वाह @AmanChopra_ जी
पूरा Expose कर दिया
जब हर चीज जूठ के बिनाह पर बनी हो तो सवाल पूछने पर गुस्सा तो आएगा ही
जिस व्यक्ति ने हमला किया उस पर FIR होनी चाहिए
Suicide Note of Retired Brahmin Teacher Rajaram Goswami
Judge Sir..
SP L.B. Antony Dev Kumar, posted in Lalitpur, has been a cruel and oppressive officer..
At 2 p.m., he had me called from the school..
He asked my caste and said, You believe in untouchability.
SP Antony said, ‘You will drink water from a Basor!!’ I said, ‘If the water is given hygienically, I will drink it.’ Then I was given water mixed with what appeared to be mud or cow dung in a dirty glass to drink..
When I refused, all my clothes were removed in the middle of the road.. I was beaten with sticks.. Several other people were also stripped of their clothes and beaten..
Then all of us were sent to jail..
SP Antony had false cases registered against innocent people..
I am deeply hurt and distressed by this humiliation.. I no longer want to live.
जब किसी पुलिसकर्मी पर हमला होता है, तो चोट सिर्फ़ उसकी वर्दी पर नहीं लगती, उसका दर्द पूरे परिवार तक पहुँचता है।
सोचिए, जिन महिला पुलिसकर्मियों के पति, पिता या परिवार के सदस्य लाइन ऑफ ड्यूटी में थे, और एक तथाकथित शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान इस तरह की हिंसा का सामना करना पड़ा, उनके बच्चों पर क्या बीत रही होगी? उनका पक्ष किसी को दिखाई नहीं दिया। उनकी पीड़ा किसी को सुनाई नहीं दी।
कुछ लोग लगातार कह रहे हैं कि पुलिस ने ऐसा क्यों किया? लेकिन जब भीड़ जानबूझकर हिंसक हो जाए, तब पुलिस के SOP में स्पष्ट है कि पंप-एक्शन गन से रबर बुलेट या पेलेट का इस्तेमाल किया जा सकता है। ऐसी स्थिति में पुलिस ने exactly वही किया, जो उसे करना चाहिए था और वह भी बहुत संयम के साथ। सच कहूँ तो पुलिस चाहती, तो इससे कहीं अधिक कठोर कार्रवाई कर सकती थी, लेकिन उसने संयम चुना।
मैं इस विषय में बिल्कुल स्पष्ट हूँ। मैं इन बच्चों के साथ हूँ। मैं दिल्ली पुलिस के उन परिवारों के साथ हूँ, जिनके अपने लोग उस दिन ड्यूटी पर थे।
सरकार ने भी, भले कुछ लोग कहें कि प्रतिक्रिया देर से आई, लेकिन जिस तरह से पूरे मामले को संभाला, अगर मैं बिना किसी राजनीतिक चश्मे के केवल एक सामान्य नागरिक की तरह देखूँ, तो वह सराहनीय है। आज भी सरकार और पुलिस का रवैया यही है कि लोगों को समझाया जाए, उन्हें सुधरने का अवसर दिया जाए। यह बताता है कि व्यवस्था में अभी भी मानवीय संवेदना बाकी है।
लेकिन मेरा सवाल है क्या हमारे नेता उन परिवारों के लिए भी दो शब्द बोलेंगे, जिनके अपने लोग उस दिन घायल हुए? किसी बच्चे के लिए अपने पिता की खून से सनी वर्दी देखना आसान नहीं होता। किसी पत्नी के लिए हर सुबह टिफिन का डिब्बा देते समय यह डर लेकर जीना कि पता नहीं शाम को वही इंसान सही-सलामत लौटेगा या नहीं, यह डर शब्दों में बयान नहीं किया जा सकता।
उस दिन की तस्वीरें शायद सोशल मीडिया से हट जाएँगी, लेकिन उन बच्चों के मन पर जो घाव बने हैं, वे शायद पूरी ज़िंदगी नहीं भरेंगे। They have a scar for life. और दुख की बात यह है कि इस दर्द की चर्चा लगभग कहीं नहीं हो रही!
