कभी नहीं सो��ा था कि बेरोज़गारी का दृश्य इतना भयावह होता चला जाएगा।
4000 पदों के लिए 14 लाख लोग घर से निकल पड़ेंगे, स्टेशन संभालना मुश्किल हो जाएगा, और यह सब हमें सामान्य लगने लगेगा।
जिस देश का युवा नौकरी की एक उम्मीद में इस तरह संघर्ष कर रहा हो, वहाँ बेरोज़गारी सिर्फ आर्थिक मुद्दा नहीं , सामाजिक चिंता है।
सिस्टम को फॉर्म भरते समय पता था कितने अभ्यर्थी हैं।
परीक्षा की तारीख तय करते समय पता था कितने अभ्यर्थी हैं।
फिर भी स्टेशन पर यह हाल है।
परीक्षा का मटीरियल लीक करने वाले अंदर के लोगों को सज़ा देने के बजाय,
भारत ने टेलीग्राम पर बैन लगाकर अपने 15 करोड़ यूज़र्स को सज़ा दी है— जोकि समझ से परे फैसला है।
— प���वेल डुरोव, CEO, टेलीग्राम
BIG EXPOSE : SSC, UPSC, RRB, JEE और NEET, इन पांच एग्जाम से सरकार 3.5 लाख करोड़ रुपए की कमाई करती है, यह आरोप कोटा में राहुल गांधी ने लगाया.
NEET पेपर लीक हो, भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी हो या सरकारी स्कूलों की बदहाली, देश का युवा लगातार इसकी भारी कीमत चुका रहा है.
राहुल गांधी ने आज कोटा में देश के युवाओं के साथ उनके मुद्दे पर गहन चर्चा की. राहुल गांधी ने सवाल उठाया जब शिक्षा प्रणाली ही भरोसेमंद नही होगी, तो मेहनती छात्रों को न्याय कैसे मिलेगा ?
राहुल गांधी ने छात्रों के हितों में सरकार से सवाल पूछा, शिक्षकों के लाखों पद खाली हैं. और शिक्षा लगातर महंगी होती जा रही है. NEET की तैयारी में परिवारों को लाखों करोड़ रुपए खर्च करना पड़ रहा है.
राहुल गांधी ने मंच से बुलंद आवाज में कहा, मैं छात्रों के साथ हूँ, छात्रों का भविष्य पेपर लीक माफिया और महंगी कोचिंग के भरोसे नही छोड़ा जा सकता है.
कोटा के लिए निकल चुका हूँ पर दिल में दो नाम गूंज रहे हैं: उमेश और रिया।
कल, सीकर में उमेश और देहरादून में रिया - दोनों ने Re-NEET के दबाव में अपनी ज़िंदगी ख़त्म कर ली।
22 और 23 साल के बच्चे - जिन्हें सपनों के ��ुले आसमान में उड़ना था वो इस अन्यायी व्यवस्था से हार गए।
ये मौतें एक टूटी, भ्रष्ट व्यवस्था की देन ��ैं। और इसके ज़िम्मेदार हैं मोदी सरकार और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान जिन्होंने छात्रों की रक्षा करने के बजाय, बार-बार पेपर लीक, परीक्षा कुप्रबंधन, और भविष्य के सदागरों को संरक्षण दिया।
आज कोटा से हम वो लड़ाई शुरू करेंगे जिसका एक ही मक़सद है - किसी बच्चे के सपने ऐसे टूटने न पाएं, किसी माँ-बाप को फिर कभी अपने बच्चे को इस तरह खोना न पड़े।
हर परिवार की यह पीड़ा अब ‘छात्रों की गूंज’ बनकर पूरे ��ेश में गूंजेगी।
#ChhatronKiGoonj
Abhinay Sir:
शिक्षा के लिए
- धर्मेंद्र प्रधान का बेटा USA में है
- निर्मला की बेटी USA में है
- सिंधिया का बेटा USA में है
- पीयूष गोयल का बेटा UK में है
जब उनके अपने बच्चे विदेशों में पढ़ते है, तो उन्हें हमारे शिक्षा सिस्टम की परवाह क्यों होगी?
