Chhath Puja
Day 2 –Kharn( reflect the essence of togetherness and gratitude)
Devotees observe a full-day fast without water and break it at sunset with gud kheer (jaggery) & roti
Chhath Puja spans four days, each day holding specific rituals that followers observe meticulously
कभी-कभी लोग मुझसे आकर कहते हैं कि ज़िंदगी बहुत परेशान कर रही है, प्यार छोड़ गया, एग्ज़ाम्स नहीं निकल रहे, बहुत डिप्रेशन में हूँ।
उनसे मैं हमेशा एक ही बात कहता हूँ अगर तुम्हारे पास थेरेपी का इंतज़ाम नहीं है, अच्छे साइकाइट्रिस्ट को नहीं दिखा सकते और अच्छे दोस्त भी नहीं हैं, सोशल लाइफ जीरो पर है, तो बस एक काम करो ओशो को सुनो।
दो से तीन महीने तक लगातार सुनो, ओशो तुम्हें भीतर से बदल देंगे। जितने भी वक्ताओं को मैंने सुना है, उनमें ओशो का सम्मोहन कुछ अलग ही है। लोग नहीं जानते कि उन्हें क्या सुनना चाहिए, लेकिन ओशो जानते हैं कि तुम क्या सुनना चाहते हो।
उनके डिस्कोर्स हर जगह उपलब्ध हैं यूट्यूब पर, उनकी वेबसाइट पर, वो में नीचे मेंशन कर दूंगा वहाँ तुम सुन भी सकते हो और पढ़ भी सकते हो। उनकी किताबें असल में उनके लाइव लेक्चर्स का संकलन हैं, इसलिए जब तुम उन्हें पढ़ोगे तो महसूस होगा जैसे कोई तुम्हारे सामने बैठकर बोल रहा है। मेरा मानना है कि 20वीं सदी के महानतम orator में से एक ओशो भी हैं।
ओशो को सुनने वाला एक चीज़ ज़रूर पा लेता है ज़िंदगी की समस्याएँ अब पहले जितना परेशान नहीं करतीं। वो जीवन को एंजॉयमेंट के साथ जीना सीख जाता है, थोड़ा मुस्कुराना, थोड़ा ठहरना, थोड़ा जीना यही वो सिखाते हैं।
लेकिन एक बात याद रखना उनका आकर्षण बहुत गहरा है। अगर लगातार सुनते रहोगे, तो उनका सम्मोहन तुम्हें उनकी आंधी में उड़ा ले जाएगा। इसलिए बीच-बीच में विराम लेना ज़रूरी है। दो-तीन डिस्कोर्स सुनने के बाद थोड़ा रुक जाना, खुद को संभालना साइंस और ह्यूमन ब्रेन पर लेटेस्ट रिसर्च पढ़ लेना जिससे ध्यान थोड़ा तार्किक हो जाए, रैशनल रहो। हर बात को दिल में उतरने मत दो, वरना तुम खो जाओगे। ओशो को सुनो, फिर जीवन को महसूस करो। धीरे-धीरे तुम्हारा thought process बदल जाएगा, भय, चिंता, डिप्रेशन सब पीछे छूट जाएगा, और तुम देखोगे ज़िंदगी अब उतनी भारी नहीं लगती, जितनी पहले लगती थी।
कुछ बातें जो मैने सीखी:
न बीता हुआ कल, न आने वाला कल, बस वर्तमान का यह पल ही सब कुछ है। जिंदगी अभी और यही है इसी क्षण में है इसी क्षण में परमात्मा भी है परमात्मा आपके अंदर है बाहर बैठा कोई व्यक्ति नहीं l
निडरता से जीना एक ठसक के साथ आचार्य प्रशांत भी यही बोलते है, आप जैसे हैं वैसे ही सर्वश्रेष्ठ हैं किसी की नकल ना करें l आप अपनी चिंता करें लोग क्या कहेंगे इसकी फिक्र ना करें मनुष्य जीवन अनमोल है इसे व्यर्थ ना गवाएं l
सुख-दुख कुछ भी नहीं ठहरता यह भी बीत जाएगा l
किसी से कोई गलती हुई है तो उसे माफ कर दें बीती बातों को पकड़कर नहीं बैठे रहे।
संसार में रहते हुए सन्यासी बनना है हर काम को होश पूर्वक करना है चले तो होश पूर्वक बैठे उठे सब कुछ होश पूर्वक करना चाहिए , होश पूर्वक किया गया हर काम ही ध्यान बन जाता है l
प्रेम ,ध्यान और आनंद पूर्वक साक्षी भाव के साथ जीवन को जीए l
और लास्ट में जीवन को बस एंजॉय करे ज्यादा लोड न ले, सब काम करे नाचे गाए खुशियां मनाए घूमे फिरे, जीवन को उच्चतम शिखर पर ले जाए, खूब विज्ञान पढ़े खूब गणित पढ़े और नई नई खोज करे, नदी की तरह बहते रहे पढ़ते रहे और अपने ज्ञान को बढ़ाते रहे। इंसान खोजी है खोज करते रहे and be rational किसी पर अंध विश्वास न करे।
जीवन यात्रा... 🚶♂️
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माननीय राज्यपाल श्री आरिफ मोहम्मद खां ने राजभवन, पटना में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में न्यायमूर्ति श्री पवनकुमार भीमप्पा बजंत्रि को पटना उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश के पद की शपथ दिलायी।
Judges are not employees of State; independence of District Judiciary part of basic structure: Supreme Court
report by @DebayonRoy#SupremeCourtOfIndia#SupremeCourt
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जलियांवाला बाग के बलिदानियों को देशवासियों की ओर से मेरी विनम्र श्रद्धांजलि! हाल ही में मुझे उस पवित्र स्थल का दर्शन करने और उन वीरों को श्रद्धा सुमन अर्पित करने का अवसर मिला था। अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले उन स्वाधीनता सेनानियों के प्रति भारतवासी सदैव कृतज्ञ रहेंगे।
#ViratKohli𓃵 की पारी से सीख:
1. आपका बुरा समय भी स्थायी नहीं है
2. सिर्फ़ अपने परफ़ॉर्मेंस से ही जवाब दिया जा सकता
3. अंतिम समय तक अपनी भावनाओं पर नियंत्रण रखना
4. लोगों की याददाश्त बहुत छोटी होती है
5. जब आत्मविश्वास बढ़ता है तो कठिन परिस्थिति भी आसान लगती है
In this column for The Hindu Businessline I argued that how live streaming of Constitutional bench hearings can be game changer in the long run and it can be means to promote transparency, accountability and legal literacy in the Country. #supremecourtofindia@businessline
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