इसीलिए मैं माननीय प्रधानमंत्री जी से एक विनम्र अपील करना चाहता हूँ। अगली बार जब भी आप कोई संदेश या रील जारी करें, तो दिल्ली पुलिस के उन बच्चों और परिवारों के लिए भी दो शब्द कहिए। उन्हें भी यह एहसास होने दीजिए कि देश उनके साथ खड़ा है। आपके एक मिनट के संदेश से उनके मन को बहुत बड़ा सहारा मिलेगा।
दिल्ली पुलिस को केवल आदेशों की नहीं, देश के नेतृत्व की संवेदना, विश्वास और अपनापन भी चाहिए। कभी-कभी दो सांत्वना के शब्द भी ऐसी ताकत दे जाते हैं, जो किसी पुरस्कार से नहीं मिलती।
#WeStandWithDelhiPolice
हिन्दू थे इसलिए पहलगाम की तरह ही मार डाला,
कश्मीर के कुलगाम में इस्लामी आतंकियों में कत्ल किया 2 काफिरों का,
सेक्युलरिज़्म की तमाम गर्म तंदूर में बनी चिकनी-चुपड़ी बातें दफन हुईं सर्द वादी में,
वामपंथी और लिबरल अभी भी अपने बयान पर कायम कि - "आतंकवाद का कोई मज़हब नहीं"
ग्राउंड जीरो पर टीम सुदर्शन..
#Kashmir #Kulgam @manojsinha_
सहस्र वर्षों से तो मुसलमान और ईसाई भेदभाव कर रहे थे, साहस है इसे कहने का?
पूरे हिंदू समाज ने इन म्लेच्छों से युद्ध और संघर्ष किया है. और उनका पहला शिकार ब्राह्मण और क्षत्रिय होते थे. उनका सम्मान तो क्या करना, उन्हें ही प्रताड़ित कर रहे हो.
साहस है तो डिबेट कर लेना मंत्री जी.
He is Pierre-Henri Chuet, a former French Navy pilot. In 2025, during Operation Sindoor, he claimed that India had lost several fighter jets and praised Chinese fighter jets operated by Pakistan.
Now, in 2026, he has been detained after being accused of spying for China.
According to reports in the French media, he allegedly made at least two undeclared trips to China in 2018 and 2019 while still serving in the French Navy. During those trips, he allegedly organized training sessions for Chinese military pilots, arranged through a South African aviation company, and may have shared sensitive operational and tactical information with China.
Spain is currently facing a new crisis of illegal immigrants in Ceuta.
Thousands of illegal immigrants crossed into Ceuta from Morocco. Many entered Spain illegally by swimming, using small boats, or crossing land border points over a short period.
It is one of the biggest recent illegal border crossings.
Spain is deploying the military to Ceuta to restore order along its border with Morocco.
A nation's first line of defense is its border. Every illegal crossing is a test of a nation's sovereignty.
This is what we face, everyday, from last 5 years, for just speaking against reservation!!👇
And these people are "shoshit vanchit" as per our Constitution.
@NCWIndia@KanoongoPriyank
Please take notice.
Thank you🙏
खैर, एक बात तो इस आंदोलन से तय हो गई कि, भाई, इस सरकार की शब्दशः माँ-बहन करने पर ये लोग कॉन्स्टीट्यूशन क्लब में बिठाकर चाय पिलाते हैं और हाथ मिलाने को वैसे ही आतुर होते हैं, जैसे वैलेंटाइन्स डे पर लंच कराकर युवती को कमरे पर ले जाने को आतुर युवा!
नड्डा जी तो ऐसे, “एम आई राइट?” कह रहे थे, जैसे बिहार के लड़के के विवाह में होने वाले जीजा से साले साहब दहेज में दिए जाने वाले फ्रिज की लम्बाई और आयतन बताकर ब्रांड कन्फर्म कर रहे हों कि, “जीजू, ये चल जाएगा या दूसरा ले लें?”
उन्होंने एक केंद्रीय मंत्री से मिलने की बात की थी; मोदी जी ने दो भेज दिए, कि ऐसे कैसे! जेन-जी बुला रहा है, तो उसकी बात तो सुननी पड़ेगी। उधर मिलेनियल बेचारा स्वीमिंग पूल में डूबे कंकाल वाला मीम बन गया, यह कहते-कहते कि, “इसको हटा लो, सरकार। समाज और राष्ट्र के लिए ठीक रहेगा।” पर दीपके को गोदी में लेकर उछालने का जो आनंद है, वह और कहाँ!