किसी पेपर लीक का उन पर क्या असर पड़ेगा?
हम विकसित भारत का सपना देख रहे हैं- किसी भी विकसित राष्ट्र की नींव दो स्तंभों पर खड़ी होती है - शिक्षा और स्वास्थ्य।
यदि शिक्षा की मौजूदा स्थिति आप सब देख रहे हैं, CBSE से लेकर NEET leak तक- इससे देश का भविष्य खोखला हो ही रहा है।
स्वास्थ्य व्यवस्था अपने बदतर हालात में है- वहाँ भी इलाज नहीं, उद्योग चल रहा है।
अगर स्वास्थ्य व्यवस्था में दवाओं, उपकरणों और मरीजों के नाम पर ऐसे घोटालों के आरोप सामने आते रहेंगे, तो विकसित भारत का सपना कैसे पूरा होगा?
विकसित बनाने का रास्ता अस्पतालों और स्कूलों से होकर जाता है।
हमारा यही सब कमजोर होता जा रहा है... कैसा खोखला समाज बना रहे हैं?
हम आने वाली पीढ़ियों के लिए कैसा भारत छोड़कर जा रहे हैं?
शिक्षा कमजोर, स्वास्थ्य बदहाल... विकास की दौड़ में हम समाज की आत्मा हीं खो दे रहे?
Aajtak की राहत वाली बात की post हटा दी गयी है - आजकल कभी ANI की post delete हो जाती है |
किसी से भी गलत post हो सकती है | और हो जाए तो गलती स्वीकार करके उसपे explanation देदो - delete क्यूँ करनी?
बिहार में खान सर ने अपना पहला हॉस्पिटल खोला इनका ये हॉस्पिटल गरीबों के लिए वरदान साबित होगा क्योंकि,
– 35 रु में X–Ray
– किडनी की जांच 20 रु में
– ब्लड टेस्ट 7 रु में
– ECG 25 रु में
खान सर के इस हॉस्पिटल में डायलिसिस, कैंसर का इलाज व ब्लड बैंक जैसी सुविधा होंगी।
खान सर शिक्षा के बाद स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी धमाल मचाने वाले हैं।
SI भर्ती पेपर लीक आरोपी जगदीश बिश्नोई को मिली ज़मानत….!!!
पेपर लीक किया….
करोड़ों कमाए….
गिरफ़्तार हुआ….
22 महीने की जेल काटी…
और बस अब जेल से बाहर….
22 महीने की जेल के बदले अगर पचास करोड़ मिल रहे हो…
तो कोई बेवक़ूफ़ ही होगा जो पीछे हटेगा….
इज़्ज़त का क्या है… जहाँ पैसा है वहाँ इज़्ज़त है….!!!
ये हैं हमारा सिस्टम….!!!
किसी को डूबते देखना बुजदिली ही है,
मैं उस दर्द को सोच रहा जिसने घण्टों मौत से आँखें मिलाई होंगी...
सरकारों के लिए अब जानो की परवाह रही ही नहीं है covid के बाद से तो एक दम नहीं |
"भाड़ में जाए जनता वाला" attitude आज उस पार्टी का है जिसके नाम में जनता है |
Credibility | acountability = Zero
24 घंटे लगातार टॉप ट्रेडिंग रहना चाहिए, इन निकम्में लोगों ने बेरोजगार के दिल को गहरी चोट पहुंचाई है,जब कोई मेहनती विद्यार्थी एक-आध नंबर से नौकरी से हाथ धो बैठता है तो पूरी रात रोता है,उसका दर्द बांटने वाला कोई नहीं होता है।
#चयन_बोर्ड_OMR_घोटाला#OMR_का_खेल_बंद_करो