प. बंगाल में भाजपा ने ऑब्जवर के नाम पर रामपुर व संभल में टेस्ट किये हुए अपने एजेंट भेजे हैं लेकिन इनसे कुछ होने वाला नहीं। दीदी हैं, दीदी रहेंगी!
सही समय आने पर भाजपा और उनके संगी-साथियों के इन जैसे ‘एजेंडों के एजेंटों’ की सारी आपराधिक करतूतों की गहरी जाँच होगी और बेहद सख़्त दंडात्मक कार्रवाई भी। ये सब अधिकारी के रूप में अनरजिस्टर्ड लोगों के अनरजिस्टर्ड अंडरग्राउंड सदस्य हैं। हम न इन्हें भागने देंगे, न भूमिगत होने देंगे। ये खोज के लाए जाएंगे, खोद के लाए जाएंगे और अपने कुकृत्यों के लिए क़ानूनी सज़ा भी पाएंगे।
लोकतंत्र के अपराधी बख़्शे नहीं जाएंगे!
#भाजपाई_एजेंडे_के_एजेंट
>नाम रिंकू सिंह
>2004 में PCS परीक्षा पास की
>2009 में 100 करोड़ का पेंशन और स्कॉलरशिप घोटाले का पर्दाफाश
>इनाम में 7 गोलियां मारी गईं
>दो गोलियां चेहरे पर लगीं
>ठीक होने के बाद 2022 में IAS बने
>लेकिन अब उन्होंने ने इस्तीफा दे दिया है
>फील्ड पोस्टिंग न मिलने की वजह से नाराज थे
>शायद उनको नहीं पता कि फील्ड पोस्टिंग बेईमानों को मिलती है
>और ईमानदारों के हिस्से डेस्क जॉब आती है
>देश की जनता को ईमानदार अधिकारियों के साथ खड़ा होना चाहिए
>तभी किसी को ईमानदारी से काम करने की प्रेरणा मिलेगी।
जाति है कि जाती नहीं 🚨
दलित समाज से आने वाले यूपी के IAS रिंकू सिंह राही ने ये कहते हुए इस्तीफा दे दिया कि उनको लंबे समय से न पोस्टिंग दी जा रही है और न कोई काम दिया जा रहा है।
हम लोगों के लिए ये बहुत ही शर्मनाक बात है
पिता इंटर कॉलेज में लेक्चरर है, वेतन एक लाख रुपए से ज्यादा। माता प्राइमरी स्कूल में अध्यापक है, वेतन 70 हज़ार रुपए से ज्यादा।
बेटी डॉ प्रीति सिंह ने योगी आदित्यनाथ के रामराज्य उत्तर प्रदेश में ही EWS सर्टिफिकेट हासिल कर लिया और उसके दम पर किसी गरीब का हक छीनकर सहायक प्रोफेसर बन गई।
कुशल अधिकारियों की भाजपा सरकार में कोई अहमियत नहीं है। भाजपा में तो उनकी पूछ है जिनकी चोरी के पैसों की ही चोरी हो जाती है या जो निवेश तक में 5% का प्रवेश शुल्क वसूल लेते हैं।
हर अच्छे अधिकारी से हमारी माँग है कि भावावेश में आकर कोई फ़ैसला न करें, बुरे दिन जानेवाले हैं। पीडीए सरकार आएगी और सबको उचित मान-सम्मान-स्थान देगी क्योंकि पीडीए की सरकार जनता की सरकार होगी, जो समस्याओं के समाधान व असमानताओं को दूर करने के लिए सच में विकास के काम करेगी। क्वॉलिटी वर्क और तय समय सीमा के अंदर काम को पूरा करने के लिए हमेशा ही बेहतरीन ऑफ़िसर्स की ज़रूरत पड़ती है। अपने काम में पारंगत अधिकारियों की हमने हमेशा क़द्र की है और आगे भी करेंगे।
पीड़ित अधिकारी हो या कर्मचारी सभी भाजपा को हटाने के लिए पीडीए के साथ हैं। ’पीड़ा’ बढ़ रही है, इसीलिए ‘पीडीए’ बढ़ रहा है क्योंकि ‘जो पीड़ित, वो पीडीए’।
#बुरे_दिन_जानेवाले_हैं
गोलमाल है भाई सब गोलमाल है
संघ लोक सेवा आयोग UPSC का परिणाम आने के बाद अब उसके नंबर और कैटेगरी को सार्वजनिक कर दिया गया है।
इसमें मैंने एक चीज गौर की AIR 14 रैंक लाने वाली सुरभि यादव के रिटेन एग्जाम में 862 नंबर है, और इंटरव्यू में सिर्फ 165 के साथ कुल 1027 नंबर बना।
जबकि टॉपर अनुज अग्निहोत्री के रिटेन में 867 और इंटरव्यू में 204 नंबर के साथ 1071 पाकर टॉप कर गया।
सोचने वाली बात है कि लिखित परीक्षा में 862 नंबर लाने वाली सुरभि यादव इंटरव्यू में सिर्फ 165 नंबर के लायक थीं?