पुराने मित्रों ने बताया कि शेर दो कदम पीछे ले रहा है; अब आगे तांडव होगा। मोदी जी ऐसे ही कुछ नहीं करते; सब सोच-समझकर, प्लानिंग के साथ होता है। और अमित शाह जी की टीम तो सब कुछ रिकॉर्ड करती ही है।
शेर बेचारा स्कार की तरह अतीत की गहराइयों में शरमाकर बार-बार दो कदम पीछे ले रहा है, और आप उसे मुफासा बताकर आइमैक्स का टिकट बेचना चाहते हो!
चुनाव में प्रतिनिधित्व सबसे सटीक तरीका होता है। जिसकी जनसंख्या अधिक, उसके नेता को उतने वोट। लेकिन विडम्बना देखिए कि यहाँ वास्तव में एकमात्र मापदंड मेरिट ही है।
आपने किसी लोकसभा/विधानसभा चुनाव में कभी सुना है कि सवर्ण प्रत्याशी को 90,000 वोट आने पर भी, सातवें नंबर पर 53,000 पाने वाले दलित को सांसद/विधायक बना दिया गया हो?
जब तुम यहाँ कटऑफ कम नहीं करते, तो परीक्षाओं में क्यों?
Just now: Terror attack in Kulgam, J&K.
Terrorists opened fire on non-local workers in Kulgam.
It appears that the terrorists first verified the identities of the victims and then targeted them.
Two non-local workers were shot. One was killed, while the other is battling for his life in the hospital. Pray for his recovery.
4200 करोड़ से बने कानपुर लखनऊ एक्स्प्रेस को चालू हुए दो हफ्ते हुए और दूसरी बार मरमत्त का काम चालू है,
आप नजदीक जाकर देखेंगे तो आपको मंत्रियों की कोठी, अधिकारियों का कैश और ठेकेदारों की पत्नियों के हीरे के हार नजर आयेंगे
When irresistible weed meets immovable hallucination.
According to Arundhati Roy, the 1961 liberation of Goa by India was in reality an Upper-caste Hindu State waging a war against Christians.
बिल्कुल सही "पहचान नहीं बदलती" मुँह खोलते ही पहचान सामने आ जाती है, दूसरी बात "जातीय भेदभाव" वो तो आज भी है, जैसे कि तुम हमें गाली दे सकते हो और अगर पलट कर हमने तुम्हे उसी भाषा में जवाब दिया तो हमारे ऊपर FIR हो जाएगी, कानूनन जातीय भेदभाव है, बोलो अठावले जी इसे खत्म कब करोगे
Testimony of a police officer’s daughter: My father was on duty at Jantar Mantar. He was almost lynched. He remained unconscious for hours. He was brought home drenched in blood. His attackers are now filing complaints against him.
The price of bravery in this country is blood.
विपक्ष के गोदामों पर सर्जिकल स्ट्राइक करने वाले अध्यक्ष जी के खुद के आंगन में सरकारी धान ने बारिश का पानी पीकर हरित क्रांति ला दी है!
इस उगे हुए धान को सड़ा हुआ मानने के बजाय, इसे नगायच स्पेशल स्प्राउट्स (Sprouts) बताकर जिम जाने वालों को हाई-प्रोटीन डाइट के नाम पर बेच देना चाहिए।
In a democracy, every policy must be open to debate, including Reservations.
It's time we start demanding changes in Reservations.
Reservation Hatao Movement is about those reforms!
PM @narendramodi जी के सामाजिक न्याय के मंत्री @RamdasAthawale ने सामान्य वर्ग के बच्चों को 'जाहिल' और 'मानसिक रोगी' कहा है! @RHAreforms ने केवल आरक्षण में सुधारों और इसकी समीक्षा की बात की है, और इसके लिए सरकार हमें 'देशद्रोही', 'जाहिल' और 'मानसिक रोगी' कह रही है।
(विडंबना देखिए कि अनपढ़ नेता उच्चतम कटऑफ वालो को जाहिल बोल रहा है!)