जापान में एक गर्भवती मुस्लिम महिला प्रसव के लिए सात अलग-अलग अस्पतालों में गई, लेकिन हर जगह केवल महिला डॉक्टर की ही मांग करती रही।
उसके पति का कहना था कि इस्लाम में किसी महिला को पुरुष डॉक्टर के सामने अपना चेहरा या शरीर दिखाने की अनुमति नहीं है, इसलिए उन्हें केवल महिला डॉक्टर ही चाहिए।
अंत में एक जापानी डॉक्टर ने पूछा, "यदि प्रसव रात में हो और उस समय केवल पुरुष डॉक्टर ही उपलब्ध हों, तो आप क्या करेंगी?"
मुस्लिम प्रवासी जापान की स्वास्थ्य व्यवस्था पर भी अपनी धार्मिक मांगें थोपने की कोशिश कर रहे हैं?
सवाल यह भी है कि सीमाएँ कहाँ तय होंगी—व्यक्तिगत आस्था तक या सार्वजनिक व्यवस्था तक?
🚨 29 राज्यों में से एक राज्य—मेघालय।
कांग्रेस ने मेघालय को ईसाई राष्ट्र बना दिया।
जहाँ हिन्दू बने रहना ही सबसे बड़ी चुनौती है।
अब बचे 28... उनमें से भी 6 राज्यों में हिन्दू अल्पसंख्यक हैं।
⚠️ बुलंदी से प्रतिकार नहीं करोगे, तो फिर जीरो 0️⃣ हो जाओगे।
🚩 Hindu Rashtra Bharat 🚩
#हिन्दू_राष्ट्र_घोषित_करो
🚨 अब राजनीति का स्तर इतना गिर गया कि निशाने पर सीधे राम भक्त आ गए?
बताया जा रहा है कि यह वीडियो कांग्रेस के त्रिपुरा के आधिकारिक सोशल मीडिया पेज से साझा किया गया, जिसके लाखों फॉलोअर्स हैं।
यदि वास्तव में इस वीडियो में राम भक्तों के लिए अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया गया है, तो यह बेहद गंभीर और दुर्भाग्यपूर्ण है।
पहले निशाना प्रधानमंत्री और भाजपा थे, अब राम के भक्त? 🤔
क्या कांग्रेस मानती है कि करोड़ों राम भक्तों का अपमान करके राजनीति की जा सकती है? चुनावी लाभ के लिए आस्था का अपमान करना आखिर किस सोच का परिचायक है?
व्यंग्य यही है कि जो लोग "नफरत के खिलाफ राजनीति" का दावा करते हैं, वही अब श्रद्धा और आस्था का मज़ाक उड़ाने पर उतर आए हैं। 😏
राम भक्तों का सम्मान भारत की संस्कृति का सम्मान है। राजनीतिक विरोध अपनी जगह है, लेकिन आस्था का अपमान किसी भी दल को शोभा नहीं देता। 🚩🙏
"हम तुम्हें बकरियों की तरह काट डालेंगे।"
यूपी के संत कबीर नगर में एक ब्राह्मण परिवार का आरोप है कि 50 मुस्लिम घरों के बीच अकेला हिंदू परिवार होने के कारण उन्हें लगातार धमकियां दी जा रही हैं।
नाली विवाद को लेकर स्थानीय मुसलमानों और ग्राम प्रधान पर जान से मारने की धमकी, महिलाओं को घर में कैद रखने और रोज़ाना उत्पीड़न के आरोप हैं।
पीड़ित परिवार का कहना है कि DM और SDM से गुहार लगाने के बावजूद उन्हें राहत नहीं मिली।
यदि ये आरोप सही हैं, तो दोषियों के विरुद्ध तत्काल कठोर कार्रवाई होनी चाहिए और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए।
@Uppolice@santkabirnagpol
#SantKabirNagar #UttarPradesh #Justice #LawAndOrder
हलाला, हलाला, हलाला
Well Educated Ex. नायब तहसीलदार, ससुर
अपने बेटे की बेगम के साथ हलाला करने को तैयार 🙄🙄
बेटे की बहु ने "हलाला" स्वीकर नहीं किया,,
घर छोडना स्वीकार किया !!
