*देवकीसुत गोविन्द: वासुदेव: जगत्पते।*
*देहि मे तनयं कृष्ण त्वामहम् शरणं गत: ।।*
आप सभी को श्री कृष्ण जी के प्राकट्योत्सव पर मंगलमय बधाई एंव शुभकामनाएं।🙏
श्रीकृष्ण का जीवन हमें सिखाता है—
धैर्य रखो, सत्य का साथ दो,
अपने कर्म को पूरी निष्ठा से निभाओ
और हर परिस्थिति में मुस्कुराते रहो।
सफलता निश्चित है।
आप सभी को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएँ💐🙏🏻
राधे राधे 🙏
जय श्री कृष्ण 🦚
TFI के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ.दिनेश चंद्र शर्मा के निर्देश पर आज बांसगांव लोकसभा के सांसद श्री कमलेश पासवान जी (केन्द्रीय राज्य मंत्री)के आवास पर सैकड़ों की संख्या में जिले के पदाधिकारी एवं ब्लॉक अध्यक्ष मंत्री सहित तमाम शिक्षकों की उपस्थिति में TET से मुक्ति हेतु ज्ञापन सौंपा गया
बारिश को लेकर मौसम विभाग का अपडेट....आज भी रहेगा ओरेंज अलर्ट, PAPA NGO ने जिला प्रशासन आगरा से शहर के हालत देखते हुए स्कूलों में अवकाश करने की मांग की है.
बारिश ने खोली व्यवस्थाओं की पोल, स्कूलों में जलभराव से बच्चों की पढ़ाई हुई प्रभावित, अभिभावक, जलभराव से परेशान, PAPA NGO को लगातार मैसेज भेज कर कर रहे हैं अवकाश की मांग.
"बरसात प्राकृतिक आपदा नहीं, लेकिन यदि स्कूल परिसर तालाब बन जाएं तो यह व्यवस्था की विफलता अवश्य है."
#आगरा : मानसून की पहली अच्छी बारिश ने जहां भीषण गर्मी से लोगों को राहत दी, वहीं शहर और देहात के कई प्राथमिक विद्यालयों की बदहाल स्थिति भी उजागर कर दी. कई स्कूलों में जलभराव होने से विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हुई, जबकि दूसरी ओर शहर की सड़कों पर घंटों जाम और जलभराव ने आम नागरिकों की परेशानियां बढ़ा दीं.
समाचार के अनुसार जनपद के कई विद्यालयों में बारिश का पानी भर गया, जिससे विद्यार्थियों को कक्षाओं तक पहुंचने और पढ़ाई करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा. बेसिक शिक्षा विभाग ने स्वीकार किया है कि वर्षा के कारण कुछ विद्यालयों में अस्थायी रूप से पढ़ाई प्रभावित हुई है और जल निकासी तथा सफाई के लिए संबंधित अधिकारियों के साथ समन्वय कर स्थिति सामान्य करने के प्रयास किए जा रहे हैं. अभिभावकों ने भी चिंता जताई है कि लगातार जलभराव से बच्चों के स्कूल आवागमन में परेशानी हो रही है.
उधर, शहर में सुबह से रात तक लगभग 70 एमएम वर्षा दर्ज की गई, जिससे तापमान में लगभग चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट आई और लोगों को उमस से राहत मिली, हालांकि भारी बारिश के कारण एमजी रोड, सिकंदरा, वाटरवर्क्स, सुल्तानगंज पुलिया, भगवान टॉकीज और कई अन्य क्षेत्रों में जलभराव व भीषण जाम की स्थिति बनी रही. अनेक स्थानों पर दोपहिया वाहनों में पानी भर गया और लोगों को घंटों तक रेंगते यातायात का सामना करना पड़ा. मौसम विभाग ने अगले दिन के लिए भी वर्षा का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है.
