों ने अपनी विद्यालयों का कायाकल्प किया, करोड़ों रुपये का जनसहयोग जुटाकर सरकारी शिक्षा को नई पहचान दी और समाज का विश्वास अर्जित किया, उन्हीं कर्मयोगियों को सुदूर जिलों में स्थानांतरित करना अत्यंत पीड़ादायक और नि��ाशाजनक है।
ऐसे निर्णय केवल व्यक्तियों का स्थानांतरण नहीं, बल्कि शिक्षा में नवाचार, जनसहयोग और उत्कृष्ट कार्य संस्कृति पर आघात हैं। इससे उत्कृष्ट कार्य करने वाले हजारों शिक्षकों का मनोबल प्रभावित होता है। शिक्षा के हित में ऐसे निर्णयों पर गंभीर पुनर्विचार अपेक्षित है।@madandilawar @BhajanlalBjp @GovindDotasra @ashokgehlot51
@PRESIDENTBKN2@madandilawar@AshishModiIAS 2023-24 और 2024-25 उप प्रधानाचार्य पद की बकाया डीपीसी करने हेतु प्रक्रिया शुरू करने के लिए मंत्री महोदय और निदेशक महोदय को धन्यवाद देने का अवसर कब आएगा? ये व्याख्याता वर्ग 2016-17 और 2017-18 बड़ी बेसब्री से इंतजार कर रहा है। यही वो वर्ग है जिसने हर अवसर पर आपका साथ दिया है।
@madandilawar@ianuragthakur@BJP4India श्रीमान मदन जी दिलावर साहब जुलाई के अंतिम सप्ताह में समग्र शिक्षा के साक्षात्कार हुए। आज दिन तक कोई आदेश नहीं किए गए हैं। कृपया उचित कार्यवाही कराने की कृपा कीजिए।
कुछ लोग पिछले 5 वर्षों से सजा भुगत रहे हैं। कारण माननीय जी को भी पता है।आपसे न्याय की उम्मीद है।