21 वीं सदी में पढे लिखे लोगों की ऐसी घृणित मानसिकता,,
इसलिए इन लोगों को दुनियां आज भी जाहिल कहती और समझती है ।
"सनातन धर्म कुरीतियों को दूर कर एक आदर्श जीवनशैली और सभ्य समाज निर्माण के लिए जीवन के नये मापदंड और आदर्श स्थापित करने के लिए संकल्पित रहा है ।"
इसीलिए सैकड़ों वर्ष पहले सनातन धर्म "सती प्रथा" को समाप्त कर चुका है !
जबकि मजहब आज भी उसी पुरानी कुरीति पर चल रहा है, जो कहता है.....
अम्मी बाजी, खाला
मजहब में जायज है सबका हलाला
*30-8-2013*
*रुपया गिरना*
*इकोनॉमी के लिए अच्छा होता है*
*इससे महंगाई एडजस्ट होती है*
*एक्सपोर्ट अच्छा हो जाता है*
*फालतू इम्पोर्ट बन्द होने लगता है*
*करंट अकॉउंट डेफिसिट बेलेंस रहता है*
*सुना चमचो*
*क्या तुम अपने गुरु से ज्यादा ज्ञानी हो*
मुझे दुख इस बात का होता है कि आज़ाद भारत के अंदर एक महिला आती है और पूरी पार्टी उसकी ग़ुलाम हो जाती है।
वह जायज़-नाजायज़ कर रही है, कोई रोकने वाला नहीं है। क्योंकि उसने एक ऐसा एपरेटस बनाया है कि सबको अपने वश में कर लिया है।
वह शंकराचार्य को भी रात में गिरफ्तार करवा देती है। वह हिंदू टेरर की थ्योरी भी क्रिएट करवा देती है। वह पाकिस्तान में अपना आदमी भी भेजती है कि हमारी मदद करो, मोदी को हटाने के लिए।
क्या वजह है?
हम उस महिला की निजी शख्सियत पर कोई नुक्ताचीनी नहीं कर रहे हैं। उसकी निजी ज़िंदगी से हमारा कोई लेना-देना नहीं है। लेकिन क्या इस देश ने कभी यह पूछा?
यह वही देश है कि अगर एक घटना हो जाती है, तो पूरी-पूरी सरकारों को कटघरे में खड़ा कर दिया जाता है। पूरा समाज अपोलोजेटिक हो जाता है, बैकफुट पर चला जाता है।
लेकिन क्या किसी ने यह पूछा कि क्या यह सिर्फ़ संयोग है कि एक महिला इस देश में आती है और कुछ दिनों बाद सास मार दी जाती है, देवर मार दिया जाता है?
और तो और, अपनी बेटी की शादी जिस शख्स से करती है, वह अच्छा-भला मुरादाबाद में बर्तनों का कारोबार कर रहा था। उसके खानदान में सब ठीक चल रहा था। उसके पिता की कमरे में लाश मिलती है, भाई होटल में मृत पाया जाता है, बहन एक्सीडेंट में मारी जाती है।
क्या देश यह नहीं पूछेगा कि ये कैसे मर रहे हैं? नहीं, किसी ने नहीं पूछा।
उसी दौर में हिंदुस्तान के दो बड़े कद्दावर नेता... उनकी पार्टी क्या थी, क्या नहीं थी, वह मेरा विषय नहीं है। वे देश के नेता थे। कोई इस पार्टी में गया, कोई उस पार्टी में गया, राजनीति में यह चलता रहता है।
माधवराव सिंधिया का नया जहाज़, जिसमें देश के पाँच पत्रकार भी बैठे थे, हवा में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। पाँचों पत्रकार मारे गए, माधवराव सिंधिया की भी मौत हो गई। क्या किसी अख़बार ने यह सवाल उठाया कि इस पर आयोग बैठे, जांच हो? नहीं।
उसी पार्टी के दूसरे कद्दावर नेता, भूतपूर्व केंद्रीय मंत्री राजेश पायलट, सड़क दुर्घटना में मारे गए। क्या इस पर कोई बड़ा सवाल उठा? क्या कोई आयोग बना? नहीं।
