हापुड़ न्यायालय परिसर में पुलिस द्वारा अधिवक्ताओं के साथ की गई मारपीट और दुर्व्यवहार के साथ-साथ पुरूष पुलिसकर्मियों द्वारा महिला अधिवक्ताओं को पीटने की हम कड़े शब्दों में निंदा करते हैं। हापुड़ और आसपास के जनपदों गाजियाबाद, मोदीनगर के जो अधिवक्ता साथी घायल हुये हैं उन सभी के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रकृति से कामना करते हैं!
हम मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी से हापुड़ जनपद के उन सभी पुलिस अधिकारियों पर कड़ी कानूनी कार्यवाही की माँग करते है जो इस घटना में शामिल रहें।
कल घात लगाकर मेरे ऊपर किए गए जानलेवा हमले की निंदा करने और मेरे प्रति संवेदन��� प्रकट करने वाले मित्रों, नेताओं व शुभचिंतकों का दिल से आभार प्रकट करता हूं।
कल की तरह की घटना आज भले हीं मेरे साथ घटी है लेकिन आगे किसी भी समय ऐसी घटनाएं किसी भी दूसरी राजनीतिक पार्टियों के प्रमुखों और उनके समर्थकों के साथ घट सकती है। इसकी दो वजहें हैं। पहला ये कि उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था लगातार बद से बदतर होती जा रही है और दूसरा ये कि सरकार अपराधियों को जाति और धर्म के आधार पर प्रश्रय देकर उसे संरक्षण प्रदान कर रही है जिससे सरकार समर्थित अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। उनको आज न तो कानून का भय है और न हीं पुलिस का।
आज भारत के लोकतान्त्रिक मूल्य और बाबा साहेब का संविधान दोनों हीं खतरे में हैं। जब सरकार समर्थित बेखौफ घूमते अपराधी मेरे जैसे राजनेतों की आवाजों को खामोश करने के लिए हमले कर सकते हैं, खुलेआम कई राऊंड गोलियां चला सकते हैं तो इस प्रदेश की बहु- बेटियां, दलित, पिछड़े, आदिवासी और अल्पसंख्यकों के ऊपर कितना जुल्म और अत्याचार किया जा रहा है इसकी आप कल्पना भी नहीं कर सकते। सत्ता के नशे में लोग इतने पागल हो गए हैं कि ये अपने विरुद्ध उठने वाली आवाजों को मिटा देने पर तुले हैं। पहले ये लोग इसके लिए ED,CBI और इनकम टैक्स अधिकारियों का दुरुपयोग किया करते थे, फिर फेक पुलिस इनकाउंटर करवाने लगे और अब तो विपक्षी नेताओं को खत्म करने के लिए सरकार समर्थित अपराधी सीधे बंदूक-गोलियों से हमले करने लगे हैं।वो भूल रहे हैं कि भारतवर्ष का इ���िहास हमारे पूर्वजों की कुर्बानियों से भरा पड़ा है। वो भूल रहे हैं कि आज भी हमारा बहुजन समाज बिना डरें सीमाओं पर अपनी जान देकर इस देश की रक्षा में जुटा है। मैं भी उसी समाज का एक हिस्सा हूं। इसलिए आप चंद्रशेखर को गोली और बंदूकों से न तो झुका सकते हैं न डरा सकते हैं और न ही डिगा सकते हैं। मेरा 56 इंच का सीना असली है नकली नहीं।
मेरे ऊपर हुआ जानलेवा हमला सरकार की ��िफलता है क्योंकि प्रदेश के जनता की सुरक्षा सरकार की जिम्मेदारी होती है और मैं भी प्रदेश का एक जिम्मेदार नागरिक हूं। बीजेपी राज्य में बेखौफ अपराधियों को संरक्षण देने की नैतिक जिम्मेदारी स्वीकारते हुए मुख्यमंत्री जी को तत्काल प्रभाव से त्यागपत्र दे देना चाहिए।
भाजपा सरकार के इशारे पर दिल्ली पुलिस ने आंदोलन के टेंट को उखाड़ दिया और पहलवानों के सामान को बाहर फेंक दिया हैं। महिला पहलवानों को न्य��य दिलाने के लिये चल रहा संघर्ष जंतर मंतर पर ही चलेगा जहाँ चल रहा था। सरकार किसी भी गलतफहमी में ना रहें।
#पहलवानों_के_सम्मान_में_दिल्ली_चलो
जिन चैंपियन बेटियों ने अपने दांव पेंच से विरोधियों के छक्के छुड़ा दिए, उन जाँबाज़ बेटियों की आबरू से खेल���े की कोशिश करने वाले अपराधियों को सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिये। यहीं समय है उठिये और अन्याय के ख़िलाफ़ आवाज़ उठा रही बेटियों की आवाज़ बनिए।
#IStandWithMyChampions
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत जी आपके केबिनेट मंत्री महेश जोशी की गुंडागर्दी से परेशान होकर रामप्रसाद मीणा जी ने आत्महत्या कर ली।
उनकी माताजी, बेट��� के आंसू, भाई का विलाप एवं सरकार से न्याय की आस मे इंतजार करती मृतक रामप्रसाद की लाश देखकर भी आपका जमीर नही जग रहा है। #शर्मनाक
पाखंडी बाबाओं के पंडाल हमारा बहुजन समाज भरता हैं। हमारी भीख पर पलने वाले लोग हमारे यहाँ शादी-ब्याह में तय करने आ गए कि गाना कौन सा बजेगा? हमारे लोगों को तमंचा दिखाया जा रहा है? इस गुंडे की हिम्मत कैसे हुई हमारे लोगों को गाली देने की? MP पुलिस इस गुंडे को तत्काल गिरफ़्तार करे।
भाजपा के इस षड्यंत्र को हम अच्छी तरह समझते है।
जब EWS आरक्षण देने के लिए न किसी आयोग की जरूरत हुई और न किसी सर्वेक्षण की।
तो OBC को आरक्षण देने के लिये फिर ट्रिपल टेस्ट क्यों?
OBC की संख्या के हिसाब से राजनीतिक भागीदारी और प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए।
जिस लड़ाई की मैं शुरुआत कर रहा हूं वह सौ साल लंबी होगी, इसमें आने वाली पहली पीढ़ी मारी जायेगी, दूसरी पीढ़ी जेल जायेगी तथा तीसरी पीढ़ी राज करेगी - अमर ��हीद बाबू जगदेव प्रसाद कुशवाहा।
गौमाता के नाम पर राजनीति करने वाले कहाँ है। गाय को माता यानी माँ कहने वाले कहाँ ? लखनऊ ज़िले के काकोरी क्षेत्र गौशाला में गायों की इतनी दुर्दशा खराब क्यों है? @myogioffice@myogiadityanath
अर्जक संघ के संस्थापक एवं मानवतावादी वैचारिकी के मजबूत स्तंभ, राजनीति के कबीर कहे जाने वाले महामना रामस्वरूप वर्मा जी की जयंती पर उन्हें कोटि-कोटि नमन। #जयअर्जक_जयभीम
आज मैंने इन्द्र कुमार के परिवार से फोन के माध्यम से बात की और विश्वास दिलाया कि हम उन्हें न्याय दिलाकर रहेंगे। धारा 144 के बावजूद आरोपी के पक्ष में हो रही पंचायतों द्वारा प्रशासन पर दवाब बनाया जा रहा है, परिवार डरा हुआ है। हमारी माँग है कि इस मामले की जांच CBI द्वारा कराई जाए।