UPSC में EWS का घोटाला!
UPSC 2025 में AIR 9 रैंक पाने वाले आस्था जैन EWS कोटे से सिलेक्ट हुई और IAS बनी
UPSC 2024 में भी आस्था जैन सिलेक्ट हुई थी और उनकी रैंक AIR 186 आई थी लेकिन तब वह सामान्य श्रेणी में आती थी। गरीब नहीं थी।
आस्था ने हैदराबाद में चल रही ट्रेनिंग से छुट्टी लेकर गरीबी वाला EWS सर्टिफिकेट बनवाया और UPSC 2025 का एग्जाम दिया और IAS बन गई
2024 में नौकरी पाकर आस्था गरीब हो गई थी
जबकि नौकरी पा कर तो अमीर होते हैं।
गरीब GEN की नौकरियां आस्था जैन जैसे लोग डकार रहे हैं और GEN गाली SC/ST/OBC के आरक्षण को देता हैं।
"गरीब दुकानदार की बेटी बनी IAS" वाली आस्था जैन का फ्रॉड सुनोगे?
EWS बनवाकर UPSC एग्जाम दी 131वीं रैंक।
बाप का ITR लाखों में निकला,फिर जनरल बन गई, 186वीं रैंक।
मजा नहीं आया तो IPS रहते हुए,करोड़पति बनिया बाप के होते हुए फिर बन गई गरीब EWS.
इसबार 9वीं रैंक।
अब मुझे बताओ कौन सा बोल रहा था कि हम लोगों को 80℅ 90℅ marks लाकर हमें नौकरी नहीं मिलता और हम लोगो को 40℅ लाकर नौकरी मिल जाता है
लेकिन UPSC मै टॉप किसने किया है
अनुज अग्निहोत्री लाया है , कैसे
द्रोणाचार्य के वजह से क्योकि द्रोणाचार्य ने तो अपना काम कर दिया और बहुजन समाज के बच्चों का अंगूठा काटा है
जैसे सुरभि यादव जैसे तमाम बहुजन समाज के बच्चो का काटा है!
अब बताओ इन लोगो से क्या उम्मीद करे की द्रोणाचार्य आज भी जिन्दा है
आप सबकी हिम्मत और आशीर्वाद मुझतक इस शक्ल में पहुँचा है। कृतज्ञ हूँ, आभारी हूँ! 🙏🌿🌸✨
IIMCAA award for ‘Reporter of the year’ (Broadcast). ये अवॉर्ड मुझे उस रिपोर्ट के लिए मिला है जिसने मुझपर गहरी छाप छोड़ी। मध्य प्रदेश के अलीराजपुर एयर झाबुआ से की गई रिपोर्ट, जो देश के सबसे गरीब ज़िले के हिस्से में आई एक हक़ीक़त पर थी।
निशांत कुमार परिवारवाद नहीं है
चिराग़ पासवान परिवारवाद नहीं है
दीपक प्रकाश परिवारवाद नहीं है
संतोष सुमन परिवारवाद नहीं है
परिवारवाद तो बस तेजस्वी यादव और राहुल गांधी हैं। #हूंबो_हूंबो हिप्पोक्रेसी .. बात ये है सब अपने बच्चों के भविष्य सोच रहे हैं और आप भी उन्हीं के बच्चों के भविष्य के लिए चिंतित हैं. अपने बच्चों के भविष्य की चिंता करिये। तभी ये भी उनकी चिंता करेंगें .
