@DrMohanYadav51@MP_MyGov डॉ मोहन यादव जी आप महिलाओं को भिखारी ना समझे वह अपने रक्षाबंधन की व्यवस्था खुद कर लेगी उनका रोजगार की जरूरत है रोजगार दीजिए यह जो शानो शौकत से हमारे मध्य प्रदेश के जनता ना खुश है अधूरी भरतीय! पूर्ण करो हाथ जोड़कर विनती है गरीब मां ��ेटियां आपको दुआ देगी
@pcsharmainc कृपया करके हमार��� नियुक्ति पत्र प्रदान किए जाय। हमलोगो का जिला चयन एक साल पहले हो चुका है।हम लोग एक साल से आर्थिक और मानसिक रूप से बहुत परेशान है।
प्राथमिक शिक्षक भर्ती 2020 के उत्तीर्ण अभ्यर्थी है 2 साल से नियुक्ति के लिए भटक रहे है भोपाल से लेकर दिल्ली जंतर मंतर तक गए लेकिन अभी तक हमारे नियुक्ति आदेश जारी नहीं किए गए।
उनकी प्रमुख मांगे –
1.बिना किसी आदेश के रोके गए 882 ओबीसी अभ्याथियों के नियुक्ति आदेश जारी की जाए।
2.जिला चॉइस फिलिंग एवं डॉक्यूमेंटस वेरिफिकेशन करवा चुके अभ्यार्थियों के नियुक्ति पत्र जारी किए जाए।
3.मा. हाई कोर्ट के आदेश का पालन करते हुए प्रयोगशाला के 1696 एवं 525 पदों पर प्रक्रिया की जाए।
#अतिथिशिक्षक
#अतिथि_शिक्षक
#मध्यप्रदेश_सौ_फीसदी_वेतन_दो
@CMMadhyaPradesh@DrMohanYadav51 सर जी हम प्राथमिक शिक्षक वर्ग 3 के सभी लोगो का जिला चयन भी हो चुका है।पर अभी तक नियुक्ति लेटर नही मिले है।कृपया हमारी समस्या का समाधान कराने का कष्ट करे।
@JaikyYadav16 जज सहिबा का बेहद सटीक जवाब.... आजकल कुछ लड़कियां अपना घर बर्बाद क�� ऐसे ही कोर्ट में बकवास करती है...पता है कानून हमारे लिए ��नाया गया है...महिला कानून का पूरा बेजा इस्तेमाल हो रहा है
मैंने आज कोर्ट की सुनवाई का एक वीडियो देखा वह कहां का ��ै यह मुझे नहीं पता लेकिन उसमें जो हुआ वह बताता हूं।
किसी महिला का तलाक हुआ होगा तो उसने अपने पति से 6,16,300 रुपए प्रति महीना मेंटिनेंस मांगा,
यह बात जब महिला जज के सामने उस महिला के वकील ने रखी तो महिला जज ने कहा ��ि
6 लाख 16 हज़ार रुपए भला कौन महिला महीने पर खर्च करती है ? क्या आप यह नियमों का गलत फायदा नहीं उठा रहे हो?
तो महिला के वकील ने कहा कि
उनकी क्लाइंट यानि डाइवोर्स वाली महिला सभी ब्रांडेड व्लोथ्स और महंगे रेस्टोरेंट्स जैसी चीज़ों का प्रयोग करती हैं
तो इसपर जज साहिबा ने बेहद ही बेहतरीन जवाब दिया, उन्होंने कहा कि
यदि वह इतना ही ब्रांडेड सब कुछ करती हैं तो फिर खुद कमाएं न 🔥
पुरुषों को गलत तरीक�� से एक्सप्लाइंट करने वालों के लिए जज साहिबा ने अच्छा जवाब दिया।
इन ��िनों चिराग पासवान भी काफ़ी मैच्योर राजनीति कर रहे हैं, चिराग पासवान से BJP के साथ रह रहे अन्य दलों को सीखना चाहिए।
चिराग पासवान सरकार की जी हजूरी नहीं करते हैं
जब सरकार ने लेटरल एंट्री से UPSC में पद निकाले तो चिराग पासवान ने NDA में रहते हुए भी तुरंत विरोध किया, यही नहीं
जब SC ST आरक्षण में वर्गीकरण की बात चली तो तमाम दल ख़ामोश थे मगर
चिराग पासवान ने तुंरत ही उस निर्णय का भी विरोध किया।
चिराग पासवान राजनीति के दंगल में अभी बेहतरीन खेल रहे हैं।