@DC_Ranchi विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) बीएलओ द्वारा घर-घर जाकर नहीं किया जा रहा है। रांची के डोरंडा इलाके में बीएलओ ने वार्ड पार्षद के दफ्तर को अपना कैंप बना लिया है और मतदाताओं को वहीं जाकर फॉर्म लेना और भरना पड़ रहा है। जिनको इस अवैध कैंप की जानकारी नहीं,उनका एसआईआर नहीं हो रहा।
लोग तो यही जान रहे हैं कि बीएलओ घर पर जाएंगे और लोग इंतजार कर रहे हैं कि बीएलओ घर पर आएं और एसआईआर हो। मगर ऐसा हो नहीं रहा। कुछ बीएलओ तो अपने घर पर ही एसआईआर दरबार सजा रहे हैं। इससे लोगों के एसआईआर से वंचित रह जाने की प्रबल संभावना है। कृपया इस पर आवश्यक कार्रवाई करें। @ECISVEEP
@HemantSorenJMM@ranchipolice@IrfanAnsariMLA@NCPCR_@nchrofficial
Please take legal action against the accused teachers and the school management. Get the FIR registered and medico-legal report prepared. Rehabilitate the victim children. https://t.co/1Q7MOT6TWT
बढ़ा दिया पुलिस ने। बधाई हो रांची पुलिस, मुझे और मेरे परिवार को डर के साए में जीने को विवश करने के लिए। बधाई हो @HemantSorenJMM जी। और आपलोगों का हाथ जोड़ कर बहुत-बहुत धन्यवाद कि आपने मुझे न्याय के भ्रम से बाहर निकाल दिया। साधुवाद।
@HemantSorenJMM@JharkhandCMO@JharkhandPolice@ranchipolice
थाना में आवेदन के 9वें दिन डोरंडा थाना प्रभारी को होश आया कि घटनास्थल डोरंडा थानांतर्गत नहीं, बल्कि एयरपोर्ट थानांतर्गत है। डोरंडा थाना प्रभारी की लापरवाही के कारण सीसीटीवी फुटेज भी हाथ न लग सका
https://t.co/tZFTBjrTM4
अब क्या मुझे न्याय मिल पाएगा? पुलिस की लापरवाही के कारण, तत्काल एक्शन नहीं लेने, तत्काल जांच नहीं करने के कारण महत्वपूर्ण साक्ष्य सीसीटीवी फुटेज या तो डिलीट हो गया या जानबूझ कर डिलीट कर दिया गया। पुलिस की इस कार्यशैली के कारण मैं और मेरा परिवार बलि चढ़ गया। अपराधियों का मनोबल
@elonmusk sir, your X has been filled with the poison of religious hatered by Indian hate mongers. You have the mechanism to reach space. Don't you have mechanism or "will" to eradicate these hate mongers from your X?
@HemantSorenJMM@ESE_Ranchi रांची के डोरंडा स्थित मनी टोला, रजा कॉलोनी, पोखर टोली में आज सुबह से ही बिजली नहीं है। हालांकि हिनू क्षेत्र में बिजली है। विभाग के अधिकारी कॉल भी रिसीव नहीं कर रहे हैं। कृपया विद्युतापूर्ति चालू करें। सिर्फ मइयां योजना के भरोसे न रहें। जनसुविधा दें।