कांग्रेस और बीजेपी वाले मिलकर सूर्या को ट्रोल कर रहे है
दोनों पार्टियों में पिछड़ो दलितों के लिए नफ़रत समान है
कांग्रेस ने केवल रणनीति बदली है विचारधारा उसकी अभी भी जातिवादी ही है
नाम सूर्य कुमार यादव,
भारतीय क्रिकेट टीम का कप्तान,
बंदे को जब से भारतीय टीम की कप्तानी मिली है तब से जाति विशेष के लोग इस खिलाड़ी को कप्तान के रूप में देखना नहीं चाहते थे,
इस महान खिलाड़ी का शोषण ऐसे समझिए 30 साल की उम्र में डेब्यू करनें का मौका दिया गया,
ऐसी मेहनत की, कि कप्तानी मिलनें में देरी हुई,
आज ऊपर वाले का निजाम देखिए पहली बार कप्तानी मिली और पहली बार में ही विश्व कप ट्राफी जीतनें जा रहा,
कुछ जलनखोर गद्दार इसकी कप्तानी में मैच जीतते हुए नहीं देखना चाहते थे,
कमाल की बात ये है इस विश्व कप में कप्तानी के इतने प्रेसर में 242 रन बना के टीम 9 वें नंबर पर रहे,
उन जलनखोरों को उनकी जानकारी के लिए बता दूँ कोहली अपनी कप्तानी में सब कुछ करके देख लिया था लेकिन कप नहीं उठा पाया ।
शाबाश सूर्या तुम्हारे जैसा दूसरा कोई नहीं 🙌 ❣️
#SuryakumarYadav
#INDvsNZ
#T20WorldCup2026final
इस आदमी को ट्रोल तब करिये जब आप बाक़ी सब के ख़राब परफॉर्मेंस पर बोलते हैं। अगर सब पर चुप और इस पर दिक़्क़त है तो आप कुंठित हो फिर.. आपका ईलाज़ केवल जूता ही है।
जो ख़राब खेले उस पर बोलो और जो ग़लत लगे उन सब पर बोलो बिना जाति धर्म देखे हुए। बायस्ड रहकर बात न करिये तब तो सही है।
ये आदमी विश्व का सबसे सफ़लता T20 कप्तान है और आज world cup भी जीत लिया है। इस बात के लिये ये तारीफ़ के हक़दार तो हैं ही। और मैं सूर्य कुमार यादव जी को बधाई देता हूँ।❤️🤗
हाँ पर साथ ही ये भी कहता हूँ कि भाई शून्य पर सबसे ज़्यादा बार आउट होने का रिकॉर्ड अपने नाम मत करवा लेना प्लीज़😁🙂 अब शुरू में छक्के मारने के बजाय एक दो ज़मीनी शॉट ज़रूर खेला करिये। बाक़ी विजय रथ चलता रहे ये कामना है।
पूरी भारतीय टीम के एक एक सदस्य , एक एक स्टॉफ की मेहनत से से जीत मिली है। स्टॉफ से लेकर भारतीय प्रशंसकों, पूर्व खिलाड़ियों की जीत है, इस कप पर सभी का हक़ है।
💐💝🇮🇳😎
एक जेनरल कैटेगरी से ब्राह्मण जाति की लड़की एससी की फर्जी सर्टिफिकेट बनवाकर आईएएस बन गई।
कंचना यादव,राजद प्रवक्ता I
10-15% आबादी द्वारा 59.5% आरक्षण लेने के बाद भी पेट नहीं भर रहा है तो अब फर्जी एससी बनकर आरक्षण की डकैती की जा रही है?