प्रोग्रेसिव एसोसिएशन ऑफ़ पेरेंट्स अवेयरनेस (PAPA NGO) का मानना है कि प्रत्येक विद्यालय में वर्षा से पहले जल निकासी, भवन सुरक्षा और परिसर फिलहाल शहर के हालत देखते हुए जिला प्रशासन आगरा को स्कूलों में अवकाश घोषित करना चाहिए, इसके उपरांत इन बातों पर भी ध्यान दिया जाए कि नियमित जांच अनिवार्य होनी चाहिए. यदि थोड़ी सी बारिश में स्कूल परिसर जलमग्न हो जाते हैं तो यह सीधे बच्चों के शिक्षा के अधिकार और उनकी सुरक्षा से जुड़ा विषय है। प्रशासन को केवल बारिश के बाद राहत कार्य करने के बजाय मानसून पूर्व तैयारी, विद्यालयों का सुरक्षा ऑडिट और जवाबदेही तय करने की व्यवस्था विकसित करनी चाहिए, ताकि किसी भी बच्चे की पढ़ाई मौसम की अव्यवस्थाओं की भेंट न चढ़े.
दीपक सिंह सरीन
राष्ट्रीय संयोजक, प्रोग्रेसिव एसोसिएशन ऑफ़ पेरेंट्स अवेयरनेस (PAPA NGO)
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#SchoolSafety #BasicEducation #RainAlert #Waterlogging #StudentRights #PAPANGO #प्राथमिक_विद्यालय #जलभराव #बच्चों_की_सुरक्षा #शिक्षा_का_अधिकार #मानसून #आगरा #papango #students #parenting @UPBasicShiksha@CommissionerAgr@OfficeOfDMAgra@AgraCdo@bsa_agra@Deepak_sarinji
बेसिक के शिक्षकों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा के साथ ग्रुप लाइफ़ इंश्योरेंस, पर्सनल एक्सीडेंट कवर, स्थायी दिव्यांगता बीमा कवर प्रदान करने के लिए माननीय मुख्यमंत्री श्री @myogiadityanath जी का हार्दिक आभार एवं धन्यवाद 💐💐🙏🙏❤️🙏🙏 @ARPASS20up@thisissanjubjp@basicshiksha_up
भीषण गर्मी और लगातार बढ़ते तापमान को देखते हुए टीचर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (TFI) द्वारा विद्यालयों का समय प्रातः 7:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक किए जाने की मांग पूरी तरह न्यायसंगत और छात्रहित में है।
नौनिहालों का स्वास्थ्य, सुरक्षा और शिक्षा—तीनों हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए। तपती दोपहर में बच्चों को विद्यालय में रोकना उनके स्वास्थ्य के साथ जोखिम लेने जैसा है।
सरकार और शिक्षा विभाग से आग्रह है कि बच्चों और शिक्षकों के हित में इस मांग पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लिया जाए।
#JusticeForTeachers @DrDCSHARMAUPPSS
#NoTetBeforeRteAct
TET की अनिवार्यता समाप्त करने हेतु आरटीई में संशोधन सम्बन्धित ज्ञापन मा उप मुख्यमंत्री श्री ब्रजेश पाठक जी को दिया गया ।@brajeshpathakup
#NoTETbeforeRTEact
*IAS, IPS, IFS ,IRS,IES की exam यूपीएससी के माध्यम से भारत में आयोजित होती है। तो IMS (Indian Medical Services) के साथ-साथ IJS (Indian Judiciary Services) या IAS(J) की परीक्षा भी होनी चाहिए। जिससे सभी को बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ एक समान न्याय भी मिलें। और जो पूर्व से नियुक्त अधिकारीगण/ न्यायधीश इन परीक्षाओं को पास किए बिना नियुक्त हैं। उन्हें भी 2 वर्ष के भीतर इस परीक्षाओं को पास करना चाहिए। अन्यथा उन्हें भी शिक्षकों की भाँति अनिवार्य सेवानिवृत्ति दी जाएगी क्या?
@narendramodi@AmitShah@rajnathsingh@dpradhanbjp@myogiadityanath@RahulGandhi@yadavakhilesh@priyankagandhi@Aamitabh2@bstvlive
शिक्षकों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा प्रदान करने के लिए माननीय मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी का हार्दिक आभार एवं हार्दिक धन्यवाद 🙏🙏❤️❤️🙏🙏।
आपके इस कार्य से लाखों शिक्षकों एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के एक करोड़ से ज्यादा परिवारीजन लाभान्वित होंगे। @myogioffice@CMOfficeUP
व्यवस्था की दोहरी नीति के चलते आज जब रीढ़ की हड्डी पर वार हुआ है, तो खामोश मत बैठो! आवाज़ उठाओ!
