@GovindDotasra साहब हर जगह राजनीति ढूंढना अच्छी बात नहीं है। कम से कम संस्कार अच्छे जा रहे हैं।साहब हर जगह राजनीति ढूंढना अच्छी बात नहीं है। कम से कम संस्कार अच्छे जा रहे हैं।
मौजूदा शासन प्रणाली की बुराई का सबसे भीषण रूप उन्होंने (वीर सावरकर) बहुत पहले, मुझे से काफी पहले, देख लिया था। आज भारत को, अपने देश को, दिलोजान से प्यार करने के अपराध में कालापानी भोग रहे हैं।- महात्मा गाँधी.
#वीर_सावरकर
पञ्च परिवर्तन से समाज परिवर्तन।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, जयपुर प्रांत के स्वयंसेवक 15 नवंबर से 30 नवंबर 2025 तक प्रत्येक घर जाकर पञ्च परिवर्तन व संघ संबंधी जिज्ञासाओं के बारे में चर्चा करेंगे।
#rssorg#संघमय_समाज#व्यापक_गृह_सम्पर्क_अभियान#rss100years
विजयादशमी के पावन अवसर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना के गौरवशाली 100 वर्ष पूर्ण हो रहे हैं। देशभर में इसके लाखों स्वयंसेवक पिछली एक सदी से ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना के साथ मां भारती की सेवा में समर्पित रहे हैं। कल 1 अक्टूबर को सुबह करीब 10.30 बजे नई दिल्ली में आरएसएस शताब्दी समारोह में शामिल होने का सौभाग्य मिलेगा। यहां एक विशेष डाक टिकट और स्मृति सिक्का भी जारी किया जाएगा।
@RSSorg
https://t.co/Uz1dLHC6Ii
वैश्विक सन्दर्भ और चेतावनी
- प्रथम और द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद भी तीसरे विश्वयुद्ध जैसी स्थिति आज दिखाई देती है।
- अंतरराष्ट्रीय संस्थाएँ (League of Nations, UN) स्थायी शांति स्थापित नहीं कर पाईं।
- समाधान केवल धर्म-संतुलन और भारतीय दृष्टि से संभव है। #SanghYatra
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित व्याख्यानमाला -
‘100 वर्ष की संघ यात्रा - नए क्षितिज’
वक्ता : डा. मोहन भागवत जी
पूजनीय सरसंघचालक, रा. स्व. संघ
26-27-28 अगस्त, 2025
विज्ञान भवन, दिल्ली
सायं : 5:30 बजे
लाईव : @RSSorg
Facebook & YouTube : RSSOrg
एक तरफ मृत्यु प्रतिक्षा कर रही थी, इन मॉं भारती के विरले लाल को ले जाने तो दूसरी तरफ भाईसाहब से मुखारबिंद से वो स्वर प्रस्फुटित हो रहे थे जो केवल भारत मॉं का लाल ही समझ सकता है। ऐसे ऐसे लाखों देशभक्त बैठे हैं संघ में,जिन्होंने अपनी देह के कण-कण को राष्ट्र के लिए समर्पित कर दिया।