लेकिन जस्टिस लोया की मौत पर पूरा देश चिंतित था। उस पर एजेंडा चला। और अब तो पूरी दुनिया के सामने अलग-अलग बातें आ चुकी हैं। लोगों ने कहा कि जो थ्योरी चल रही है, उसके अलावा भी एक थ्योरी है। उस पर किताब लिखी गई और फिर उस किताब पर फिल्म भी बनी।
उस फिल्म का नाम 'द ताशकंद फाइल्स' है। उसमें दिए गए सभी तथ्य पूरी तरह ओरिजिनल बताए गए हैं, कोई मैनिपुलेशन नहीं है। 40 से अधिक देशों से साक्ष्य जुटाकर वह फाइल तैयार की गई। तब जाकर 2019 में लोगों के सामने यह चर्चा आई कि शास्त्री जी की मौत कैसे हुई थी।
मैं मानता हूँ कि जब समाज जागता है, तब फिल्में भी बनती हैं, किताबें भी लिखी जाती हैं और सवाल भी उठते हैं।
अब तो यह भी लग रहा है कि हिंदू टेरर थ्योरी के जनक कहे जाने वाले लोग भी कानून के दायरे में आ रहे हैं। मैं कई दिनों से कह रहा हूँ कि इसके पीछे और भी कारण सामने आ सकते हैं।
लेकिन आजकल चचा दिग्गी दिखाई नहीं दे रहे। उनका कोई बयान सुनाई नहीं देता। वे किस किताब का रिबन काट रहे हैं, यह भी पता नहीं चल रहा।
सवाल सिर्फ़ इतना है कि जब सत्ता के पीछे समाज की शक्ति खड़ी हो जाती है, तब धारा 370 भी हटती है और चिदंबरम भी जेल जाता है।
आदरणीय @Pushpendraamu जी
जिस पार्टी की स्थापना अंग्रेजों ने की, जिसे दशकों तक अंग्रेज अफसरों ने चलाया,उसी पार्टी के बारे में आज कहा जाता है कि
“वो अंग्रेजों से लड़ रही थी” 🤡👏
Congress Party के बड़े नेताओं को जेल में क्या-क्या विशेष सुविधाएँ मिलती थीं और ब्रिटिश सरकार को लिखी गई चिट्ठियाँ अगर कोई पढ़ ले,
तो “संघर्ष” अपने-आप समझ में आ जाए 📜😏
मोतीलाल नेहरू ने अपने बेटे जवाहरलाल नेहरू को नाभा जेल से छुड़ाने के लिए वाइसराय को जो पत्र लिखा, वही भाषा, वही निवेदन, वही टेक्स्ट ✍️🙇♂️
क्यों?
क्योंकि नाभा जेल में “समस्या” थी…
समस्या ये थी कि वहाँ सुविधाएँ कम थीं 😌
काफी कोशिशों के बाद, कुछ शर्तों के साथ, वाइसराय साहब ने मोतीलाल नेहरू को जवाहरलाल नेहरू से मिलने की इजाज़त दी 🤝
और मज़ेदार बात ये है कि जिसे आज “वीर सावरकर का माफ़ीनामा” कहा जाता है, उसी तर्ज़ का माफ़ीनामा नेहरू परिवार की ओर से भी वाइसराय को भेजा गया था 📩😶
अब अगर कोई आपसे कहे कि “हिंदू धर्म को हिंदुत्व से बचाना है” तो उससे एक बात ज़रूर कहिएगा, जैसा कि जसाई दीपक ने कहा है 👇
👉 अगर हिंदू धर्म को कोई बचा सकता है, तो वो है हिंदुत्व।
👉 और अगर हिंदू धर्म को किसी से ख़तरा है, तो वो है धर्मनिरपेक्षता के नाम पर होने वाला प्रहार 😌🔥
और ये आज नहीं, लगातार हो रहा है। भारत जैसे देश में, जो सनातन को मानने वाला देश है, जो हिंदू राष्ट्र है
(भले ही संविधान की किताब में न लिखा हो) 📖🚩
ये हिंदू राष्ट्र
हिंदू जनमानस के मन में बसा हुआ है। दुनिया में कोई और देश दिखा दीजिए जिसने
✔️ इतने सारे मज़हबों को शरण दी
✔️ किसी को प्रताड़ित नहीं किया
✔️ किसी के खिलाफ अभियान नहीं चलाया
✔️ किसी के धार्मिक स्थलों पर हमला नहीं किया 🙏🌍
सेक्युलरिज़्म हो या डेमोक्रेसी
ये तभी तक हैं, जब तक इस देश में सनातन धर्म है।
🕉️ सनातन धर्म ही इस देश में सेक्युलरिज़्म और डेमोक्रेसी की गारंटी है। और उसी गारंटी को खत्म करना है, इसलिए हिंदू धर्म पर हमला किया जा रहा है।
