याद रखो
हर दौर, हर ज़माने, हर बस्ती, हर इलाक़े और हर शख़्स के लिए सुन्नत-ए-नबवी सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की वही हैसियत है जो हज़रत नूह अलैहिस्सलाम की कश्ती की थी कि जो सवार हो गा वही बचेगा जो नहीं होगा वह हलाक होगा ...!
हुज़ूर ﷺ ने फ़रमाया :-
“क़यामत के रोज़ सबसे पहला जिस शख़्स के ख़िलाफ़ फ़ैसला आएगा, वह होगा जिसे शहीद कर दिया गया उसे पेश किया जाएगा, अल्लाह पूछेगा तुने मेरी नेअमत के साथ क्या किया ? वह कहेगा मैंने तेरी राह में लड़ाई की हत्ता की मुझे शहीद कर दिया गया, अल्लाह त'आला फ़रमाएगा तुने झूठ बोला, तुम इस लिये लड़े थे के यह कहा जाये की यह शख़्स बहादुर है और यही कहा गया और फिर इस शख़्स के बारे में हुक़्म होगा कि इस आदमी की मुँह के बल घसीटा जायेगा यहाँ तक कि आग में डाल दिया जाएगा,
और वह आदमी जिसने इल्म पढ़ा, पढ़ाया और क़ुरान की किराअत की, इसे पेश किया जाएगा पूछा जाएगा तुने मेरी मेरी नेअमत के साथ क्या किया ? वह कहेगा मैंने इल्म पढ़ा और पढ़ाया और तेरी ख़ातिर क़ुरान की किराअत की, अल्लाह त'आला फ़रमाएगा तुने झूठ बोला, तुम इस लिये पढ़ा की यह कहा जाये, यह क़ारी है और यही कहा गया और फिर इस शख़्स के बारे में हुक़्म होगा कि इस आदमी की मुँह के बल घसीटा जायेगा यहाँ तक कि आग में डाल दिया जाएगा,
और वह आदमी जिस पर अल्लाह ने वुसअत की और हर क़िस्म का माल अता किया उसे लाया जाएगा मेरी नेअमत के साथ क्या किया वह कहेगा मैंने तुम्हारे बताए हुए रास्ते पर माल ख़र्च किया अल्लाह त'आला फ़रमाएगा तुने झूठ बोला, तुम इस लिये ख़र्च के यह कहा जाये की यह शख़्स सखी है और यही कहा गया और फिर इस शख़्स के बारे में हुक़्म होगा कि इस आदमी की मुँह के बल घसीटा जायेगा यहाँ तक कि आग में डाल दिया जाएगा”
(मुस्लिम 1905)
#HadithoftheDay
#Assalamu__Alaikum____
जो अल्लाह का हो जाता है, फिर अल्लाह त'आला उसे अपने सिवा सब से बेनियाज़ कर देता है और उसकी मदद वहाँ वहाँ से करता है जहाँ किसी का गुमान भी नहीं होता।
Not 🚫 मुझसे किसी को कोई मसला है तो
खुलकर बात करे मुझसे
मेरा अकाउंट सस्पैंड करके तुम्हारा फ़ायदा क्या?
अल्हम्दुलिल्लाह
माशाअल्लाह
इस्लाम शांति का मजहब है और बहुत तेजी से पूरी दुनिया में फैल रहा है, अल्हम्दुलिल्लाह सुम्मा अल्हम्दुलिल्लाह
इसलाम की बातें सिर्फ पढ़े-लिखों के दिमाग में घुसती है ,जाहिल दूर रहे
#Assalamu__Alaikum____
आप सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने फरमाया है अगर झुक जाने यानी (आजजी से इख्तियार करने में) तुम्हारी इज्जत घट जाए तो कयामत के दिन मुझसे ले लेना,
#मेरी_डायरी
#AssalamuAlaikumFriends
इतना मुश्किल भी नहीं है
सीधे रास्ते पे चलना
पर इन्सान का फितरत है
भटकते रहना...
#Beshaq
या अल्लाह सीधे रास्ते की रहनुमाई अता फरमा
#Aameen
@MBA313_MBA