🚨 BIG BREAKING
CJP supporters accuse Abhijeet Dipke of trying to SILENCE them.
They allege he REMOVED them from WhatsApp groups and is FAVOURING his OWN PEOPLE over VOLUNTEERS.
=> Lecturing the nation on DEMOCRACY while running their own group like a DICTATORSHIP 🙏
सूरत के उत्राण रेलवे स्टेशन पर एक महिला तत्काल टिकट के लिए लाइन में खड़ी थी। स्टाफ ने टिकट नहीं दिया। जब उसने शिकायत बुक मांगी तो स्टेशन मास्टर मनोज ने मना कर दिया।
महिला ने सबूत के लिए वीडियो बनाना शुरू किया तो स्टेशन मास्टर भड़क गए। फोन छीन लिया, ओर दो-तीन थप्पड़ मारे, गालियाँ दीं और धमकाया – पुलिस बुलाकर जेल भिजवा दूँगा।
बाद में जब RPF और रेलवे में शिकायत की महिला ने तो स्टेशन मास्टर का बचाव करते हुए एक हफ्ते का समय मांग लिया गया।
एक महिला यात्री अपनी शिकायत दर्ज कराने गई और बदले में मारपीट और धमकी मिली। तो उसके मन में व्यवस्था को लेकर क्या भरोसा बचेगा?
क्या फायदा है सरकारी अस्पताल का? इससे तो अच्छा प्राइवेट अस्पताल हैं पैसा लेते हैं तो कम से कम साफ सुथरा इस्ट्रेक्चर देते तो हैं?
यह हाल KGMU का है इस्ट्रेक्चर खाली रखे हुए हैं लेकिन देंगे नहीं?
पैसे दो तब स्ट्रेक्चर ले जाओ, और स्ट्रेक्चर भी इतने गंदे हैं कि मरीज बदबू से ही मर जाए?
सबसे बड़ी बात इनको वीडियो बनाने का भी डर नहीं लगता है?
पूरा देश लूट मारकर ऐसे हरामखोरो ने बर्बाद कर दिया है।
SETBACK TO CJP AND ITS ECOSYSTEM
F.I.R.s WILL HAVE TO BE FILED.
SUPREME COURT: Probe is required to ascertain attacks on 250 policemen, whether it was by students or some miscreants.