माननीय कोर्ट और सरकार का फ़रमान आ गया है—"चाहे 20 साल से पढ़ा रहे हो, चाहे तुम्हारी भर्ती के समय नियम कुछ भी रहा हो... नौकरी बचानी है, तो #TET (शिक्षक पात्रता परीक्षा) पास करो ।
" तर्क दिया गया कि बच्चों के भविष्य और 'क्वालिटी' (गुणवत्ता) से समझौता नहीं हो सकता।चलो, एक पल के लिए इसे सही मान लेते हैं। लेकिन अब #सिस्टम के ठेकेदारों से सीधे और तीखे सवाल पूछने का वक़्त आ गया है:
क्या इस देश में 'क्वालिटी' की ज़रूरत सिर्फ #शिक्षकों को है?
नेताओं की 'पात्रता' कहाँ है?
#अंगूठाछाप से लेकर दागी #छवि वाले लोग देश की तक़दीर तय कर रहे हैं। मंत्रियों और जनप्रतिनिधियों के लिए हर चुनाव से पहले एक 'संसदीय व प्रशासनिक पात्रता परीक्षा' #अनिवार्य क्यों नहीं की जाती? देश चलाने वालों की 'गुणवत्ता' की जाँच कौन करेगा?
अफ़सरशाही पर लगाम क्यों नहीं?
दशकों पुरानी मानसिकता से कुर्सी पर चिपके IAS, IPS और बड़े प्रशासनिक अधिकारियों की हर 5 साल में कार्यकुशलता परीक्षा क्यों नहीं होती?
सिर्फ जनता से जुड़े छोटे कर्मचारियों और शिक्षकों का ही गला क्यों घोंटा जाता है?
बाकी विभागों को खुली छूट क्यों?
जब नियम बीच सेवा में बदले जा सकते हैं, तो इसे हर सरकारी नौकरी, हर विभाग और हर ऊंचे पद पर अनिवार्य करो ।
यह कैसा न्याय है? यह न्याय नहीं, तानाशाही है!
सालों-साल ईमानदारी से सेवा करने वाले शिक्षकों को बीच रास्ते में अयोग्य साबित करने की साज़िश बंद करो! अगर बीच नौकरी में नियम बदलने की इतनी ही भूख है, तो यह प्रावधान हर नौकरी और हर राजनेता पर लागू होना चाहिए
अगर नियम एक के लिए है, तो वह नियम सबके लिए लागू करो ।
व्यवस्था की इस दोहरी नीति के खिलाफ हम जी जान से लड़ेंगे ।
✊ #justice_For_Teachers
#StopExploitingTeachers #EqualRulesForAll #SystemReform #TETMandatory #VoiceOfTeachers
#बिना_परीक्षा_माननीय_सुप्रीम_कोर्ट_में5_नये_जज_नियुक्त
Law के क्षेत्र में प्रोफेशनल डिग्री LLB लेकर वकील बनते हैं ।इसी प्रकार स्कूली शिक्षा के क्षेत्र में प्रोफेशनल डिग्री बी एड या बीटीसी लेकर शिक्षक बनते हैं ।
simple एलएलबी की डिग्री लेकर बने अधिवक्ता बिना किसी परीक्षा के केवल अनुभव के आधार पर हाईकोर्ट के माननीय जस्टिस ,फिर चीफ जस्टिस ,सुप्रीम कोर्ट के मा जस्टिस और फिर सुप्रीम कोर्ट के chief justice तक बन सकते हैं।
लेकिन बी एड या बीटीसी की डिग्री या डिप्लोमा लेकर बने शिक्षक को नियुक्ति के 25-30 वर्षों बाद प्रमोशन तो दूर नौकरी में बने रहने के लिए भी नई परीक्षा उत्तीर्ण करनी होगी और सफल न होने पर नौकरी से निकाल दिये जाएँगे ।क्या यह न्याय है?
हम माननीय प्रधानमन्त्री जी से अनुरोध करेंगे कि देश के 25 लाख शिक्षकों के साथ हो रहे इस अन्याय का संज्ञान लें और एनसीटीई द्वारा 23 August 2010 में निर्धारित योग्यता को आरटीई में सम्मिलित करने की कृपा करें ।🙏
@narendramodi@AmitShah@rajnathsingh@RahulGandhi@dpradhanbjp@myogiadityanath