Zee5 is charging unreasonable price for FIFA WC 2026, I mean I am not willing to pay 799 for an OTT app which I never even used before for any purpose whatsover!
This is just straight exploitation, they know FIFA WC lovers will buy their subscription, so charging such huge amount with a very poor interface & all.
Ambani Jee why did you let it happen, Jio Hotstar was so good last FIFA WC & we loved it there for free of cost. We don't want it for free but atleast charge something reasonable like other OTT apps.
Hotstar has so much to offer & still they charge minimal premium & here Zee charging 799 for 3 months when we don't even know, if we would want to explore that all later or not!
कोचिंग माफिया वाले मास्टर और 'सर' लोगों को नैतिकता के दंभ नहीं भरने चाहिए। चाहे ख़ान हो या अभिनय, इनके वीडियो में ज्ञान कम और परफॉरमेंस अधिक होता है। मैथ्स पढ़ाने वाले जब कोविड वैक्सीन के कारण लोगों को हार्ट अटैक होने की बकवास करते हैं और स्मार्ट बोर्ड के सामने नाचने लगते हैं, तो वो टीचिंग नहीं होती।
ख़ान, ओझा, स्कोडा, लहसुन सब के सब को देखा हुआ है, सबका मॉडल पता है। ये लोग बच्चों के पक्ष में नहीं होते, ये केवल उस पक्ष में खड़े हो कर अपना पक्ष प्रबल कर रहे होते हैं। ख़ान ने कहा था कि ये मीडिया वाले पुतिन का इंटरव्यू करेंगे? उसका इंटरव्यू किसी BPSC या UPSC की तैयारी करने वाले को करना चाहिए!
कितनी बकचोदी वाली बात है ये! UPSC या BPSC वाले (अधिकांशतः) केवल रट्टू तोते होते हैं और वो जब सेलेक्ट हो कर जाते हैं तो कहते हैं कि परीक्षा तो ऑफलाइन होती है, कोई हैक कैसे कर लेगा वेबसाइट!
UPSC में जाने वाले भारत के टॉप ब्रेन नहीं होते, वो घूसखोरी के सबसे बड़े प्रतिमान होते हैं। उनमें से कुछ अपवाद हैं जो देश को किसी तरह चला रहे हैं, इसलिए उन्हें जो भी उदाहरण बना रहा है, उसे ना देश की समझ है, ना प्रतिभा की।
कोचिंग माफिया एक माफिया है, जो बच्चों की असफलता पर थ्राइव करते हैं। असफलता का भार कभी कोचिंग पर नहीं होता, वह सदैव ही तंत्र पर होता है। मैंने दिव्यकीर्ति की बकवास भी सुनी हुई है और मुखर्जीनगर में 16 वर्ष रह कर यह जानता हूँ कि कोचिंग वालों को स्वयं ना भाषा का ज्ञान है, ना विषय का। तंत्र भी बेकार है, पर तुम दूध के धुले नहीं हो।
परंतु हाँ, इसमें भी कई अपवाद होंगे जैसे कि मीडिया में भी कई अपवाद हैं जो अच्छे हैं। पर हाँ, यदि मीडिया बिकी हुई है (जो कि वास्तव में है), तब भी बच्चों के नाम पर नैतिकता की बात करने वाले ये अधिकांश यूट्यूब टीचर स्वयं अनैतिक हैं।
See the folded hands of Vaibhav.
Bihar is probably only state , where these things are still taught and practiced to respect and value the elders and the greats.
Giving bowling to Bawa, not using Raghu as spinner because nothing for spinners here and had the option to bring Shardul here who should have done well.
Disband the whole clown management please!!
आपका नाम प्रशांत किशोर है।
आपको राजनीति का चाणक्य सिर्फ इसलिए नहीं कहा जाता कि आप रणनीति बनाते हैं, बल्कि इसलिए कहा जाता है क्योंकि आपने जमीन पर चुनाव जिताकर दिखाए हैं।
आपने नेताओं को मुख्यमंत्री बनाया।
पार्टियों को सत्ता तक पहुंचाया।
हारी हुई लड़ाइयों को जीत में बदला।
लेकिन जब बात बिहार की आई, तो आपने किसी नेता की नहीं, बिहारियों की लड़ाई लड़ने का फैसला किया।
आपने जन सुराज बनाया .... ताकि बिहार का बच्चा पढ़ाई के लिए बाहर न भागे, युवा नौकरी के लिए दूसरे राज्यों में अपमान न सहे, गरीब इलाज के लिए दर-दर न भटके और बिहार जाति-धर्म के चक्कर से निकलकर शिक्षा, रोजगार और स्वास्थ्य पर वोट करे।
आपने गांव-गांव पैदल चलकर लोगों से बात की।
बिहार के दर्द को मुद्दा बनाया।
माइग्रेशन , बेरोजगारी , स्कूल, अस्पताल और सिस्टम की नाकामी पर खुलकर बोला।
लेकिन बिहार की राजनीति का कड़वा सच यही है कि ....
यहां विकास की बात करने वाला अक्सर अकेला पड़ जाता है , और जाति, पैसा, बाहुबल और पुराने समीकरण फिर हावी हो जाते हैं।
जिस आदमी ने बिहार को विकल्प देने की कोशिश की, जनता ने उसे एक भी सीट नहीं दी।
फिर वही पुराने चेहरे।
वही जातीय गणित।
वही खोखले वादे।
वही बदहाल स्कूल।
वही टूटी व्यवस्था।
वही पलायन।
प्रशांत किशोर हार गए या बिहार ने खुद अपना मौका खो दिया ... यह सवाल इतिहास पूछेगा।
क्योंकि कभी-कभी जनता नेता को नहीं हराती ,
अपने ही भविष्य को हरा देती है।
A 106 sec long video against Suvendu Adhikari right after taking the oath but not even a single 30 second video against Mamata Banerjee till date
This tells you a lot about how biased this ISI agent is yet people still have audacity to call him neutral 😭