मुझसे बेहतर किसी अन्य के पास नहीं हो सकती
मुझे नष्ट करने की योजना
शत्रुता से नष्ट नहीं किया जा सकता मुझे
मिटाना चाहते हो मुझे पूरी तरह
तो करो मुझसे प्रेम
-बाबुषा दी🌻
@Baabusha
हम प्याज़ की परतों जैसे थे
अपने ही झार से आँखें सुजाए बैठे
*
पृथ्वी सुंदर और रहने के योग्य है
जब तक कि एक तिनके बराबर भी
संभावना है प्रेम की ।
*
"उस शहर की
नदी का पानी
कभी नहीं उतरता
जहां किसी प्रेमी की
आंख बरसी हो.."
("उस लड़की का नाम ब्रह्मलता है"से)
~बाबुषा कोहली
@Baabusha
हम अब कुछ देर चुप रहें
और सुनें हम क्या नहीं कहते
आँखें भी बंद कर लें
और देखें हम क्या नहीं देखते
क्या हम कुछ देख और सुन सकेंगे!
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वि. कु. शुक्ल
सबसे मुश्क़िल दिन
यह जताने नहीं आते कि
हम ज़िन्दगी से पंजा लड़ा सकते हैं।
सबसे मुश्क़िल दिन
यह बताने आते हैं कि
हम ज़िन्दगी से हाथ मिला सकते हैं।
- बाबुषा कोहली @Baabusha