प्रदर्शन जब लगातार और लंबे समय तक चलता है तब जाकर वह आंदोलन का रूप लेता है… और जब लंबे समय तक आंदोलन चलता है तब जा कर क्रान्ति होती है… इस क्रोनोलॉजी को समझिए
वो चिल्ला कर झूठ को सच बताएँगे,आप शांति से सच पहुँचा देना।
हिंसा का वीडियो सबसे पहले हमने दिखाया,हमारा ही वीडियो सब लगा रहे हैं,मगर वो सिर्फ हिंसा दिखा रहे हैं,शांतिपूर्ण प्रदर्शन को तो वो सुबह से नहीं दिखा रहे।
हमारी क्षमता कम हो सकती है,मगर आपकी नहीं। पहुंचा दीजिए इस सच को घर-घर तक
बाकी मिलता हूँ थोड़ी देर में विस्तृत रिपोर्ट के साथ YouTube पर
आज देश की सबसे बड़ी खबर – जंतर मंतर प्रोटेस्ट। इस पर देश के बड़े पत्रकारों के ट्वीट
सुधीर चौधरी – 0
अंजना ओम कश्यप – 0
चित्रा त्रिपाठी – 0
रूबिका लियाक़त – 0
अरनब गोस्वामी – 0
हम बहुत छोटे, गली–मोहल्ले के पत्रकार ही सही, लेकिन लाखों छात्रों की आवाज तो उठा रहे हैं !!
Message from Sonam :
20th JULY
आज़ादी का दूसरा आन्दोलन
भय मुक्त भारत, अन्याय मुक्त भारत
Freedom from injustice (Like paper leaks)
Freedom from Fear (my illegal detention)
India’s 2nd FREEDOM MOVEMENT
March to the Parliament
Please make it a big success
Sent through Gitanjali
from my illegal detention at Safdarjung
छत्तीसगढ़ : रायपुर में E20 पेट्रोल से मारुति की ग्रैंड विटारा (स्ट्रांग हाइब्रिड जेटा प्लस) कार खराब हो गई। कंज्यूमर कोर्ट ने माना है कि गाड़ी का इंजन E20 फ्यूल के हिसाब से नहीं था। मारुति को आदेश दिया है कि वह 45 दिन में नई कार दें या 20.5 लाख रुपए वापस करें।
जून 2024 में यह कार खरीदी गई थी। सरकारी लैब से गाड़ी में मौजूद तेल की जांच हुई। तेल में एथेनॉल होने की पुष्टि हुई। यह पाया गया कि ईंधन E20 था, लेकिन एथेनॉल के अलग होने से उसकी प्रभावी मात्रा सिर्फ 6–7% रह गई।
इधर, मारुति ने कोर्ट के इस आदेश को चुनौती देने की बात कही है !!
@Gwalior_police@DGP_MP@IgpGwalior@MPPoliceDeptt थोड़ा बहुत ध्यान उन रास्तों पर भी दिया जाए जो रास्ते बन वन बे हैं वहां पर लोग दोनों तरफ से चल रहे हैं जैसे कि दौलतगंज की ओर से बाड़े पर जाने वाले रास्ते शाम के टाइम पर देखो बहुत लोग उल्टी दिशा में आते हैं बाड़े की तरफ से इनके ऊपर कोई दौल गंज की पुलिस चौकी यह वो हमेशा बंद रहती है
भारत सरकार के एक केंद्रीय मंत्री ने खीरे की खेती के लिए सरकार से 99 लाख 60 हज़ार रुपये की सब्सिडी प्राप्त की है. मंत्री ख़ुद सब्सिडी देने वाले बोर्ड के एक्स-ऑफ़िशियो, यानी पदेन उपाध्यक्ष हैं.
देखिए हमारी स्पेशल इन्वेस्टिगेशन रिपोर्ट, @saurabhtop के साथ.
@harikishan1
https://t.co/5flHPalEqT
The ministry of external affairs says that a passport is a document travel not the proof of citizen ship . Really ??? . So are they providing this travel document to some people with out being totally convinced that this person is an Indian citizen ?? . It is absurd .
2014 के पहले की स्थिति होती तो
किसी मुख्यमंत्री के कुनबे के बारे में ऐसे खुलासे के बाद चैनलों ने मिट्टी खोद दिया होता . उस मुख्यमंत्री की जीना हराम कर दिया होता . चैनलों के रिपोर्टर माइक और कैमरा लेकर उसका पीछा कर रहे होते . उसकी पार्टी को सवालों के घेरे में लाया गया होता . पीएम तक से सवाल पूछे जा रहे होते .
इस्तीफा मांगा जा रहा होता
2014 के बाद क्या बदल गया
ग़ैर बीजेपी राज्य के मुख्यमंत्री या मंत्री पर आरोप लगे तो चैनलों पर चीख पुकार मचती है . बीजेपी प्रवक्ता से ज्यादा तेवर एंकर और एडिटर दिखाने लगते हैं . इस्तीफे के लिए मुहिम चलने लगती है लेकिन जब बीजेपी का कोई बड़ा नेता फंसता है तो सन्नाटा छा जाता है . सब चुप्पी साध लेते हैं , जैसे कुछ हुआ ही न हो .
इंडियन एक्सप्रेस का बड़ा खुलासा.
एमपी के मुख्यमंत्री मोहन यादव और उनके परिवार ने बीते पांच सालों में 253 एकड़ ज़मीन खरीदी है . ये ज़मीनें उज्जैन के उन इलाकों में खरीदी गई हैं , जहां मध्यप्रदेश सरकार Infrastructure Development का जबरदस्त काम कर रही है .
मुख्यमंत्री मोहन यादव, उनकी पत्नी सीमा यादव , बेटा वैभव यादव, बहू शालिनी यादव बड़े भाई नारायण यादव समेत पूरे कुनबे ने सस्ती जमीनें खरीदकर बहुत बड़ा लैंड बैंक बनाया है . सरकारी खजाने से इलाके के विकास की कई गुना कीमत वसूलने की तैयारी की गई है .
पढ़िए और सोचिये कि ये लोग कितने बड़े खिलाड़ी हैं .
ऐसे ही बड़े बड़े लोगों ने अयोध्या में ज़मीन खरीदी थी .
आज देखना है कि कौन चैनल इस खुलासे पर मोहन यादव को घेरता है ?