अंडमान के जंगलों में जब जारवा जनजाति विलुप्ति के कगार पर थी, तब डॉ. रतन चंद्र कर ने अपने साहस और करुणा से उन्हें नई ज़िंदगी दी। उन्होंने जंगलों में रहकर उनका विश्वास जीता, इलाज किया और मानवता की मिसाल कायम की। ऐसे ही लोग सच्चे अर्थों में भारत रत्न हैं।
ये पूर्ण रूप से धर्म की लड़ाई है।
बंगाल से लेकर कश्मीर तक हिन्दू धर्म को मानने वालों को निशाना बनाया जा रहा है,
पहलगाम में हुआ कत्लेआम साधारण कत्लेआम नहीं है, ये नरसंहार है, ये इस्लामिक जिहाद है,
जो किसी ओर धर्म को जीने की आजादी ही नहीं देता।