आपके द्वारा किया गये प्रयास को बहुत बहुत धन्यवाद और आभार |
लेकिन एक शिकायत ट्वीटर से ही दर्ज करवा देता हू
शिक्षा विभाग के पत्रांक 1378 तारीख 17/12/2021 के अनुसार शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक वेतन सिर्फ 16000 की नियुक्ति वैसे मध्य विद्यालय में करना है जो उत्क्रमित हो कर उच्च माध्यमिक विद्यालय हो गया है
और शारीरिक शिक्षा और स्वास्थ्य अनुदेशक को 6-12 तक के बच्चों को अच्छादित करना है
लेकिन वेतन सिर्फ 16000 है। जबकी शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक भी कक्षा 9-10 में BPSC नियुक्त शारीरिक शिक्षक के समान योग्यता रखते हैं
क्या सरकार समयोजित कर कक्षा 9-10 के शारीरिक शिक्षक के समान वेतन नहीं दे सकती है
माननीय मुख्यमंत्री जी कैसे गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलेगी
उसी राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर जी के जिला सहित बिहार के सभी 38 जिले के स्कूलों में करोडो का खेल सामग्री की खरीद तो हो गई है
लेकिन ज्यादातार स्कूल में शारीरिक शिक्षक नहीं है
2500 स्कूल में शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक है भी तो वो सिर्फ चेतना सत्र करवा कर घर चले जाते हैं
जब आप विपक्ष में थे आपने बहुतों बार शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक की मांग को उठाया था लेकिन आज आप स्वयं मुख्यमंत्री हैं
@RajeshKumar_01 Sirf midia bandu agr emandari se sath de de to hmlog ka hak mil jaay.... Insaf mil jay ,nyay mil jay .. 🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏 thanks for your support ♥️👍
@mkrtiwari_bjp माननीय महोदय, सादर प्रणाम हम शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक।
कम मानदेय और भविष्य की अनिश्रितता के कारण जीना अत्यंत कठिन हो गया है। आपसे करबद्ध प्रार्थना है कि हम पर स्नेह, आशीर्वाद और दया की कृपा करें। हमें पूर्णकालिक कर सम्मानजनक जीवन दें । हमें आप पर पूर्ण विश्वास है।
माननीय शिक्षा मंत्री @mkrtiwari_bjp जी बिहार के शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक वेतन केवल 16000 वाले आपके आदेश के इंतज़ार में है
आपने वचन दिया था जुलाई के महीना में आपलोगो को अधिकारी के साथ बैठायेंगे चाय पिलाएंगे, समस्या का समाधान करेंगे
महामहिम राष्ट्रपति महोदया भी देर से मिली न्याय का महत्व बता चुकी है
माननीय शिक्षा मंत्री @mkrtiwari_bjp जी आपने कहा था
जाके पाँव न फटी बिवाई, वो क्या जाने पीर पराई!
200% सत्य है कि शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक वेतन केवल 16000 वाले का दर्द मैं आपको पता है
500 % ये भी सच है कि आप वेतनमान देंगे🙏
बिहार के शिक्षा मंत्री @mkrtiwari_bjp जी के रग रग में खेल भरा हुआ है
अब देखना है मंत्री जी कब तक बिहार के सरकारी स्कूल के बच्चों के रग-रग में खेल भावना भरने का आदेश देते है
मध्य प्रदेश जैसे राज्य में 01 जुलाई (नये सत्र) से हर क्लास के लिये अलग-अलग खेल घंटी अनिवार्य कर दिया गया है
जबकी बिहार में 2500 उत्क्रमित उच्च माध्यमिक विद्यालय (6-12) में नियुक्त शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक सैलरी सिर्फ 16000 वाले चेतना सत्र करवा कर घर चले जाते हैं
माननीय मुख्यमंत्री जी अगर बिहार के स्कूल में भी अगर छोटे-छोटे बच्चों को शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक द्वारा भी खेल का उचित प्रशिक्षण दी जाए तो बिहार के स्कूल से अलग-अलग खेल में बहुत सारे खिलाड़ी तैयार हैं
लेकिन अफ़सोस 26000 स्कूल में शारीरिक शिक्षक नियुक्त नहीं है
2500 उत्क्रमित माध्यमिक विद्यालय में शारीरिक शिक्षा और स्वास्थ्य अनुदेशक सैलरी सिर्फ 16000 में अंशकालिक नियुक्त है
160 करोड़ का खेल सामग्री की खरीद तो हो गई है लेकिन वो आलमीरा में शोभा बढा रही है
क्योकी शारीरिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशक सिर्फ चेतना सत्र करवा कर घर चले जाते हैं
अगर मुख्यमंत्री जी और शिक्षा मंत्री जी चाहेंगे नये सत्र में स्कूल के बच्चों को खेल का प्रशिक्षण मिल सकता है
🙏🙏🙏🙏