हमारे
📚 वेद
📚 पुराण
📚 रामायण
📚 गीता
इनमें कहीं कुछ नहीं मिला, तो हिंदुत्व को औज़ार बनाने की कोशिश की गई।
पिछले कुछ वर्षों में इस हमले में कम्युनिस्ट पार्टी और दूसरे विपक्षी दल बढ़-चढ़कर शामिल रहे 🧨😏
इनका इरादा हिंदू धर्म को बचाना नहीं है।
इनका लक्ष्य है — हिंदू धर्म को नष्ट करना।
और आप भी जानते हैं
👉 “भारत एकमात्र सभ्यता है, जिसे कट्टरपंथी इस्लामी साम्राज्यवाद आज तक झुका नहीं पाया।”
👉 ये उनका अधूरा एजेंडा है।
👉 ये उनका अधूरा सपना है।
दुनिया में एक ही सभ्यता है, जिसे इस्लाम हरा नहीं पाया
और वही दर्द आज भी उनके मन में है 😶🔥
इसीलिए, कभी विक्टिम कार्ड, कभी प्रोपेगैंडा,कभी झूठा नैरेटिव- हर तरीके से चौतरफ़ा हमला किया जा रहा है हिंदू धर्म पर। 🚩🕉️
लेकिन याद रखिए
हिंदू धर्म झुकने के लिए नहीं,
टिके रहने के लिए बना है।
🇵🇰 बिलावल भुट्टो, बेनज़ीर भुट्टो का बेटा, कहता है—
"भारतीय संसद में हमारे अपने लोग बैठे हैं।" ❓
सवाल है—ये "अपने लोग" कौन हैं? यदि इतना गंभीर दावा किया गया है, तो उसका आधार भी सामने आना चाहिए। 🤔
जहाँ तक बिलावल की बात है, उनके बयानों को लोग पहले भी गंभीरता से नहीं लेते रहे हैं। कभी युद्ध जैसे संवेदनशील विषयों पर गैर-जिम्मेदाराना बयान, तो कभी बिना तथ्यों के बड़े-बड़े दावे—ऐसी राजनीति केवल सुर्खियाँ बटोरती है। 🎭
मेरा बड़ा प्रश्न इससे भी आगे है। 👇
🇮🇳 भारत बहुदलीय लोकतंत्र है। चुनावी संघर्ष होना चाहिए, सरकार की नीतियों पर तीखी बहस होनी चाहिए, आलोचना भी होनी चाहिए। लेकिन जनता के वोट से चुने गए प्रधानमंत्री के प्रति मन में इतनी कटुता, इतनी घृणा और इतनी दुर्भावना क्यों? ⚖️
मैं "तेज़ाब" शब्द का प्रयोग इसलिए कर रहा हूँ, क्योंकि कुछ लोगों के चेहरे और भाषा में वही कड़वाहट दिखाई देती है। ☣️ क्या किसी व्यक्ति से इतनी नफ़रत लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप है?
क्या किसी प्रधानमंत्री का सम्मान केवल इसलिए नहीं होना चाहिए कि वह देश की जनता के जनादेश से चुना गया है? 🗳️
जिस लोकतंत्र ने कभी इंदिरा गांधी को स्वीकार किया, उसी लोकतंत्र ने आज नरेंद्र मोदी को चुना है। सरकारें बदलती रहती हैं, विचार अलग हो सकते हैं, लेकिन लोकतंत्र और जनता के जनादेश का सम्मान हर राजनीतिक दल और हर नागरिक का दायित्व होना चाहिए। 🇮🇳
🗣️ मतभेद रखिए, सवाल पूछिए, आलोचना कीजिए—लेकिन लोकतंत्र में विरोध का आधार तर्क होना चाहिए, दुर्भावना नहीं। 🙏
@HMOIndia@Aamitabh2
भारत की न्याय व्यवस्था सिर्फ हिन्दुओं को प्रताड़ित करने के लिए बनाई गई है।
आज 21 वीं सदी में अंग्रेजों द्वारा बनाये गये कानून प्रासंगिक हैं....??
अंग्रेजों द्वारा 1937 में बनाये गये कानून के अनुसार...
मुस्लिम 4 निकाह कर सकता है,
हिन्दू नहीं कर सकता।
आज 21वीं सदी में सभी देशों में कानून को समय और परिस्थितियों के अनुसार बदला गया है।
लेकिन भारतीय कानून स्वयं ही भेदभावपूर्ण हैं ।
जिसमें मजहबी लोगों को वह अधिकार दिये गये हैं.....
