61 वर्षीय श्री हरीश मेहता जी, जो पिछले 25 वर्ष से हनुमान जी का रोल कर रहे थे, उन्होंने कल प्राण-प्रतिष्ठा के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम में राम जी के चरणों में अपने प्राण त्याग दिये।
वे भिवानी (हरियाणा) के निवासी थे। प्रभु दिवंगत आत्मा को अपने चरणों में स्थान दे। ॐ शान्ति
श्रीराम का यह भव्य और दिव्य मंदिर केवल पत्थरों का ढाँचा नही बल्कि भारत के पुनर्जागरण का आरंभ है। राम भारत की आत्मा हैं। आइये 22 जनवरी की शुभ घड़ी को नव भारत के अमृत काल का प्रादुर्भाव मानकर श्री राम के आदर्शों को पुनः स्थापित करें।