टोलकर्मी नहीं, ये दरिंदे हैं! 😡
भारती��� सेना का जवान कपिल -
छुट्टी के बाद ड्यूटी जॉइन करने जा रहा था। रास्ते में उसने टोलकर्मियों से सिर्फ़ इतना कहा कि “जल्दी निकलने दो”…
इतना सुनकर टोलकर्मियों ने इंसानियत छोड़कर उसे खंभे से बांध दिया और बेरहमी से लाठियों से पीटने लगे।
मेरठ का ये वीडियो दिल दहला देने वाला है।
सोचिए, जो जवान सरहद पर देश के लिए गोली खाने को तैयार रहता है, उसे अपने ही देश में इस तरह टोलकर्मियों की हैवानियत झेलनी पड़ी।
ये बेहद शर्मनाक है!
@NHAI_Official | @nitin_gadkari | @adgpi | @myogiadityanath जी एक्शन ऐसा हो.. दोबारा किसी की हिम्मत ना हो ऐसा शर्मनाक कृत्य करने की!
इटावा के बकेवर इलाके के दान्दरपुर गांव में भागवत कथा के दौरान कथावाचक और उनके सहायकों की जाति पूछने पर पीडीए की एक जाति बताने पर, कुछ वर्चस्ववादी और प्रभुत्ववादी लोगों ने साथ अभद्र व्यवहार करते हुए उनके बाल कटवाए, नाक रगड़वाई और इलाके की शुद्धि कराई।
हमारा संविधान जातिगत भेदभाव की अनुमति नहीं देता है, ये व्यक्ति की गरिमा और प्रतिष्ठा से जीवन जीने के मौलिक अधिकार के विरुध्द किया गया अपराध है। सभी आरोपियों की तत्काल गिरफ़्तारी हो और यथोचित धाराओं में मुक़दमा दर्ज़ किया जाए।
अगर आगामी 3 दिनों में कड़ी कार्रवाई नही हुई तो हम ‘पीडीए के मान-सम्मान की रक्षा’ के एक बड़े आंदोलन का आह्वान कर देंगे।
पीडीए के मान से बढ��कर कुछ नहीं!
सरकार हमें कीड़ा-मकोड़ा समझती है। हम इंसान नहीं हैं क्या?
- दिल्ली की रहने वाली रानी ये बात कहती हैं।
G20 से पहले मोदी सरकार ने अपनी नाकामी छिपाने के लिए इनके घरों को पर्दे से ढकवा दिया है।
क्योंकि राजा को गरीब से नफरत है।
धीरेंद्र शास्त्री के हिसाब से कल 15 अगस्त को गणतंत्र दिवस है .
सोचिए जरा . मिडिल स्कूल का बच्चा भी जानता है कि गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस में क्या फ़र्क़ है लेकिन ये पंडित धीरेंद्र शास्त्री तो अलग ही लेवल का है ...