👉जो किसी भी इस्लामिक देश में नहीं हैं।
👉जो खुद इनके मजहब में भी हराम है
Waqf Board
मजहबी तालीम
4 निकाह की छूट
Places of Worship Act
Muslim Personal Law Board
हज सब्सिडी
Article 44 कब लागू होगा...? जिसके अनुसार
सबके लिए समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code) होनी चाहिए।
पता नहीं सुप्रीम कोर्ट और केंद्र सरकार नींद से कब जागेंगे ?
शरियत पर चलने वाले किस इस्लामिक देश में शान्ति है..?
कोई एक देश तो बताओ 🤷
आदरणीय @AshwiniUpadhyay जी
@HMOIndia@PMOIndia_RC
एक दौर था, जब अलगाववादी नेता यासीन मलिक की तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह से मुलाकातें सुर्खियाँ बनती थीं।
कुछ चर्चित पत्रकार भी उसे "यासीन मलिक साहब" कहकर संबोधित करते थे।
फिर समय बदला। सरकार बदली। आतंकवाद पर नीति बदली।
मोदी सरकार के कार्यकाल में यासीन मलिक को आतंकवाद से जुड़े मामलों में अदालत ने दोषी ठहराया और वह जेल पहुँचा।
यही फर्क है—एक दौर में तस्वीरें चर्चा में थीं, आज कानून की कार्रवाई चर्चा में है।
देश आतंकवाद पर समझौता नहीं, कठोर और निर्णायक कार्रवाई चाहता है। 🇮🇳
#CompromisedCongress #YasinMalik #NationalSecurity #India
@AshokShrivasta6
वक्फ बोर्ड पर सवाल पूछो तो सन्नाटा... 🤐
चर्च और मस्जिद की बात करो तो चुप्पी... 🤫
लेकिन राम और राम मंदिर का नाम आते ही सबसे पहले
आवाज़ उठ जाती है! 🚩
अगर पारदर्शिता चाहिए, तो हर संस्था से चाहिए।
मजहब की आड़ में Waqf Board की हजारों करोड़ की
संपत्तियां, आय का स्रोत, खर्च और ऑडिट पर सवाल क्यों नहीं?
चयनात्मक विरोध ही तुष्टिकरण की सबसे बड़ी पहचान है।
संजय निषाद ने अखिलेश यादव से यही सवाल पूछकर राजनीतिक बहस को नई दिशा दे दी।
#WaqfBoard #SanjayNishad #AkhileshYadav #Politics #Transparency
धारा 30A संविधान से हटाना अति आवश्यक है, यह हिन्दू विरोधी और सनातन धर्म के खिलाफ है। 🚩
यह एक छल है हिन्दुओं के साथ।
संविधान की धारा 30, 30A हटनी चाहिए या इनमें संशोधन होना चाहिए ताकि विद्यालयों में सनातन धर्म के बारे में पढ़ाया जा सके। 🕉️
🤝 Hindus Must Unite
#JagoHindu 🚩
• मिलिए किश्तवाड़ के उपायुक्त (डीसी) पंकज कुमार शर्मा (JKAS) से।
स्टेट cader के अधिकारी हैं जो प्रोटोकॉल में फौज और IAS अधिकारियों से नीचे होते हैं।
लेकिन इनकी ego में ये खुद को देश प्रधानमंत्री से कम नहीं समझते।
इनपर आरोप है कि -
• अत्यंत गोपनीय एवं संवेदनशील सैन्य संचार उपकरणों तथा विशेष सैन्य अभियान में प्रयुक्त वाहनों को अवैध रूप से रोकने और अपने कब्जे में लेने के लिए यही जिम्मेदार बताए जा रहे हैं।
• इन्होंने न केवल अपने अधिकार क्षेत्र का अतिक्रमण किया, बल्कि किश्तवाड़ जैसे संवेदनशील क्षेत्र की सुरक्षा परिस्थितियों को समझने में गंभीर अपरिपक्वता और गलत निर्णय क्षमता का भी परिचय दिया।
• भारतीय सेना की रोड ओपनिंग प्रक्रिया (Road Opening Procedure) में इनके हस्तक्षेप ने स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा तक को खतरे में डाल दिया।
• यदि ऐसे अयोग्य और गैर-जिम्मेदार अधिकारी व्यवस्था में बने रहे, तो वे क्षेत्रीय ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए भी निरंतर गंभीर खतरा उत्पन्न करते रहेंगे।
