पवन का झोंका आएगा
अंहकार सब उड़ जाएगा
अयोध्या में ‘चढ़ावा-चंदा-दान’ चोरों को हराने के लिए हमारा एक युवा ‘पीडीए प्रहरी’ ही काफ़ी है। चोरों को क्लीन चिट देनेवाले दरअसल हिस्सेदार होते हैं। दूध का दूध, पानी का पानी तो हुआ नहीं, इस बार जनता घमंड का सारा पानी उतार देगी।
पावन स्थलों पर वनस्पतिजीवियों का कोई काम नहीं।
आज सावन के अंतिम सोमवार के दिन पूरे विधि-विधान के साथ बकहरेश्वर महादेव के रुद्राभिषेक कर सभी के सुख, शांति, और समृद्धि की प्रार्थना की।
महादेव सबका कल्याण करें!
उप्र के मुख्यमंत्री जी ने नया विश्व रिकॉर्ड बनाया
7000 करोड़ का कॉस्मेटिक फेशियल करवाया
उप्र के मुख्यमंत्री जी ने जिस प्रकार जनता की गाढ़ी कमाई के टैक्स की लगभग 7000 करोड़ की महाराशि को अपनी झूठी छवि को सच्ची बताने-दिखाने पर ख़र्च किया है; वो ग़रीबी-बेकारी, बेरोज़गारी, मंदी, एमएसपी और बिजली, पानी, सड़क, स्वास्थ्य जैसी बुनियादी ज़रूरतों के लिए जूझ रहे देश के सबसे बड़े प्रदेश के लिए बेहद अवांछनीय और अति-निंदनीय है।
हम इतनी ही राशि में ‘KG से PG & RESEARCH’ तक की World Class 2-3 University बनाकर बच्चों-युवाओं का भविष्य सुधारकर दिखाएंगे, ‘उप्र को तरक़्क़ी और ख़ुशहाली के रास्ते पर ले जाएंगे, हम NEO INDIA बनाएंगे!’
इस फ़रेबी दुष्टात्मा को मानव जाति का हिस्सा मानना बड़ी भूल होगी!
कैसे दहाड़ रहा है अन्ना हजारे और बाबा रामदेव के अनशन को लेकर जैसे इसका दिल फटा जा रहा हो उन आन्दोलनकारियों की तकलीफ़ देखकर! और अपने शासन काल में यह zee_no_cidal agenda चला रहा है!
इसको जितनी बददुआ दी जाए कम है!
आज सोनम वांगचुक, अभिजीत दीपके और ये सारे युवा आपके बच्चों के भविष्य के लिए लड़ रहे हैं।
अब घर बैठने से काम नहीं चलेगा। अब सबको एक होकर सड़कों पर उतरना होगा। तभी इस देश में कुछ बदलेगा।
उठो, चलो जंतर मंतर।
"समत्वं योग उच्यते"
Samatvam Yog Uchhyate
Yoga is not merely flexibility of the body; it is the ability to remain balanced amidst the changing circumstances of life.
May this Yoga Day remind us to find stillness in chaos, awareness in every breath, and peace within ourselves.
Heartiest wishes to all on International Yoga Day. May the light of yoga continue to guide us from the outer world to the inner self.
भास्कर ने तो सूरज ही डूबो दिया।
भाजपा तो अपनी सहयोगी पार्टियों का ही काला चिट्ठा खुलवा रही है क्योंकि भाजपा को इन दलों के नेताओं से नहीं, उनसे जुड़े जो भी दो-चार हज़ार वोट हैं, बस उनसे मतलब है। जब ये तीनों बदनाम हो जाएंगे तो भाजपा, इनसे जुड़े समाजों से कहेगी कि देखो तुम्हारे नेता कितने भ्रष्ट हैं, ये तुम्हारा ख़्याल नहीं रखेंगे, इसलिए तुम इन्हें नहीं, सीधे हमें वोट दो। सच तो ये है कि भाजपा भी ग़लतफ़हमी में है क्योंकि अब ‘पीडीए समाज’ एकमुश्त रूप से पीडीए की जीत के लिए हमें ही वोट देगा।
भाजपा ने आज फिर साबित कर दिया है कि वो किसी की सगी नहीं है।
जो करते हैं अपने कबीले से दगा
उनका भला और कौन होगा सगा
तीनों की राजनीति ख़त्म, भविष्य भस्म!
भविष्यवाणी करनेवाले अपनी पार्टी की भविष्यवाणी करें कि उन्हें भाजपा 75 सीट दे रही है 50 या फिर सिर्फ़ आश्वासन।
इन्होंने भाजपा के गठबंधन से 30 सीटें मिलने की अफ़वाह फैलाकर जो पैसा एडवांस लिया है, वो लोग इन्हें ढूँढ रहे हैं।
जो संतों तक की सगी नहीं
वो ‘भाजपा’ अब और नहीं!
हमारे महाकाव्यों की यही सीख है कि जो संत-यज्ञ में और सद्-कर्म में बाधा बनते हैं, उनका अंत प्रभु स्वयं करते हैं।
भाजपा राज में सुबह पुल गिरने की ख़बर आती है, दोपहर में रेलवे स्टेशन के शेड गिरने की, शाम होते-होते गंगा एक्सप्रेसवे की दरारें ख़बरों की सुर्ख़ियाँ बन जाती हैं।
बेईमानी की चाशनी में डूबी भाजपा के भ्रष्टाचार की कड़वी जलेबी अब और नहीं सही जा सकती।
जनता भाजपा से उकता चुकी है।
आज तो Akhilesh Yadav जी ने नौजवान पत्रकार का ही क्लास लगा दिया 😄
अखिलेश जी: पलासियो मॉल किसने बनवाया?
बस फिर क्या था… सवाल सुनते ही कार्यालय में ठहाके गूंज उठे 😂
फिर मज़ाकिया अंदाज़ में बोले..
वहाँ घूमने जाते हो…स्टारबक्स की कॉफ़ी या चाय पी है?
यही अंदाज़ तो अखिलेश जी को सबसे अलग बनाता है 🥰
मुख्यमंत्री जी वर्तमान को क्यों भूल जाते हैं और आनेवाले कल की बात क्यों नहीं करना चाहते हैं। सुनने में तो ये आया है कि आप ही चेहरा होंगे फिर आनेवाले कल पर बात करने से क्यों कतराते हैं। कहीं आप भाजपाइयों की दस साल पुरानी उस बात को याद करके तो नहीं घबराते हैं कि भाजपावाले जिसे चेहरा बनाते हैं, उसको पिछले दरवाज़े का रास्ता दिखाते हैं।
सच तो ये है कि आप भी जानते हैं कि ऐसे या वैसे या फिर कैसे भी न तो आप, न आपके दल के लोग सत्ता में वापस आ रहे हैं, इसीलिए आप भविष्य से मुँह चुरा रहे हैं और भाषा-विचार की मर्यादाओं से बाहर जा रहे हैं। ये जिव्हा का विचलन ही बता रहा है, आपका दौर जा रहा है।
हम सदैव सभ्य-सुसंस्कृत रहेंगे और आपकी ससम्मान विदाई करेंगे!