यदि सेना ने इनकी पिटाई की है तो सेना ने सही किया या गलत इसका निर्णय जनता करे।
#जम्मू_कश्मीर #JammuAndKashmir
🚩 टूटी हुई आस्था को फिर से सम्मान दिलाने वाले, मंदिरों के पुनरुद्धारक, धर्मरक्षक और स्वाभिमान के प्रतीक छत्रपति शिवाजी महाराज को शत्-शत् नमन। 🙏⚔️
#हिन्दू_साम्राज्य_दिवस 🚩
#HinduSamrajyaDiwas
एजेंडा-चालित नैरेटिव और दोहरे मापदंडों पर प्रधानमंत्री मोदी का यह संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक दिखता है। 🎯
12 वर्षों बाद भी बढ़ता जनसमर्थन, जनता से सीधा संवाद और निरंतर जनविश्वास—यही लोकतांत्रिक जवाबदेही की सबसे बड़ी पहचान है। 🇮🇳
जनता का विश्वास ही सबसे बड़ा प्रमाण है। 🙏
#PMModi #NarendraModi #Leadership #Democracy #India
🚨 "लव जिहाद से कैसे बचें?" 🚨
हर रिश्ते में विश्वास ज़रूरी है, लेकिन सतर्कता भी उतनी ही आवश्यक है। अपनी बेटियों और बहनों को जागरूक बनाना परिवार और समाज दोनों की जिम्मेदारी है। 🙏
📹 यह वीडियो देखें और यदि आपको उपयोगी लगे तो अधिक से अधिक हिंदू बेटियों और बहनों तक अवश्य पहुँचाएँ। 📲
⚠️ जागरूक रहें • सोच-समझकर निर्णय लें • सुरक्षित रहें
#LoveJihad #Awareness #HinduDaughters #SafetyFirst
🚨 वीडियो में एक मुस्लिम व्यक्ति यह कहते हुए दिखाई देता है कि, "हमें भारत से पाकिस्तान जैसा एक और देश चाहिए।" 🇮🇳
वह आगे दावा करता है कि BJP का समर्थन करने वाले मुसलमानों की हिंदू पत्नियाँ होती हैं, वे शिया हैं और शिया गद्दार हैं।
एक अन्य व्यक्ति कहता है, "हम मुसलमान भारत में खुद को असुरक्षित महसूस करते हैं।"
ऐसी मानसिकता वाले स्त्रोत को ही खत्म कर देना चाहिए ❗#BanMadarsa
Hindus Tej Jago 🚩 Must Unite 🤝
#Implement_NRC
@narendramodi@AmitShah
करनाल की होनहार बेटी अनन्या राणा को संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) सिविल सेवा परीक्षा 2025 में अखिल भारतीय 60वीं रैंक प्राप्त कर भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के लिए चयनित होने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ।
आपकी यह उल्लेखनीय उपलब्धि करनाल के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। विश्वास है कि आप अपनी प्रतिभा, समर्पण और संवेदनशील कार्यशैली से राष्ट्र निर्माण एवं जनसेवा में महत्वपूर्ण योगदान देंगी।
उज्ज्वल एवं सफल प्रशासनिक जीवन के लिए अनंत शुभकामनाएँ।
देखिए शोरूम वाले किस तरह से आपको बेवकूफ बनाते हैं। एक व्यक्ति महिंद्रा शोरूम से एक कार लेने आया था। वो अपने साथ एक आदमी भी लाता है जो इस गाड़ी का PDI करने वाला था। गाड़ी लेने से पहले जो चेकिंग होती है वो करते समय ये देखता है कि गाड़ी 70 किलोमीटर चली हुई है। कंपनी के स्टाफ भी बोलते हैं कि ये 70 किलोमीटर चली हुई है, गाड़ी चलकर शोरूम तक आई थी पर जब ये लोग PDI करके सारा फोटो वगैरह लेकर डिलीवरी लेने आते हैं तब वो इस गाड़ी की चेकिंग करते हैं तो ये सिर्फ 11 किलोमीटर चली हुई है। इन लोगों ने मीटर को reset कर दिया और 70 किलोमीटर से सीधे 11 किलोमीटर कर दिया अगर यही गाड़ी 200-300 किलोमीटर चल जाएगी और ये लोग मीटर reset करके दे देंगे तो आम जनता को तो पता ही नहीं चलेगा। कस्टमर सोचेगी कि नई गाड़ी है और लेगा। यही सवाल शोरूम वालों से है कि ऐसा क्यों करते हैं ये लोग?